HPU ने छात्रों को दी बड़ी राहत, प्रवेश परीक्षाओं के आवेदन की अंतिम तारीख फिर बढ़ाई

HPU ने छात्रों को दी बड़ी राहत, प्रवेश परीक्षाओं के आवेदन की अंतिम तारीख फिर बढ़ाई

उच्च शिक्षा प्राप्त करने की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए बड़ी राहत की खबर है। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने विभिन्न प्रवेश परीक्षा आधारित और मेरिट बेस्ड कोर्सों में दाखिले के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि एक बार फिर आगे बढ़ा दी है। विश्वविद्यालय प्रशासन के इस फैसले से उन हजारों विद्यार्थियों को फायदा मिलेगा, जो किसी कारणवश तय समय सीमा तक आवेदन नहीं कर पाए थे।

विश्वविद्यालय की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार अब छात्र 15 मई तक ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। यह फैसला छात्र संगठनों और अभ्यर्थियों की लगातार मिल रही मांगों के बाद लिया गया है। इससे पहले आवेदन की अंतिम तिथि 12 मई निर्धारित की गई थी।

एचपीयू के डीन ऑफ स्टडीज प्रो. बीके शिवराम की ओर से जारी अधिसूचना में बताया गया है कि प्रवेश परीक्षा आधारित विभिन्न स्नातक और स्नातकोत्तर कोर्सों के साथ-साथ मेरिट बेस्ड कोर्स जैसे एफवाईआईसीटीटीएम और बीएचएम के लिए भी आवेदन प्रक्रिया जारी रहेगी। विश्वविद्यालय प्रशासन ने कहा है कि अधिक से अधिक छात्रों को अवसर देने के उद्देश्य से यह फैसला लिया गया है।

जानकारी के अनुसार, कई विद्यार्थियों ने तकनीकी समस्याओं, दस्तावेजों की उपलब्धता और अन्य कारणों से आवेदन प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाने की बात विश्वविद्यालय प्रशासन के सामने रखी थी। छात्र संगठनों ने भी आवेदन तिथि बढ़ाने की मांग उठाई थी, जिसके बाद विश्वविद्यालय ने छात्रों के हित में यह निर्णय लिया।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सभी इच्छुक अभ्यर्थी निर्धारित समय सीमा के भीतर ऑनलाइन पोर्टल पर जाकर आवेदन प्रक्रिया पूरी करें। साथ ही छात्रों को जरूरी दस्तावेज सही तरीके से अपलोड करने और आवेदन शुल्क समय पर जमा करवाने की सलाह भी दी गई है, ताकि बाद में किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

एचपीयू की ओर से यह भी बताया गया है कि विभिन्न स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों की प्रवेश परीक्षाएं 1 जून से शुरू होंगी। इसके लिए परीक्षा केंद्रों और अन्य व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि परीक्षाओं को पारदर्शी और व्यवस्थित तरीके से आयोजित करने के लिए तैयारियां तेज कर दी गई हैं।

शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि आवेदन तिथि बढ़ाने से दूरदराज क्षेत्रों के छात्रों को विशेष राहत मिलेगी। कई विद्यार्थी ऐसे होते हैं जिन्हें इंटरनेट सुविधा या दस्तावेज तैयार करने में अतिरिक्त समय की आवश्यकता होती है। ऐसे में विश्वविद्यालय का यह फैसला छात्र हित में अहम माना जा रहा है।

उधर, छात्र संगठनों ने भी विश्वविद्यालय प्रशासन के इस निर्णय का स्वागत किया है। उनका कहना है कि इससे बड़ी संख्या में छात्रों को उच्च शिक्षा में प्रवेश पाने का अवसर मिलेगा और कोई भी विद्यार्थी केवल समय सीमा की वजह से आवेदन से वंचित नहीं रहेगा।