बहराइच में मां के साथ खाना खा रहे 4 साल के बच्चे को तेंदुआ उठा ले गया। ग्रामीण जब लाठी-डंडा लेकर दौड़े तब क्षत-विक्षत शव छोड़कर भाग गया। बेटे की खून से लथपथ लाश देखकर मां बेहोश हो गई। घटना शुक्रवार देर शाम की कतर्नियाघाट वन क्षेत्र के भैसाही गांव की है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। मासूम के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। तेंदुए ने इसी गांव में शनिवार दोपहर एक ग्रामीण पर हमला किया। जिसमें ग्रामीण के चेहरे और गले पर गंभीर घाव है। अब पढ़िए पूरा मामला भैसाही गांव में विशाल अपनी पत्नी संजना और बेटे विक्की के साथ रहते थे। पत्नी संजना ने बताया कि शाम 7 बजे घर के आंगन में विक्की को खाना खिला रही थीं। तभी उसको प्यास लगी। मैं उसके लिए पानी लेने गई। मैं अभी नल तक ही पहुंची थी कि तेंदुआ दीवार फांदकर आया। मेरी आंखों के सामने ही बेटे को ले जाने लगा। मेरे चिल्लाने की आवाज सुनकर घर के अन्य लोग आए। हालांकि तब तक तेंदुआ बेटे को लेकर भाग चुका था। ग्रामीणों के साथ परिजन बच्चे को ढूंढते हुए खेतों की तरफ पहुंचे। वहां तेंदुआ बच्चे को नोंच-खा रहा था। ग्रामीणों ने जब लाठी-डंडे लेकर तेंदुए को दौड़ाया, तब वह बच्चे को छोड़कर जंगल की तरफ भागा। वन विभाग ने गांव के बाहर पिंजरा लगाया
ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग की टीम को रात में ही घटना की सूचना दी गई। लेकिन रात में कोई अधिकारी-कर्मचारी नहीं पहुंचा। सुबह वन विभाग की टीम आई। टीम ने गांव के बाहर एक पिंजरा लगाया है। घटना के बाद ग्रामीण और वन विभाग के कर्मचारी गांव के बाहर पहरा दे रहे हैं। गांव के लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीण रात में पहरा दे रहे
बच्चे की मामी कैलाश रानी ने बताया- तेंदुआ जब बच्चे को उठा ले गया, तब गांव में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही सभी ग्रामीण विशाल के घर पहुंचे। खेतों में मोबाइल और चार्ज लेकर बच्चे की तलाश करने लगे। बाग में बैठकर तेंदुआ मासूम को खा रहा था। लोगों ने देखा तो लाठी-डंडे और टार्च की रोशनी से तेंदुए को भगाया गया। घटना से गांव में दहशत है। लोग खुद ही पहरा दे रहे हैं। प्रभागीय वनाधिकारी बी शिव शंकर ने बताया- जानवर के हमले में बच्चे की मौत हुई है। शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। शनिवार की सुबह वन विभाग की ओर से ग्राम में पिंजरा रखा गया है। ग्राम के लोग तेंदुए की दहशत से पहरा दे रहें है। भैंस चरा रहे किसान पर भी हमला
भैसाली गांव में शनिवार दोपहर 55 साल के किसान राम मनोहर पर तेंदुए ने हमला कर दिया। राम मनोहर खेत में भैंस चरा रहे थे। इसी दौरान तेंदुआ जंगल से निकल कर आया और उनकी गर्दन पकड़ ली। किसान के चिल्लाने पर आसपास खेतों में काम कर रहे किसान दौड़े। घायल को तुरंत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सुजौली ले गए। वहां से उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोतीपुर रेफर कर दिया गया। इससे पहले भी हुई थी बच्ची की मौत
इससे पहले भैसाही के पड़ोसी गांव तमोलिन पुरवा में 15 जनवरी को भी तेंदुए के हमले में आठ साल की मासूम की मौत हुई थी। जहां के बैजनाथ अपनी पत्नी और बच्ची के साथ खेत पर काम करने गए थे। सभी लोग खेत में काम करने में लगे हुए थे। तभी दूसरे खेत में घात लगाकर बैठे हुए तेंदुए ने बैजनाथ की 8 वर्षीय बेटी शालिनी पर हमला कर दिया। उसको मार डाला था। ——————————– ये भी खबर पढ़ें… सीतापुर में किसान पर बाघ का हमला:खेत में रखवाली कर रहे 50 वर्षीय किसान ने बांके से किया सामना, ग्रामीणों की मदद से बची जान
