होर्मुज संकट के बीच चीन का टैंकर निकला बाहर, अमेरिका-ईरान बातचीत फिर अटकी

होर्मुज संकट के बीच चीन का टैंकर निकला बाहर, अमेरिका-ईरान बातचीत फिर अटकी

अमेरिका द्वारा लागू की गई सख्त सैन्य नाकाबंदी के बावजूद एक चीनी जहाज ‘रिच स्टार्री’ होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर फारस की खाड़ी से बाहर निकल गया। शिपिंग ट्रैकिंग डेटा के अनुसार, नाकाबंदी के बाद ऐसा करने वाला यह पहला टैंकर माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि इस जहाज में करीब ढाई लाख बैरल मेथनॉल भरा हुआ था, जिसे यूएई के हमरिया पोर्ट से लोड किया गया था। इस जहाज और इसकी मालिक कंपनी पहले से ही अमेरिकी प्रतिबंधों के दायरे में हैं, फिर भी इसका सुरक्षित बाहर निकलना कई सवाल खड़े कर रहा है।

उधर, अमेरिका और ईरान के बीच चल रही कूटनीतिक बातचीत में भी कोई ठोस नतीजा नहीं निकल पाया। एक रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान में हुई वार्ता के दौरान ईरान ने 5 साल तक यूरेनियम संवर्धन रोकने का प्रस्ताव रखा था। हालांकि अमेरिका इस अवधि को 20 साल तक बढ़ाने पर अड़ा रहा, जिसके चलते समझौता नहीं हो सका।

बताया जा रहा है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ईरान के प्रस्ताव को सिरे से खारिज कर दिया, जिसके बाद अमेरिका ने होर्मुज क्षेत्र में ईरानी बंदरगाहों की घेराबंदी और सख्त कर दी। अमेरिकी सेना ने साफ किया है कि ईरान से जुड़े जहाजों की आवाजाही पर कड़ी निगरानी और रोक जारी रहेगी, जबकि अन्य देशों के जहाजों को सीमित छूट दी जा सकती है।

रूस ने दिया नया प्रस्ताव
इस बीच रूस ने तनाव कम करने के लिए एक अहम पहल की है। क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव के अनुसार, रूस ईरान के संवर्धित यूरेनियम को अपने पास रखने के लिए तैयार है। हालांकि इस प्रस्ताव पर अब तक कोई निर्णायक प्रगति नहीं हो सकी है। रूस का मानना है कि इससे अमेरिका की चिंताओं को कम किया जा सकता है और भविष्य में परमाणु समझौते की राह खुल सकती है।

24 घंटे में सामने आए बड़े घटनाक्रम

  • ट्रम्प ने चेतावनी दी कि नाकाबंदी के पास आने वाले ईरानी जहाजों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
  • ईरान ने भारत के जहाजों को सुरक्षित मार्ग देने का भरोसा जताया, इस पर बातचीत जारी है।
  • पोप लियो ने ट्रम्प के साथ किसी भी तरह की राजनीतिक बहस से दूरी बनाई और शांति पर जोर दिया।
  • ईरान ने चेताया कि अगर उसके ठिकानों पर हमला हुआ तो खाड़ी क्षेत्र में कोई भी बंदरगाह सुरक्षित नहीं रहेगा।
  • पाकिस्तान ने उम्मीद जताई कि दोनों देशों के बीच बातचीत फिर शुरू हो सकती है और अगली बैठक में कोई हल निकल सकता है।

पूरे घटनाक्रम ने खाड़ी क्षेत्र में तनाव को और बढ़ा दिया है, जहां हर नए कदम पर वैश्विक नजरें टिकी हुई हैं।