लुधियाना| श्री सिद्ध दुर्गा माता मंदिर महोत्सव कमेटी नसीब एन्क्लेव की ओर से 18वां विशाल मां भगवती जागरण प्रधान विजय जैन की अध्यक्षता में किया गया। जागरण में मां भगवती का गुणगान आशु लाहौरिया एंड पार्टी व सोनिया रूहानी एंड पार्टी द्वारा किया गया। मां के भजनों पर श्रद्धालु झूमते नजर आए। जागरण में ज्योति प्रचंड समाज सेवक लाजपत राय व चुनरी की रस्म मां भगवती क्लब के अध्यक्ष अविनाश सिक्का द्वारा की गई। राजेश अग्रवाल, नरवेद बांसल द्वारा आए हुए गणमान्यों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस मौके पर गणेश शर्मा, तिलक राज जैन, रोहित जैन अमन जिंदल, सुरेश जिंदल, विजय ग्रोवर आदि मौजूद रहे। लुधियाना| श्री सिद्ध दुर्गा माता मंदिर महोत्सव कमेटी नसीब एन्क्लेव की ओर से 18वां विशाल मां भगवती जागरण प्रधान विजय जैन की अध्यक्षता में किया गया। जागरण में मां भगवती का गुणगान आशु लाहौरिया एंड पार्टी व सोनिया रूहानी एंड पार्टी द्वारा किया गया। मां के भजनों पर श्रद्धालु झूमते नजर आए। जागरण में ज्योति प्रचंड समाज सेवक लाजपत राय व चुनरी की रस्म मां भगवती क्लब के अध्यक्ष अविनाश सिक्का द्वारा की गई। राजेश अग्रवाल, नरवेद बांसल द्वारा आए हुए गणमान्यों को स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस मौके पर गणेश शर्मा, तिलक राज जैन, रोहित जैन अमन जिंदल, सुरेश जिंदल, विजय ग्रोवर आदि मौजूद रहे। पंजाब | दैनिक भास्कर
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AAP सरकार के खिलाफ हाईकोर्ट पहुंचे कांग्रेस सांसद:राजा वडिंग ने उठाया सीवर ओवरफ्लो का मुद्दा, कोर्ट-शहरों का ये हाल, गांवों का क्या होगा
AAP सरकार के खिलाफ हाईकोर्ट पहुंचे कांग्रेस सांसद:राजा वडिंग ने उठाया सीवर ओवरफ्लो का मुद्दा, कोर्ट-शहरों का ये हाल, गांवों का क्या होगा पंजाब में कांग्रेस के प्रधान और लुधियाना से सांसद अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के खिलाफ पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट का रुख कर लिया है। हाईकोर्ट ने राजा वडिंग की तरफ से दायर याचिका को स्वीकार करते हुए 20 सितंबर तक पंजाब सरकार को जवाब देने के लिए नोटिस भी जारी कर दिया है। ये याचिका मुक्तसर और गिद्दड़बाहा को लेकर दायर की गई है। राजा वडिंग ने अपनी याचिका में मुक्तसर और गिद्दड़बाहा में सीवर के पानी के ओवरफ्लो की समस्या को उठाकर उसके समाधान की मांग की है। याचिका में हाईकोर्ट को बताया गया कि इस बार बरसात के दौरान पूरे मुक्तसर और गिद्दड़बाहा में सीवर के पानी के ओवरफ्लो के कारण यहां के लोगों को बड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सीवर का पानी ओवरफ्लो होकर लोगों के घरों में घुस रहा है, और स्थानीय प्रशासन कोई कार्रवाई नहीं कर रहा। इस कारण यहां के लोग गंदे पानी के बीच रहने को मजबूर हैं। कोर्ट ने कहा, शहरों का ये हाल, गांवों का क्या होगा याचिकाकर्ता की तरफ से मुक्तसर और गिद्दड़बाहा की तस्वीरों को भी हाईकोर्ट में पेश किया गया। जिसके बाद कोर्ट भी हालात देखकर हैरान थी। फटकार लगाते हुए कोर्ट ने कहा कि अगर शहरों का ये हाल है तो गांवों का क्या हाल होगा। स्टेटस रिपोर्ट देने को कहा हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस शील नागु और जस्टिस अनिल खेत्रपाल ने इस याचिका पर सुनवाई की। याचिका को स्वीकार करने के बाद सभी पक्षों को नोटिस जारी कर दिया गया है। इसके साथ ही इस मामले में तुरंत कदम उठाने और अगली सुनवाई पर स्टेटस रिपोर्ट दायर करने का आदेश दिए हैं। इस मामले की सुनवाई 20 सितंबर को होगी।

लॉरेंस इंटरव्यू केस में आज हाईकोर्ट में सुनवाई:SIT प्रमुख के लिए नए नामों की लिस्ट सौंपी जाएगी, 7 अधिकारी हैं सस्पेंड
