KGMU में मरीजों की कमी नहीं है। कई प्रदेशों के मरीज KGMU के डॉक्टरों पर भरोसा कर इलाज के लिए आ रहे हैं। इन मरीजों के भरोसे को किसी भी दशा में टूटने नहीं देना है। मरीजों की सेवा करें। डॉक्टर और मरीजों की डोर को मजबूत करना है। लिहाजा डॉक्टर बेहतर इलाज और शोध की तरफ कदम बढ़ाएं। यह सीख KGMU कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद ने नव नियुक्त डॉक्टरों को दिए। मरीजों को नहीं करना निराश मंगलवार को कलाम सेंटर में नव नियुक्ति डॉक्टरों के लिए 3 दिवसीय फाउंडेशन कोर्स शुरू किया गया। जिसमें डॉक्टरों को कामकाज के तौर तरीकों से रुबरु कराया गया। कुलपति डॉ.सोनिया नित्यानंद ने कहा कि KGMU में प्रतिदिन सात से आठ हजार मरीज हैं। मरीजों को आधुनिक इलाज मुहैया कराना हमारी जिम्मेदारी है। किसी भी मरीज को निराश नहीं करना है। करीब 4000 बेड हैं। ज्यादातर बेड भरे रहते हैं। इन भर्ती मरीजों की देखभाल भी जरूरी है। लिहाजा आप सभी नए डॉक्टर आधुनिक तकनीक को अपनाएं। यहां आधुनिक मशीनें हैं। उनका अच्छा इस्तेमाल करें। अधिक से अधिक मरीजों को राहत प्रदान करें। KGMU का कल्चर औरों से अलग शोध की अपार संभावनाएं हैं। नए प्रोजेक्ट लेकर आएं। बीमारी, जांच, नई दवा पर भी शोध करें। सीनियर डॉक्टरों से सहयोग लें। कुलपति ने कहा कि KGMU की पंरपरा दूसरे किसी भी मेडिकल संस्थानों से अलग है। यहां डॉक्टर व कर्मचारी परिवार की तरह काम करते हैं। प्रवक्ता डॉ.केके सिंह ने बताया कि 68 नए डॉक्टरों ने ज्वाइन किया है। KGMU में मरीजों की कमी नहीं है। कई प्रदेशों के मरीज KGMU के डॉक्टरों पर भरोसा कर इलाज के लिए आ रहे हैं। इन मरीजों के भरोसे को किसी भी दशा में टूटने नहीं देना है। मरीजों की सेवा करें। डॉक्टर और मरीजों की डोर को मजबूत करना है। लिहाजा डॉक्टर बेहतर इलाज और शोध की तरफ कदम बढ़ाएं। यह सीख KGMU कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद ने नव नियुक्त डॉक्टरों को दिए। मरीजों को नहीं करना निराश मंगलवार को कलाम सेंटर में नव नियुक्ति डॉक्टरों के लिए 3 दिवसीय फाउंडेशन कोर्स शुरू किया गया। जिसमें डॉक्टरों को कामकाज के तौर तरीकों से रुबरु कराया गया। कुलपति डॉ.सोनिया नित्यानंद ने कहा कि KGMU में प्रतिदिन सात से आठ हजार मरीज हैं। मरीजों को आधुनिक इलाज मुहैया कराना हमारी जिम्मेदारी है। किसी भी मरीज को निराश नहीं करना है। करीब 4000 बेड हैं। ज्यादातर बेड भरे रहते हैं। इन भर्ती मरीजों की देखभाल भी जरूरी है। लिहाजा आप सभी नए डॉक्टर आधुनिक तकनीक को अपनाएं। यहां आधुनिक मशीनें हैं। उनका अच्छा इस्तेमाल करें। अधिक से अधिक मरीजों को राहत प्रदान करें। KGMU का कल्चर औरों से अलग शोध की अपार संभावनाएं हैं। नए प्रोजेक्ट लेकर आएं। बीमारी, जांच, नई दवा पर भी शोध करें। सीनियर डॉक्टरों से सहयोग लें। कुलपति ने कहा कि KGMU की पंरपरा दूसरे किसी भी मेडिकल संस्थानों से अलग है। यहां डॉक्टर व कर्मचारी परिवार की तरह काम करते हैं। प्रवक्ता डॉ.केके सिंह ने बताया कि 68 नए डॉक्टरों ने ज्वाइन किया है। उत्तरप्रदेश | दैनिक भास्कर
लेटेस्ट टेक्नोलॉजी से मरीजों का करें बेस्ट इलाज:KGMU में 68 नए डॉक्टरों ने किया जॉइन, फाउंडेशन डे पर कुलपति ने दी सीख
