पंजाब पुलिस द्वारा गैंगस्टरों व अपराधियों के खिलाफ चलाए गए ऑपरेशन प्रहार 2.0 के संपन्न होने के बाद आज मुख्यमंत्री भगवंत मान कानून-व्यवस्था के मुद्दे को लेकर हाई-लेवल मीटिंग कर रहे हैं। बैठक में मुख्य सचिव और डीजीपी मौजूद हैं। इसके अलावा सभी पुलिस कमिश्नर, आईजी, डीआईजी और एसएसपी भी शामिल हैं।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर अधिकारियों से फीडबैक लिया। साथ ही ऑपरेशन का रिव्यू भी किया जा रहा है। अपराध से निपटने के लिए नई रणनीति तैयार की जाएगी। मुख्यमंत्री पहले ही साफ कर चुके हैं कि अपराध को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वहीं, कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर विपक्ष लगातार सरकार को घेर रहा है।
अधिकारियों के काम की समीक्षा की
अधिकारियों को कानून-व्यवस्था की स्थिति पर सख़्त निगरानी रखने के निर्देश जारी किए। साथ ही ‘युद्ध नशे के विरुद्ध’ और ‘गैंगस्टरों पर वार’ अभियान की भी समीक्षा की। पंजाब में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हमारी सरकार प्रतिबद्ध है।
सीएम भगवंत मान द्वारा मीटिंग को लेकर शेयर की गई जानकारी।
कानून व्यवस्था को लेकर हाईकोर्ट सख्त
जानकारी के मुताबिक यह बैठक इसलिए भी अहम मानी जा रही, क्योंकि इन दिनों पंजाब की कानून-व्यवस्था को लेकर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट भी सख्त रुख अपनाए हुए है। लगातार दो सुनवाईयों के दौरान हाईकोर्ट ने डीजीपी से सवाल-जवाब किए हैं। कोर्ट ने साफ कहा है कि 100-100 पन्नों के जवाब नहीं, बल्कि फील्ड में काम दिखना चाहिए। वहीं, अभी हाईकोर्ट में इसको लेकर सुनवाई है। जिसमें सरकार को जवाब दाखिल करना है।
सीएम ने मीटिंग के बाद अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट डालकर लिखा है कि आज चंडीगढ़ में राज्यभर के पुलिस कमिश्नरों, सभी जिलों के SSPs और पंजाब पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की। कानून-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई।



