अवैध ई-रिक्शा और ऑटो के खिलाफ सख्त कार्रवाई, पहले दिन इन जिलों में सबसे ज्यादा हुए सीज, एक महिला चलेगा अभियान

अवैध ई-रिक्शा और ऑटो के खिलाफ सख्त कार्रवाई, पहले दिन इन जिलों में सबसे ज्यादा हुए सीज, एक महिला चलेगा अभियान

<p style=”text-align: justify;”><strong>UP News:</strong> उत्तर प्रदेश सरकार ने अनधिकृत ई-रिक्शा और ऑटो के खिलाफ बड़ा अभियान शुरू किया है. मुख्यमंत्री <a title=”योगी आदित्यनाथ” href=”https://www.abplive.com/topic/yogi-adityanath” data-type=”interlinkingkeywords”>योगी आदित्यनाथ</a> के निर्देश पर मंगलवार से पूरे प्रदेश में यह अभियान चलाया जा रहा है. अभियान के पहले ही दिन 915 ई-रिक्शा सीज किए गए, जबकि 3035 का चालान हुआ. यह अभियान पूरे प्रदेश में 30 अप्रैल तक चलेगा.&nbsp;</p>
<p style=”text-align: justify;”>परिवहन विभाग, पुलिस प्रशासन और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम रोज कार्रवाई करेगी. परिवहन आयुक्त ब्रजेश नारायण सिंह ने सभी जिलाधिकारियों, पुलिस कप्तानों और पुलिस कमिश्नरों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं. परिवहन आयुक्त ब्रजेश नारायण सिंह ने बताया कि यह अभियान सीएम योगी के निर्देश पर शुरू किया गया है.&nbsp;</p>
<p style=”text-align: justify;”><strong>यहां हुई सबसे ज्यादा कार्रवाई</strong><br />अभियान के पहले दिन ही सख्त कार्रवाई हुई. सबसे ज्यादा ई-रिक्शा सीज करने और चालान काटने की कार्रवाई गाजियाबाद, आगरा, लखनऊ और झांसी में हुई. गाजियाबाद संभाग में 381, आगरा संभाग में 363, लखनऊ में 200, झांसी में 199, सहारनपुर में 171, मीरजापुर में 165, वाराणसी में 164 और प्रयागराज में 136 ई-रिक्शा पर कार्रवाई की गई.</p>
<p style=”text-align: justify;”>यह अभियान इसलिए चलाया जा रहा है क्योंकि प्रदेश में बड़ी संख्या में बिना रजिस्ट्रेशन और बिना परमिट के ई-रिक्शा और ऑटो चल रहे हैं. इनकी वजह से सड़क दुर्घटनाओं की संख्या बढ़ रही है और यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है. कई मामलों में देखा गया है कि बिना लाइसेंस वाले लोग ई-रिक्शा चला रहे हैं, जिससे यात्रियों की सुरक्षा खतरे में पड़ जाती है.</p>
<p style=”text-align: justify;”><strong><a href=”https://www.abplive.com/states/up-uk/yogi-government-approved-varanasi-barabanki-sant-kabir-nagar-basti-and-azamgarh-road-widened-ann-2916791″>अवध और पूर्वांचल में सड़कों का जाल बिछा रही योगी सरकार, करोड़ों लोगों को होगा फायदा</a><br /></strong></p>
<p style=”text-align: justify;”><strong>30 अप्रैल तक जारी रहेगा अभियान</strong><br />ई-रिक्शा और ऑटो का चलन पिछले कुछ सालों में बहुत तेजी से बढ़ा है. हालांकि, बड़ी संख्या में ई-रिक्शा बिना किसी वैध दस्तावेज के चल रहे हैं. सरकार के नियमों के अनुसार, हर ई-रिक्शा का रजिस्ट्रेशन जरूरी है, लेकिन कई चालक बिना रजिस्ट्रेशन के वाहन चला रहे हैं. इसके अलावा, कई ई-रिक्शा वाले मुख्य सड़कों और हाईवे पर भी चलते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान रोज चलेगा और हर जिले में इसकी निगरानी होगी. मुख्यालय स्तर पर इस अभियान की मॉनिटरिंग हो रही है और हर दिन के आंकड़े जुटाए जा रहे हैं. सरकार का कहना है कि इस अभियान का मकसद आम जनता और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है. अनधिकृत वाहनों पर कार्रवाई से यातायात व्यवस्था भी बेहतर होगी और दुर्घटनाओं की संख्या में भी कमी आएगी.