पंजाब की राजनीति में चुनावी हलचल के बीच भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने संगठन को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। पार्टी ने राज्य में अनुसूचित जाति वर्ग को साधने के उद्देश्य से एससी विभाग की नई राज्य सलाहकार परिषद का गठन किया है।
इस नई कमेटी में गुरप्रीत सिंह लक्की पखोके को कन्वीनर बनाया गया है, जबकि कई वरिष्ठ नेताओं को सदस्य के तौर पर शामिल किया गया है। प्रमुख नामों में चरणजीत सिंह चन्नी, डॉ. अमर सिंह, शेर सिंह घुबाया, अरुणा चौधरी और बलविंदर सिंह धालीवाल शामिल हैं।
इसके अलावा सुखविंदर सिंह कोटली, विक्रमजीत सिंह चौधरी, अजीब सिंह भाटी, राज कुमार वेरका और साधु सिंह धर्मसोत को भी परिषद में जगह दी गई है। अन्य सदस्यों में तरसेम सिंह डीसी, कुलदीप सिंह वैद, सुखविंदर सिंह डैनी, पवन कुमार अडिया, गुमनी गोमर और चौधरी सुरिंदर सिंह के नाम शामिल हैं।
इस परिषद में चरणजीत सिंह चन्नी जैसे प्रमुख दलित चेहरे की मौजूदगी को राजनीतिक रूप से अहम माना जा रहा है। इससे साफ संकेत मिलता है कि कांग्रेस आगामी चुनावों से पहले अपने पारंपरिक वोट बैंक को मजबूत करने की रणनीति पर काम कर रही है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि यह नई टीम जमीनी स्तर पर कितना प्रभाव छोड़ पाती है और पार्टी को कितना फायदा दिला पाती है।




