भारतीय जनता पार्टी की पंजाब इकाई के महासचिव अनिल सरीन ने राज्यसभा सांसदों के आवास के बाहर हुए विरोध प्रदर्शन की तीखी आलोचना की है। उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन के दौरान अनुशासनहीनता और तोड़फोड़ की घटनाओं को अंजाम दिया।
यह विरोध राजिंदर गुप्ता और हरभजन सिंह के आवास के बाहर किया गया, जिस पर प्रतिक्रिया देते हुए सरीन ने इसे राजनीतिक हताशा का परिणाम बताया। उनका कहना है कि पार्टी को दूसरों पर आरोप लगाने के बजाय आत्ममंथन करना चाहिए, क्योंकि बड़ी संख्या में उसके नेता और कार्यकर्ता संगठन छोड़ रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि जनप्रतिनिधियों के घरों के बाहर विरोध के नाम पर तोड़फोड़ करना और पुतले जलाना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है और इससे राजनीतिक संस्कृति पर नकारात्मक असर पड़ता है।
भाजपा नेता ने प्रशासन से मांग की है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए इस तरह की घटनाओं में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।




