“हिमाचल प्रदेश में पेंशन व्यवस्था में बदलाव: अब तय समय पर मिलेगा लाभ, हजारों नए लाभार्थी जुड़े”

“हिमाचल प्रदेश में पेंशन व्यवस्था में बदलाव: अब तय समय पर मिलेगा लाभ, हजारों नए लाभार्थी जुड़े”

हिमाचल प्रदेश सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन के वितरण को अधिक व्यवस्थित बनाने के लिए नियमों में अहम बदलाव किए हैं। नए प्रावधानों के अनुसार अब पात्र लाभार्थियों को हर तिमाही के अंतिम महीने के पहले सप्ताह में पेंशन जारी की जाएगी, जिससे भुगतान में देरी की समस्या कम होने की उम्मीद है।

राज्य में बीते तीन वर्षों के दौरान लगभग एक लाख नए मामलों को मंजूरी दी गई है, जिसके बाद कुल पेंशन लाभार्थियों की संख्या बढ़कर करीब 8.42 लाख तक पहुंच गई है। इनमें बुजुर्ग, विधवा महिलाएं, एकल महिलाएं और दिव्यांगजन प्रमुख रूप से शामिल हैं।

सरकार द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के तहत लाखों लोगों को आर्थिक सहायता दी जा रही है। इसमें वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांगता भत्ता जैसी योजनाएं शामिल हैं, जो समाज के कमजोर वर्गों को सहारा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने बताया कि वित्तीय वर्षों के दौरान लगातार नए लाभार्थियों को जोड़ा गया है, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंच सके। उन्होंने कहा कि पेंशन वितरण को समयबद्ध बनाने के लिए नियमों में संशोधन किया गया है।

सरकार ने महिलाओं के लिए भी विशेष कदम उठाए हैं। 69 वर्ष तक की लाखों महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये की पेंशन दी जा रही है। इसके अलावा, 100 प्रतिशत दिव्यांगता वाले लोगों के लिए पेंशन राशि बढ़ाकर 3000 रुपये प्रतिमाह कर दी गई है, जिससे हजारों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।

एक और महत्वपूर्ण बदलाव के तहत, विधवा, परित्यक्ता और एकल महिलाओं तथा आंशिक दिव्यांगता वाले व्यक्तियों के लिए आय सीमा और ग्राम सभा की अनिवार्यता को समाप्त कर दिया गया है, जिससे अब अधिक लोग इस योजना का लाभ आसानी से उठा सकेंगे।