‘सेल्फी विद डॉटर’ से लेकर ‘गाली बंद घर’ तक, मनोहर लाल ने सराहा सुनील जागलान का मिशन

‘सेल्फी विद डॉटर’ से लेकर ‘गाली बंद घर’ तक, मनोहर लाल ने सराहा सुनील जागलान का मिशन

हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्र सरकार में कैबिनेट मंत्री मनोहर लाल ने मंगलवार को जींद जिले के बीबीपुर गांव पहुंचकर सामाजिक कार्यकर्ता सुनील जागलान से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने “सेल्फी विद डॉटर” और “गाली बंद घर” जैसे अभियानों की खुलकर सराहना करते हुए इन्हें सामाजिक परिवर्तन की मजबूत पहल बताया।

मनोहर लाल ने कहा कि “सेल्फी विद डॉटर” केवल एक अभियान नहीं, बल्कि बेटियों के सम्मान और महिला सशक्तिकरण की सोच को जन-जन तक पहुंचाने वाला आंदोलन बन चुका है। उन्होंने कहा कि इस पहल ने “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” अभियान को देशभर में नई ऊर्जा दी और समाज में बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच को मजबूत किया।

उन्होंने यह भी कहा कि आज के दौर में सामाजिक बदलाव केवल सरकारी योजनाओं से संभव नहीं है, बल्कि समाज के भीतर से उठने वाली ऐसी मुहिमों की बड़ी भूमिका होती है। उन्होंने युवाओं से भी सामाजिक अभियानों में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की।

मुलाकात के दौरान “गाली बंद घर” अभियान पर भी विस्तार से चर्चा हुई। मनोहर लाल ने कहा कि घर और समाज में भाषा का स्तर सुधारना बेहद जरूरी है, क्योंकि बच्चों पर परिवार के व्यवहार और शब्दों का सीधा असर पड़ता है। उन्होंने विभिन्न राज्यों में अपशब्दों के उपयोग को लेकर किए गए सर्वेक्षण को जागरूकता फैलाने वाला प्रयास बताया।

वहीं, सुनील जागलान ने कहा कि मनोहर लाल हमेशा सामाजिक विषयों को गंभीरता से लेते रहे हैं और समय-समय पर उनका मार्गदर्शन मिलता रहा है। उन्होंने बताया कि अब अभियान को डिजिटल और एआई तकनीक से जोड़कर नए स्तर पर ले जाने की तैयारी की जा रही है, ताकि युवा पीढ़ी तक संदेश और प्रभावी तरीके से पहुंच सके।

इस दौरान मनोहर लाल ने जागलान की बेटियों नंदिनी और याचिका से भी मुलाकात की। उन्होंने दोनों बच्चियों की सामाजिक गतिविधियों में रुचि की सराहना करते हुए कहा कि नई पीढ़ी को समाज सुधार की जिम्मेदारी अपने हाथों में लेनी चाहिए। उन्होंने बच्चियों को भविष्य में नए सामाजिक अभियानों की शुरुआत करने के लिए प्रेरित किया।

गौरतलब है कि सुनील जागलान पिछले कई वर्षों से महिला सशक्तिकरण, सामाजिक जागरूकता, ग्रामीण सुधार और पारिवारिक मूल्यों से जुड़े अभियानों पर काम कर रहे हैं। “सेल्फी विद डॉटर” अभियान को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिल चुकी है और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भी कई मंचों पर इसकी प्रशंसा कर चुके हैं। सामाजिक क्षेत्र में उनके योगदान को देश-विदेश में सराहा गया है।