यमुनानगर में शनिवार देर रात दीवाली को लेकर सजी दुकानों में आग लग गई। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक 10 से ज्यादा खोखे राख हो गए। इनमें दीवाली पर बेचने के लिए सामान रखा गया था प्रतापनगर में ये दुकानें सजाई गई थीं। आग का धुआं देख मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। उनकी सूचना पर डायल-112 की गाड़ी भी मौके पर पहुंची और फायर ब्रिगेड को बुलाया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग लगने के कारण का पता नहीं चल पाया है। लेकिन दुकानदारों का कहना है कि इस घटना में उन्हें लाखों का नुकसान हुआ है। रात दो बजे लगी आग स्थानीय निवासी महेंद्र सिंह ने बताया कि दिवाली के अवसर पर प्रतापनगर में अस्पताल के पास सामान बेचने के लिए कई खोखे बने हुए हैं। शनिवार रात को करीब दो बजे उसे सड़क पर से शोर सुनाई दिया, जिसके बाद बाहर आकर देखा तो आठ से 10 खोखों में भयंकर आग लगी हुई थी। आसपास के लोग अपने स्तर पर आग को बुझाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन आग पर काबू पाना मुश्किल था। सूचना मिलते ही मौके पर डायल-112 की टीम भी पहुंच चुकी थी, जिसने मौके से दमकल विभाग को कॉल की । कुछ ही देर में दमकल कर्मी भी वहां पहुंच गए। लाखों रुपए का हुआ नुकसान कर्मचारियों ने आधे से एक घंटे में आग पर काबू पाया, लेकिन इतने में दुकान में रखा सारा सामान जलकर राख हो चुका था। खोखा चलाने वाले भी मौके पर पहुंच चुके थे, जोकि अपनी आंखों के सामने अपना नुकसान होता देख रहे थे। इस आगजनी से लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। कहीं शरारतीतत्वों ने तो नहीं लगाई आग वहीं अभी आग लगने का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हुआ है। कई लोगों का कहना है कि यह किसी शरारती तत्व द्वारा किया गया है तो कुछ इसे शॉर्ट सर्किट के वजह से बता रहे हैं। प्रतापनगर थाना प्रभारी नरसिंह ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है वे जांच कर रहे हैं। फिलहाल कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। यमुनानगर में शनिवार देर रात दीवाली को लेकर सजी दुकानों में आग लग गई। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक 10 से ज्यादा खोखे राख हो गए। इनमें दीवाली पर बेचने के लिए सामान रखा गया था प्रतापनगर में ये दुकानें सजाई गई थीं। आग का धुआं देख मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। उनकी सूचना पर डायल-112 की गाड़ी भी मौके पर पहुंची और फायर ब्रिगेड को बुलाया गया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग लगने के कारण का पता नहीं चल पाया है। लेकिन दुकानदारों का कहना है कि इस घटना में उन्हें लाखों का नुकसान हुआ है। रात दो बजे लगी आग स्थानीय निवासी महेंद्र सिंह ने बताया कि दिवाली के अवसर पर प्रतापनगर में अस्पताल के पास सामान बेचने के लिए कई खोखे बने हुए हैं। शनिवार रात को करीब दो बजे उसे सड़क पर से शोर सुनाई दिया, जिसके बाद बाहर आकर देखा तो आठ से 10 खोखों में भयंकर आग लगी हुई थी। आसपास के लोग अपने स्तर पर आग को बुझाने का प्रयास कर रहे थे, लेकिन आग पर काबू पाना मुश्किल था। सूचना मिलते ही मौके पर डायल-112 की टीम भी पहुंच चुकी थी, जिसने मौके से दमकल विभाग को कॉल की । कुछ ही देर में दमकल कर्मी भी वहां पहुंच गए। लाखों रुपए का हुआ नुकसान