<p style=”text-align: justify;”><strong>Waqf Amendment Bill News:</strong> लोकसभा में बुधवार (2 अप्रैल) को केंद्र सरकार की तरफ से वक्फ संशोधन बिल पेश किया जो विपक्ष के नेताओं हंगामों के बीच पास भी हो गया. अब वक्फ संशोधन बिल राज्यसभा में भी आज गुरुवार (3 अप्रैल) को भी पेश हो गया है और इस पर चर्चा जारी है. इसी बीच वक्फ संशोधन बिल पास होने के बाद यूपी की 98 फीसदी वक्फ संपत्तियों पर खतरा आन पड़ा है. </p>
<p style=”text-align: justify;”>वक्फ संपत्तियों को लेकर एक हिंदी अखबार के अनुसार यूपी की ये वक्फ संपत्तियां अभी तक राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज नहीं हैं, इसलिए इन संपत्तियों के मामलों में अब वक्फ बोर्ड नहीं बल्कि संबंधित जिलाधिकारी ही फैसला लेने के लिए अधिकृत होंगे. इसके साथ ही यूपी में वक्फ बोर्ड जिन 57792 सरकारी संपत्तियों पर अपना दावा कर रहा है वह भी उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर होंगी.</p>
<p style=”text-align: justify;”>रिपोर्ट के अनुसार यूपी के अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की एक गोपनीय रिपोर्ट की मानें तो वक्फ बोर्डों ने सार्वजनिक उपयोग की जमीनें भी वक्फ की संपत्ति के रूप में दर्ज कर ली हैं. इतना ही नहीं यूपी के रामपुर और हरदोई जिले समेत कई जिलों में प्राइवेट जमीन को भी गलत तरीके से वक्फ की संपत्ति के रूप में दर्ज करने के कई मामले सामने आए हैं. अब इन सभी मामलों की सुनवाई जिलाधिकारी करेंगे.</p>
<p style=”text-align: justify;”>इस रिपोर्ट की मानें तो उत्तर प्रदेश में 57792 सरकारी संपत्तियां अवैध रूप से वक्फ के नाम पर दर्ज हैं. जिसका रकबा करीब 11712 एकड़ बताया जा रहा है. अब देश में वक्फ संशोधन बिल लागू होते ही ये सभी संपत्तियां वक्फ से बाहर हो जाएंगी.</p>
<p style=”text-align: justify;”>अगर अलीगढ़ मंडल की वक्फ प्रोपर्टी की बात करें तो अलीगढ़ में 1400 वक्फ संपत्तियां हैं जिसमें 1358 सुन्नी और 42 शिया वक्फ की हैं. इसके साथ ही हाथरस में सभी 553 संपत्तियां सुन्नी वक्फ की हैं और कासगंज में कुल 575 संपत्तियों में से 568 सुन्नी और 7 शिया वक्फ की हैं.</p>
<p style=”text-align: justify;”><strong><a href=”https://www.abplive.com/states/up-uk/maulana-shahabuddin-razvi-react-on-dhirendra-shastri-hindu-gram-statement-2917921″>’ख्वाब ‘ख्वाब’ ही रह जाएगा’, धीरेंद्र शास्त्री के इस फैसले पर भड़के यूपी के ये मौलाना</a></strong></p> <p style=”text-align: justify;”><strong>Waqf Amendment Bill News:</strong> लोकसभा में बुधवार (2 अप्रैल) को केंद्र सरकार की तरफ से वक्फ संशोधन बिल पेश किया जो विपक्ष के नेताओं हंगामों के बीच पास भी हो गया. अब वक्फ संशोधन बिल राज्यसभा में भी आज गुरुवार (3 अप्रैल) को भी पेश हो गया है और इस पर चर्चा जारी है. इसी बीच वक्फ संशोधन बिल पास होने के बाद यूपी की 98 फीसदी वक्फ संपत्तियों पर खतरा आन पड़ा है. </p>
<p style=”text-align: justify;”>वक्फ संपत्तियों को लेकर एक हिंदी अखबार के अनुसार यूपी की ये वक्फ संपत्तियां अभी तक राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज नहीं हैं, इसलिए इन संपत्तियों के मामलों में अब वक्फ बोर्ड नहीं बल्कि संबंधित जिलाधिकारी ही फैसला लेने के लिए अधिकृत होंगे. इसके साथ ही यूपी में वक्फ बोर्ड जिन 57792 सरकारी संपत्तियों पर अपना दावा कर रहा है वह भी उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर होंगी.</p>
<p style=”text-align: justify;”>रिपोर्ट के अनुसार यूपी के अल्पसंख्यक कल्याण विभाग की एक गोपनीय रिपोर्ट की मानें तो वक्फ बोर्डों ने सार्वजनिक उपयोग की जमीनें भी वक्फ की संपत्ति के रूप में दर्ज कर ली हैं. इतना ही नहीं यूपी के रामपुर और हरदोई जिले समेत कई जिलों में प्राइवेट जमीन को भी गलत तरीके से वक्फ की संपत्ति के रूप में दर्ज करने के कई मामले सामने आए हैं. अब इन सभी मामलों की सुनवाई जिलाधिकारी करेंगे.</p>
<p style=”text-align: justify;”>इस रिपोर्ट की मानें तो उत्तर प्रदेश में 57792 सरकारी संपत्तियां अवैध रूप से वक्फ के नाम पर दर्ज हैं. जिसका रकबा करीब 11712 एकड़ बताया जा रहा है. अब देश में वक्फ संशोधन बिल लागू होते ही ये सभी संपत्तियां वक्फ से बाहर हो जाएंगी.</p>
<p style=”text-align: justify;”>अगर अलीगढ़ मंडल की वक्फ प्रोपर्टी की बात करें तो अलीगढ़ में 1400 वक्फ संपत्तियां हैं जिसमें 1358 सुन्नी और 42 शिया वक्फ की हैं. इसके साथ ही हाथरस में सभी 553 संपत्तियां सुन्नी वक्फ की हैं और कासगंज में कुल 575 संपत्तियों में से 568 सुन्नी और 7 शिया वक्फ की हैं.</p>
<p style=”text-align: justify;”><strong><a href=”https://www.abplive.com/states/up-uk/maulana-shahabuddin-razvi-react-on-dhirendra-shastri-hindu-gram-statement-2917921″>’ख्वाब ‘ख्वाब’ ही रह जाएगा’, धीरेंद्र शास्त्री के इस फैसले पर भड़के यूपी के ये मौलाना</a></strong></p> उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड गाजियाबाद में रेलवे पुल की रेलिंग तोड़कर झुग्गी पर जा गिरी कार, गर्भवती महिला समेत 4 लोग घायल
यूपी में 98 फीसदी वक्फ संपत्तियों पर खतरा, वक्फ संशोधन बिल लागू होते ही हो जाएगा खेला!