लॉरेंस इंटरव्यू केस में आज हाईकोर्ट में सुनवाई:SIT प्रमुख के लिए नए नामों की लिस्ट सौंपी जाएगी, 7 अधिकारी हैं सस्पेंड पंजाब पुलिस की हिरासत में गैंगस्टर लॉरेंस से पूछताछ के मामले में आज (गुरुवार) पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में अहम सुनवाई होगी। इस दौरान मामले की जांच कर रही विशेष जांच टीम (SIT) के प्रमुख के लिए पंजाब सरकार की ओर से वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के नामों की सूची कोर्ट को सौंपी जाएगी। यह अधिकारी एडीजीपी या डीजीपी स्तर का होगा। क्योंकि हाईकोर्ट की ओर से गठित एसआईटी के प्रमुख प्रबोध कुमार इसी महीने रिटायर हो रहे हैं। इसी वजह से कोर्ट की ओर से नाम मांगे गए हैं। SIT ने इंटरव्यू से उठाया था पर्दा मामले की जांच में एसआईटी अहम भूमिका है। क्योंकि जब यह मामला सामने आया था तो दावा किया गया था कि इंटरव्यू पंजाब की किसी जेल में नहीं हुआ था। इसके बाद जैसे ही एसआईटी ने जांच तेज की तो पता चला कि एक इंटरव्यू सीआईए खरड़ बिल्डिंग में और दूसरा राजस्थान में हुआ था। यहां एसएचओ के कमरे को स्टूडियो बना दिया गया था। इंटरव्यू के लिए वाईफाई समेत तमाम इंतजाम किए गए थे। इसके बाद कोर्ट ने डीएसपी समेत छह लोगों को सस्पेंड कर दिया था। हालांकि डीएसपी ने खुद को बेकसूर बताया था। उसने खुद को बलि का बकरा बताया था। वहीं गैंगस्टर अब गुजरात की जेल में बंद है। जबकि फरीदकोट की जिला कोर्ट ने उसे एक नहीं तीन पुराने रंगदारी के मामलों में बरी कर दिया है। पहले इंटरव्यू में मूसेवाला के कत्ल की जिम्मेदारी ली लॉरेंस का पहला इंटरव्यू 14 मार्च को ब्रॉडकास्ट हुआ था। जिसमें लॉरेंस ने सिद्धू मूसेवाला का कत्ल करवाने की बात कबूल की थी। लॉरेंस का कहना था कि मूसेवाला सिंगिंग के बजाय गैंगवार में घुस रहा था। उसके कॉलेज फ्रेंड अकाली नेता विक्की मिड्डूखेड़ा के कत्ल में भी मूसेवाला का हाथ था। इसलिए उसे मरवाया। एसआईटी रिपोर्ट के मुताबिक ये वही इंटरव्यू है, जो उसने सीआईए की कस्टडी से दिया। दूसरे इंटरव्यू में बैरक से कॉल करने का दिया सबूत लॉरेंस ने अपने दूसरे इंटरव्यू में जेल के अंदर से इंटरव्यू करने का सबूत भी दिया था। उसने अपनी बैरक भी दिखाई और बताया कि उसे बाहर नहीं जाने दिया जाता, लेकिन मोबाइल भी उसके पास आ जाता है और सिग्नल भी। लॉरेंस ने अपने इंटरव्यू में कहा कि रात के समय जेल के गार्ड बहुत कम आते-जाते हैं, इसीलिए वह रात को कॉल कर रहा है। लॉरेंस ने मोबाइल के अंदर आने के बारे में भी जानकारी दी थी। लॉरेंस के अनुसार मोबाइल बाहर से जेल के अंदर फेंके जाते हैं। कई बार जेल स्टाफ उन्हें पकड़ भी लेता है, लेकिन अधिकतर बार मोबाइल उस तक पहुंच जाते हैं।

पंजाब के स्कूलों में अब खीर-हलवा मिलेगा:मिड डे मील का मेन्यू बदला; ठंड को लेकर शिक्षा विभाग ने आदेश जारी किए
पंजाब के स्कूलों में अब खीर-हलवा मिलेगा:मिड डे मील का मेन्यू बदला; ठंड को लेकर शिक्षा विभाग ने आदेश जारी किए पंजाब में सर्दी के मौसम को ध्यान में रखते हुए अब विद्यार्थियों को मिड-डे मील में देसी घी का हलवा और खीर मिलेगी। शिक्षा विभाग ने नए साल के लिए मिड-डे मील का मेन्यू जारी कर दिया है। 8 दिसंबर को स्कूल खुलते ही यह मेन्यू लागू हो जाएगा। यह मेन्यू 31 जनवरी तक रहेगा। इसके बाद सरकार की ओर से इसमें बदलाव किए जाएंगे। इससे पहले बच्चों को फल देने का फैसला लिया गया था। उस समय विभाग का तर्क था कि इससे जहां बच्चों को शारीरिक लाभ होगा, वहीं किसानों को भी इसका फायदा होगा। अगर किसी जगह निर्धारित मेन्यू का पालन नहीं किया गया तो स्कूल प्रिंसिपल के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। 19 हजार स्कूलों में परोसा जाता है खाना पंजाब में 19 हजार से ज्यादा सरकारी स्कूल हैं। जहां पहली से आठवीं क्लास तक खाना परोसा जाता है। इसके पीछे कोशिश बच्चों को स्कूल से जोड़ने की है। मिड डे मील के लिए विभाग की तरफ से पर्याप्त फंड मुहैया कराया जाता है। साथ ही मिड डे मील में बच्चों को दिए जाने वाले खाने का रिकॉर्ड भी रखा जाता है। इसके लिए सभी स्कूलों में रसोइयों की तैनाती की गई है।