कर्मचारियों ने आधे से एक घंटे में आग पर काबू पाया, लेकिन इतने में दुकान में रखा सारा सामान जलकर राख हो चुका था। खोखा चलाने वाले भी मौके पर पहुंच चुके थे, जोकि अपनी आंखों के सामने अपना नुकसान होता देख रहे थे। इस आगजनी से लाखों रुपए का नुकसान हुआ है। कहीं शरारतीतत्वों ने तो नहीं लगाई आग वहीं अभी आग लगने का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हुआ है। कई लोगों का कहना है कि यह किसी शरारती तत्व द्वारा किया गया है तो कुछ इसे शॉर्ट सर्किट के वजह से बता रहे हैं। प्रतापनगर थाना प्रभारी नरसिंह ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है वे जांच कर रहे हैं। फिलहाल कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। हरियाणा | दैनिक भास्कर
Related Posts

‘इनके नेताओं को बजट समझने के लिए काउंसलिंग की जरूरत’, CM नायब सिंह सैनी ने कांग्रेस को घेरा
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए केंद्रीय बजट की सराहना की.…
भिवानी में एक्सीडेंट में चरखी दादरी के युवक की मौत:ट्रैक्टर की चपेट में आया, ब्रेक साफ कर रहा था, काम करके लौटा
भिवानी में एक्सीडेंट में चरखी दादरी के युवक की मौत:ट्रैक्टर की चपेट में आया, ब्रेक साफ कर रहा था, काम करके लौटा चरखी दादरी के गांव बौंद कलां निवासी युवक का भिवानी के लोहारू रोड़ स्थित देवसर मोड़ के नजदीक एक्सीडेंट हो गया। इस दौरान युवक ट्रैक्टर की चपेट में आ गया, जिस कारण उसकी मौत हो गई। वहीं, मामले की सूचना मिलते ही जुई कलां थाना पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई। मृतक के भाई के बयान पर इत्तफाकिया कार्रवाई की गई है। मृतक की पहचान चरखी दादरी जिले के गांव बौंद कलां निवासी करीब 27 वर्षीय अमित उर्फ सीटू के रूप में हुई है। मृतक के ताऊ गांव बौंद कलां निवासी रामनिवास ने बताया कि उसके छोटे भाई सतबीर के 3 बच्चे (2 बेटे व एक बेटी) हैं। जिनमें से अमित कुमार सबसे छोटा था और मजदूरी करता था। अमित फिलहाल अविवाहित था। वह शनिवार को भिवानी के गांव देवसर की तरफ मजदूरी करने के लिए गया हुआ था। इसी दौरान उसका एक्सीडेंट हो गया और मौत हो गई। ट्रैक्टर की चपेट में आया अमित
जुई कलां थाना पुलिस को दिए बयान में महेश ने बताया कि उसका भाई अमित मजदूरी के लिए गांव देवसर की तरफ आया हुआ था। इसी दौरान ट्रैक्टर स्टार्ट खड़ा था। इसी दौरान ट्रैक्टर के दोनों ब्रेक के बीच की पत्ती हटाने लगा और इसी दौरान क्लच छूट गई। जिसके कारण अमित गिर गया और ट्रैक्टर की चपेट में आ गया। इसके बाद घायल को उपचार के लिए जिला अस्पताल में लाया गया। जहां पर चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया और इसकी सूचना पुलिस को दे दी। इत्तफाकिया कार्रवाई की गई
जुई कलां थाना के जांच अधिकारी एएसआई कुलदीप सिंह ने बताया कि उन्हें एक्सीडेंट की सूचना मिली थी। अस्पताल में पहुंचकर मृतक अमित के भाई महेश के बयान दर्ज किया है। जिसमें बताया कि ब्रेक के बीच की पत्ती हटाते समय क्लच छूटने के कारण अमित नीचे गिर गया। वहीं ट्रैक्टर की चपेट में आ गया। जिसके कारण उसकी मौत हो गई। बयानों के आधार पर इत्तफाकिया कार्रवाई की गई है।

सस्ते में भरपेट भोजन: Haryana में 15 अगस्त तक खुलेंगी 200 अटल कैंटीन।
हरियाणा। अटल कैंटीन में खाना ₹10 का मिलता है। इन कैंटीन का संचालन सेल्फ हेल्फ ग्रुप और मार्केट कमेटी की…
