रोहतक के टीचर को अपहरण के बाद कुएं में जिंदा गाड़ देने वाले मास्टरमाइंड को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन अभी पुष्टि नहीं की है। रोहतक CIA स्टाफ उससे पूछताछ कर रहा है और रिमांड पर लेने की तैयारी की जा रही है। सूत्रों का कहना है कि आरोपी राजकरण पुलिस के कब्जे में है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि राजकरण से इस बात को लेकर पूछताछ चल रही है कि वारदात को उसने कैसे अंजाम दिया। पुलिस खुलासे से पहले क्राइम सीन को रिक्रिएट भी करवा सकती है। अभी यह भी पता लगाया जा रहा है कि टीचर को मारने के बाद गाड़ा गया था या जिंदा। रिमांड पर लिए गए उसके दो साथियों से पुलिस पूछताछ पूरी कर चुकी है। 7 दिन से मास्टरमाइंड के पीछे लगी थीं पुलिस टीमें
7 दिन से पुलिस की 3 टीमें कत्ल में मुख्य आरोपी राजकरण को पकड़ने के लिए पीछे लगी थीं। राजकरण दादरी जिले के पैंतावास कलां का रहने वाला है। गांव के कुछ लोगों का कहना है कि परिवार ने ही राजकरण को सरेंडर करने के लिए कहा और खुद पुलिस के हवाले किया है। 2 दोस्तों को किया जा चुका गिरफ्तार
मामले में अभी तक पुलिस ने पैंतावास कलां के मास्टरमाइंड राजकरण के दो दोस्तों की निशानदेही पर तीन महीने से लापता झज्जर जिले के मांडोठी निवासी टीचर जगदीप की लाश गांव के ही धार्मिक डेरे के पास पंचायती जमीन में खोदे 7 फीट गहरे कुएं से बरामद किया था। प्राथमिक जांच में सामने आया था की टीचर के कत्ल के मास्टरमाइंड राजकरण की पत्नी के साथ अवैध संबंध थे और उसे इसके बारे में भनक लग गई थी। जब उसने टीचर जगदीप के मोबाइल में अपनी पत्नी के फोटो देखे तो दोस्तों के साथ मिलकर उसका अपनी सास के रोहतक स्थित घर से अपहरण कर लिया और बाद में गांव ले जाकर कुएं में गाड़ दिया। बीते सोमवार को दादरी के पैंतावास कलां से पुलिस ने शव बरामद कर लिया या था, लेकिन मुख्य आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। अब सिलसिलेवार पढ़ें क्यों और कैसे मारा टीचर को पत्नी से अवैध संबंधों के चलते दिया वारदात को अंजाम
बता दे कि मूलरूप से झज्जर के मांडौठी गांव का रहने वाला जगदीप रोहतक की जनता कॉलोनी में एक महिला के मकान में किराए पर कमरा लेकर रहता था। वहीं उसकी पहचान चरखी दादरी के पैंतावास कलां गांव निवासी महिला से हुई थी। दोनों के बीच अवैध संबंध बन गए। इस बात की जानकारी महिला के पति राजकरण को लगी। वह रोहतक पहुंचा और जगदीप का मोबाइल चेक किया। उसमें पत्नी के साथ उसकी तस्वीरें देखीं। गुस्से में उसने हत्या की योजना बना ली। इसके बाद वह अपने गांव पैंतावास कलां लौटा और हत्या के लिए अपने साथी हरदीप,धर्मपाल और एक अन्य को साथ मिला लिया। रोहतक से अपहरण, दादरी में जाकर कुएं में गाड़ा
इसके बाद अपहरण कर पैंतावास कलां में सात फीट से अधिक गहरे गड्ढे में उसे जिंदा दबा दिया। जगदीप 24 दिसंबर को आखिरी बार यूनिवर्सिटी गए थे। जब एक माह तक सुराग नहीं मिला तो ताऊ ईश्वर ने 3 फरवरी को शिवाजी कॉलोनी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। फोन डंप के डेटा से पता चली आरोपियों की लोकेशन
जांच में सामने आया कि 24 दिसंबर की शाम चार युवक उन्हें जनता कॉलोनी स्थित किराए के मकान से हाथ-पैर बांधकर गाड़ी में डालकर ले गए। पुलिस ने मौके से मोबाइल फोन का डंप डेटा उठाया तो पैंतावास कलां के युवकों की लोकेशन सामने आई। पुलिस ने गांव के दो युवकों को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की। दोनों ने वारदात कबूल ली। उनकी निशानदेही पर पुलिस उस जगह पहुंची जहां जगदीप को जिंदा गाड़ा गया था। 24 मार्च को टीचर की लाश कुएं से निकाली
बीते सोमवार को रोहतक एएसपी शशी शेखर की अगुआई में व दादरी सदर थाना प्रभारी आईपीएस दिव्यांशी सिंगला की मौजूदगी में शव बरामद करने के लिए खुदाई का कार्य करवाया गया। हालांकि आरोपी ने व्यक्ति को दबाने वाली लोकेशन सही बता दी थी उसके बावजूद टीम को शव बरामद करने में घंटों लग गए। 7 फीट गहरे कुएं में सीधा गाड़ा था
