मंडी के बाबा भूतनाथ मंदिर में 500 साल पुरानी परंपरा:एक महीने तक शिवलिंग पर चढ़ेगा शुद्ध मक्खन, शिवरात्रि महोत्सव 26 फरवरी को

मंडी के बाबा भूतनाथ मंदिर में 500 साल पुरानी परंपरा:एक महीने तक शिवलिंग पर चढ़ेगा शुद्ध मक्खन, शिवरात्रि महोत्सव 26 फरवरी को

हिमाचल प्रदेश के मंडी स्थित बाबा भूतनाथ मंदिर में 27 जनवरी की तारा रात्रि से अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव की शुरुआत होगी। मंदिर के महंत देवानंद सरस्वती ने बताया कि इस दिन से स्वयंभू शिवलिंग पर गाय के दूध से बना शुद्ध मक्खन चढ़ाया जाएगा। यह परंपरा मंडी नगर की स्थापना वर्ष 1527 से चली आ रही है। एक माह तक चलने वाले इस विशेष श्रृंगार में प्रतिदिन मक्खन पर विश्व के प्रसिद्ध शिवलिंगों और देवी-देवताओं के स्वरूपों का अद्भुत दर्शन होगा। छोटी काशी के नाम से प्रसिद्ध मंडी में न केवल हिमाचल से बल्कि अन्य राज्यों से भी भक्त इस अनूठी परंपरा के दर्शन के लिए आते हैं। शिवरात्रि महोत्सव के दौरान विभिन्न देवता सात दिनों तक बाबा भूतनाथ परिसर में विराजमान रहेंगे। 25 फरवरी को सुबह मक्खन को उतारने के बाद भक्तों को बाबा भूतनाथ के मूल स्वरूप के दर्शन होंगे। 26 फरवरी को शिवरात्रि के मुख्य दिवस पर भक्तों की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है। इस एक माह की अवधि में बाबा का जलाभिषेक नहीं किया जाता है। हिमाचल प्रदेश के मंडी स्थित बाबा भूतनाथ मंदिर में 27 जनवरी की तारा रात्रि से अंतरराष्ट्रीय शिवरात्रि महोत्सव की शुरुआत होगी। मंदिर के महंत देवानंद सरस्वती ने बताया कि इस दिन से स्वयंभू शिवलिंग पर गाय के दूध से बना शुद्ध मक्खन चढ़ाया जाएगा। यह परंपरा मंडी नगर की स्थापना वर्ष 1527 से चली आ रही है। एक माह तक चलने वाले इस विशेष श्रृंगार में प्रतिदिन मक्खन पर विश्व के प्रसिद्ध शिवलिंगों और देवी-देवताओं के स्वरूपों का अद्भुत दर्शन होगा। छोटी काशी के नाम से प्रसिद्ध मंडी में न केवल हिमाचल से बल्कि अन्य राज्यों से भी भक्त इस अनूठी परंपरा के दर्शन के लिए आते हैं। शिवरात्रि महोत्सव के दौरान विभिन्न देवता सात दिनों तक बाबा भूतनाथ परिसर में विराजमान रहेंगे। 25 फरवरी को सुबह मक्खन को उतारने के बाद भक्तों को बाबा भूतनाथ के मूल स्वरूप के दर्शन होंगे। 26 फरवरी को शिवरात्रि के मुख्य दिवस पर भक्तों की भारी भीड़ उमड़ने की संभावना है। इस एक माह की अवधि में बाबा का जलाभिषेक नहीं किया जाता है।   हिमाचल | दैनिक भास्कर