हरियाणा में स्किल एजुकेशन को मिलेगा नया रूप, ITI संस्थानों को हाईटेक बनाने की तैयारी में हरियाणा सरकार

हरियाणा में स्किल एजुकेशन को मिलेगा नया रूप, ITI संस्थानों को हाईटेक बनाने की तैयारी में हरियाणा सरकार

हरियाणा सरकार ने युवाओं को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध करवाने और तकनीकी शिक्षा को उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप ढालने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राज्य की सभी आईटीआई, पॉलिटेक्निक और व्यावसायिक प्रशिक्षण संस्थानों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने के निर्देश दिए हैं। सरकार का उद्देश्य है कि प्रशिक्षण पूरा करते ही युवाओं को सीधे रोजगार के अवसर मिलें और उद्योगों को प्रशिक्षित व कुशल मानव संसाधन उपलब्ध हो सके।

हरियाणा विजन-2047 के तहत आयोजित समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों के साथ युवा सशक्तिकरण एवं उद्यमिता विभाग की आगामी पांच वर्षों की कार्ययोजना पर विस्तार से चर्चा की। इस दौरान उन्होंने कहा कि तकनीक तेजी से बदल रही है और ऐसे में प्रशिक्षण संस्थानों को भी समय के साथ अपडेट करना बेहद आवश्यक है। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी आईटीआई वर्कशॉप्स में आधुनिक मशीनें, डिजिटल उपकरण और नई तकनीकों से जुड़े संसाधन उपलब्ध करवाए जाएं ताकि विद्यार्थियों को उद्योगों में इस्तेमाल होने वाली वास्तविक तकनीक का अनुभव मिल सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कई संस्थानों में अभी भी पुरानी तकनीक और पारंपरिक पाठ्यक्रम के आधार पर प्रशिक्षण दिया जा रहा है, जिससे युवाओं को रोजगार पाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कोर्स स्ट्रक्चर को उद्योग जगत की मौजूदा मांग के अनुसार तैयार किया जाए और कंपनियों के साथ संस्थानों का तालमेल बढ़ाया जाए। इससे विद्यार्थियों को प्रशिक्षण के दौरान ही रोजगार और अप्रेंटिसशिप के अवसर प्राप्त हो सकेंगे।

बैठक में शिक्षकों के कौशल विकास पर भी विशेष जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि आईटीआई और पॉलिटेक्निक संस्थानों के प्रशिक्षकों को समय-समय पर इंडस्ट्री ट्रेनिंग दी जाए ताकि वे नई तकनीकों और आधुनिक मशीनों की जानकारी हासिल कर सकें। इसके अलावा उद्योग विशेषज्ञों को भी संस्थानों में आमंत्रित कर विद्यार्थियों को व्यावहारिक ज्ञान देने की योजना पर काम करने के निर्देश दिए गए।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने स्वरोजगार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि सरकार युवाओं के नए आइडियाज को प्रोत्साहित करेगी और उन्हें स्टार्टअप में बदलने के लिए आवश्यक सहायता उपलब्ध करवाई जाएगी। युवाओं को स्वरोजगार की दिशा में प्रेरित करने के लिए विशेष योजनाएं और प्रशिक्षण कार्यक्रम भी शुरू किए जाएंगे।

सरकार का मानना है कि तकनीकी शिक्षा और उद्योगों के बीच मजबूत तालमेल से हरियाणा रोजगार और विनिर्माण के क्षेत्र में नई पहचान बना सकेगा। आने वाले समय में राज्य के तकनीकी संस्थानों को रोजगार केंद्रित शिक्षा का प्रमुख मॉडल बनाने की दिशा में तेजी से काम किया जाएगा।