</p> <p style=”text-align: justify;”><strong>UP News:</strong> उत्तर प्रदेश सरकार ने अनधिकृत ई-रिक्शा और ऑटो के खिलाफ बड़ा अभियान शुरू किया है. मुख्यमंत्री <a title=”योगी आदित्यनाथ” href=”https://www.abplive.com/topic/yogi-adityanath” data-type=”interlinkingkeywords”>योगी आदित्यनाथ</a> के निर्देश पर मंगलवार से पूरे प्रदेश में यह अभियान चलाया जा रहा है. अभियान के पहले ही दिन 915 ई-रिक्शा सीज किए गए, जबकि 3035 का चालान हुआ. यह अभियान पूरे प्रदेश में 30 अप्रैल तक चलेगा.&nbsp;</p>
<p style=”text-align: justify;”>परिवहन विभाग, पुलिस प्रशासन और जिला प्रशासन की संयुक्त टीम रोज कार्रवाई करेगी. परिवहन आयुक्त ब्रजेश नारायण सिंह ने सभी जिलाधिकारियों, पुलिस कप्तानों और पुलिस कमिश्नरों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं. परिवहन आयुक्त ब्रजेश नारायण सिंह ने बताया कि यह अभियान सीएम योगी के निर्देश पर शुरू किया गया है.&nbsp;</p>
<p style=”text-align: justify;”><strong>यहां हुई सबसे ज्यादा कार्रवाई</strong><br />अभियान के पहले दिन ही सख्त कार्रवाई हुई. सबसे ज्यादा ई-रिक्शा सीज करने और चालान काटने की कार्रवाई गाजियाबाद, आगरा, लखनऊ और झांसी में हुई. गाजियाबाद संभाग में 381, आगरा संभाग में 363, लखनऊ में 200, झांसी में 199, सहारनपुर में 171, मीरजापुर में 165, वाराणसी में 164 और प्रयागराज में 136 ई-रिक्शा पर कार्रवाई की गई.</p>
<p style=”text-align: justify;”>यह अभियान इसलिए चलाया जा रहा है क्योंकि प्रदेश में बड़ी संख्या में बिना रजिस्ट्रेशन और बिना परमिट के ई-रिक्शा और ऑटो चल रहे हैं. इनकी वजह से सड़क दुर्घटनाओं की संख्या बढ़ रही है और यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है. कई मामलों में देखा गया है कि बिना लाइसेंस वाले लोग ई-रिक्शा चला रहे हैं, जिससे यात्रियों की सुरक्षा खतरे में पड़ जाती है.</p>
<p style=”text-align: justify;”><strong><a href=”https://www.abplive.com/states/up-uk/yogi-government-approved-varanasi-barabanki-sant-kabir-nagar-basti-and-azamgarh-road-widened-ann-2916791″>अवध और पूर्वांचल में सड़कों का जाल बिछा रही योगी सरकार, करोड़ों लोगों को होगा फायदा</a><br /></strong></p>
<p style=”text-align: justify;”><strong>30 अप्रैल तक जारी रहेगा अभियान</strong><br />ई-रिक्शा और ऑटो का चलन पिछले कुछ सालों में बहुत तेजी से बढ़ा है. हालांकि, बड़ी संख्या में ई-रिक्शा बिना किसी वैध दस्तावेज के चल रहे हैं. सरकार के नियमों के अनुसार, हर ई-रिक्शा का रजिस्ट्रेशन जरूरी है, लेकिन कई चालक बिना रजिस्ट्रेशन के वाहन चला रहे हैं. इसके अलावा, कई ई-रिक्शा वाले मुख्य सड़कों और हाईवे पर भी चलते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>परिवहन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि यह अभियान रोज चलेगा और हर जिले में इसकी निगरानी होगी. मुख्यालय स्तर पर इस अभियान की मॉनिटरिंग हो रही है और हर दिन के आंकड़े जुटाए जा रहे हैं. सरकार का कहना है कि इस अभियान का मकसद आम जनता और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है. अनधिकृत वाहनों पर कार्रवाई से यातायात व्यवस्था भी बेहतर होगी और दुर्घटनाओं की संख्या में भी कमी आएगी.</p>  उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड वक्फ बिल पर मुंबई में उलेमा-इमामों की आपात बैठक, चंद्रबाबू नायडू और नीतीश कुमार को दी चेतावनी