सीतापुर के विकास खंड गोंदलामऊ क्षेत्र के गोपालपुर तेरवा गांव में एक किसान पर बाघ ने हमला कर दिया। शुक्रवार देर रात की यह घटना है। किसान कल्लू (50) अपने खेत में गेहूं की फसल की रखवाली कर रहे थे। पढ़ें पूरी खबर… बहराइच में मां के साथ खाना खा रहे 4 साल के बच्चे को तेंदुआ उठा ले गया। ग्रामीण जब लाठी-डंडा लेकर दौड़े तब क्षत-विक्षत शव छोड़कर भाग गया। बेटे की खून से लथपथ लाश देखकर मां बेहोश हो गई। घटना शुक्रवार देर शाम की कतर्नियाघाट वन क्षेत्र के भैसाही गांव की है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। मासूम के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। तेंदुए ने इसी गांव में शनिवार दोपहर एक ग्रामीण पर हमला किया। जिसमें ग्रामीण के चेहरे और गले पर गंभीर घाव है। अब पढ़िए पूरा मामला भैसाही गांव में विशाल अपनी पत्नी संजना और बेटे विक्की के साथ रहते थे। पत्नी संजना ने बताया कि शाम 7 बजे घर के आंगन में विक्की को खाना खिला रही थीं। तभी उसको प्यास लगी। मैं उसके लिए पानी लेने गई। मैं अभी नल तक ही पहुंची थी कि तेंदुआ दीवार फांदकर आया। मेरी आंखों के सामने ही बेटे को ले जाने लगा। मेरे चिल्लाने की आवाज सुनकर घर के अन्य लोग आए। हालांकि तब तक तेंदुआ बेटे को लेकर भाग चुका था। ग्रामीणों के साथ परिजन बच्चे को ढूंढते हुए खेतों की तरफ पहुंचे। वहां तेंदुआ बच्चे को नोंच-खा रहा था। ग्रामीणों ने जब लाठी-डंडे लेकर तेंदुए को दौड़ाया, तब वह बच्चे को छोड़कर जंगल की तरफ भागा। वन विभाग ने गांव के बाहर पिंजरा लगाया
ग्रामीणों का आरोप है कि वन विभाग की टीम को रात में ही घटना की सूचना दी गई। लेकिन रात में कोई अधिकारी-कर्मचारी नहीं पहुंचा। सुबह वन विभाग की टीम आई। टीम ने गांव के बाहर एक पिंजरा लगाया है। घटना के बाद ग्रामीण और वन विभाग के कर्मचारी गांव के बाहर पहरा दे रहे हैं। गांव के लोगों में दहशत का माहौल है। ग्रामीण रात में पहरा दे रहे
बच्चे की मामी कैलाश रानी ने बताया- तेंदुआ जब बच्चे को उठा ले गया, तब गांव में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही सभी ग्रामीण विशाल के घर पहुंचे। खेतों में मोबाइल और चार्ज लेकर बच्चे की तलाश करने लगे। बाग में बैठकर तेंदुआ मासूम को खा रहा था। लोगों ने देखा तो लाठी-डंडे और टार्च की रोशनी से तेंदुए को भगाया गया। घटना से गांव में दहशत है। लोग खुद ही पहरा दे रहे हैं। प्रभागीय वनाधिकारी बी शिव शंकर ने बताया- जानवर के हमले में बच्चे की मौत हुई है। शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। शनिवार की सुबह वन विभाग की ओर से ग्राम में पिंजरा रखा गया है। ग्राम के लोग तेंदुए की दहशत से पहरा दे रहें है। भैंस चरा रहे किसान पर भी हमला
भैसाली गांव में शनिवार दोपहर 55 साल के किसान राम मनोहर पर तेंदुए ने हमला कर दिया। राम मनोहर खेत में भैंस चरा रहे थे। इसी दौरान तेंदुआ जंगल से निकल कर आया और उनकी गर्दन पकड़ ली। किसान के चिल्लाने पर आसपास खेतों में काम कर रहे किसान दौड़े। घायल को तुरंत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सुजौली ले गए। वहां से उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मोतीपुर रेफर कर दिया गया। इससे पहले भी हुई थी बच्ची की मौत
इससे पहले भैसाही के पड़ोसी गांव तमोलिन पुरवा में 15 जनवरी को भी तेंदुए के हमले में आठ साल की मासूम की मौत हुई थी। जहां के बैजनाथ अपनी पत्नी और बच्ची के साथ खेत पर काम करने गए थे। सभी लोग खेत में काम करने में लगे हुए थे। तभी दूसरे खेत में घात लगाकर बैठे हुए तेंदुए ने बैजनाथ की 8 वर्षीय बेटी शालिनी पर हमला कर दिया। उसको मार डाला था। ——————————– ये भी खबर पढ़ें… सीतापुर में किसान पर बाघ का हमला:खेत में रखवाली कर रहे 50 वर्षीय किसान ने बांके से किया सामना, ग्रामीणों की मदद से बची जान
सीतापुर के विकास खंड गोंदलामऊ क्षेत्र के गोपालपुर तेरवा गांव में एक किसान पर बाघ ने हमला कर दिया। शुक्रवार देर रात की यह घटना है। किसान कल्लू (50) अपने खेत में गेहूं की फसल की रखवाली कर रहे थे। पढ़ें पूरी खबर… उत्तरप्रदेश | दैनिक भास्कर
बहराइच में तेंदुए ने बच्चे को मार डाला:मां खाना खिला रही थी, दीवार फांदकर आया और उठा ले गया; खेत में शव मिला