आरोपियों द्वारा शव को सात फीट से अधिक गहरा खोदकर सीधा गाड़ा गया था। जब शव के कमर से नीचे तक का हिस्सा खोद लिया गया तो रस्सी बांधकर शव को बाहर निकालने का प्रयास किया गया लेकिन जमीन में दबा होने के कारण बाहर नहीं निकाला जा सका जिसके चलते नीचे तक खुदाई करने पर काफी समय लग गया और अंधेरा होने पर टॉर्च की रोशनी में खुदाई कर रस्सी से के सहारे शव को बाहर निकाला गया। रोहतक के टीचर को अपहरण के बाद कुएं में जिंदा गाड़ देने वाले मास्टरमाइंड को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन अभी पुष्टि नहीं की है। रोहतक CIA स्टाफ उससे पूछताछ कर रहा है और रिमांड पर लेने की तैयारी की जा रही है। सूत्रों का कहना है कि आरोपी राजकरण पुलिस के कब्जे में है। पुलिस सूत्रों का कहना है कि राजकरण से इस बात को लेकर पूछताछ चल रही है कि वारदात को उसने कैसे अंजाम दिया। पुलिस खुलासे से पहले क्राइम सीन को रिक्रिएट भी करवा सकती है। अभी यह भी पता लगाया जा रहा है कि टीचर को मारने के बाद गाड़ा गया था या जिंदा। रिमांड पर लिए गए उसके दो साथियों से पुलिस पूछताछ पूरी कर चुकी है। 7 दिन से मास्टरमाइंड के पीछे लगी थीं पुलिस टीमें
7 दिन से पुलिस की 3 टीमें कत्ल में मुख्य आरोपी राजकरण को पकड़ने के लिए पीछे लगी थीं। राजकरण दादरी जिले के पैंतावास कलां का रहने वाला है। गांव के कुछ लोगों का कहना है कि परिवार ने ही राजकरण को सरेंडर करने के लिए कहा और खुद पुलिस के हवाले किया है। 2 दोस्तों को किया जा चुका गिरफ्तार
मामले में अभी तक पुलिस ने पैंतावास कलां के मास्टरमाइंड राजकरण के दो दोस्तों की निशानदेही पर तीन महीने से लापता झज्जर जिले के मांडोठी निवासी टीचर जगदीप की लाश गांव के ही धार्मिक डेरे के पास पंचायती जमीन में खोदे 7 फीट गहरे कुएं से बरामद किया था। प्राथमिक जांच में सामने आया था की टीचर के कत्ल के मास्टरमाइंड राजकरण की पत्नी के साथ अवैध संबंध थे और उसे इसके बारे में भनक लग गई थी। जब उसने टीचर जगदीप के मोबाइल में अपनी पत्नी के फोटो देखे तो दोस्तों के साथ मिलकर उसका अपनी सास के रोहतक स्थित घर से अपहरण कर लिया और बाद में गांव ले जाकर कुएं में गाड़ दिया। बीते सोमवार को दादरी के पैंतावास कलां से पुलिस ने शव बरामद कर लिया या था, लेकिन मुख्य आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर था। अब सिलसिलेवार पढ़ें क्यों और कैसे मारा टीचर को पत्नी से अवैध संबंधों के चलते दिया वारदात को अंजाम
बता दे कि मूलरूप से झज्जर के मांडौठी गांव का रहने वाला जगदीप रोहतक की जनता कॉलोनी में एक महिला के मकान में किराए पर कमरा लेकर रहता था। वहीं उसकी पहचान चरखी दादरी के पैंतावास कलां गांव निवासी महिला से हुई थी। दोनों के बीच अवैध संबंध बन गए। इस बात की जानकारी महिला के पति राजकरण को लगी। वह रोहतक पहुंचा और जगदीप का मोबाइल चेक किया। उसमें पत्नी के साथ उसकी तस्वीरें देखीं। गुस्से में उसने हत्या की योजना बना ली। इसके बाद वह अपने गांव पैंतावास कलां लौटा और हत्या के लिए अपने साथी हरदीप,धर्मपाल और एक अन्य को साथ मिला लिया। रोहतक से अपहरण, दादरी में जाकर कुएं में गाड़ा
इसके बाद अपहरण कर पैंतावास कलां में सात फीट से अधिक गहरे गड्ढे में उसे जिंदा दबा दिया। जगदीप 24 दिसंबर को आखिरी बार यूनिवर्सिटी गए थे। जब एक माह तक सुराग नहीं मिला तो ताऊ ईश्वर ने 3 फरवरी को शिवाजी कॉलोनी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। फोन डंप के डेटा से पता चली आरोपियों की लोकेशन
जांच में सामने आया कि 24 दिसंबर की शाम चार युवक उन्हें जनता कॉलोनी स्थित किराए के मकान से हाथ-पैर बांधकर गाड़ी में डालकर ले गए। पुलिस ने मौके से मोबाइल फोन का डंप डेटा उठाया तो पैंतावास कलां के युवकों की लोकेशन सामने आई। पुलिस ने गांव के दो युवकों को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की। दोनों ने वारदात कबूल ली। उनकी निशानदेही पर पुलिस उस जगह पहुंची जहां जगदीप को जिंदा गाड़ा गया था। 24 मार्च को टीचर की लाश कुएं से निकाली
बीते सोमवार को रोहतक एएसपी शशी शेखर की अगुआई में व दादरी सदर थाना प्रभारी आईपीएस दिव्यांशी सिंगला की मौजूदगी में शव बरामद करने के लिए खुदाई का कार्य करवाया गया। हालांकि आरोपी ने व्यक्ति को दबाने वाली लोकेशन सही बता दी थी उसके बावजूद टीम को शव बरामद करने में घंटों लग गए। 7 फीट गहरे कुएं में सीधा गाड़ा था
आरोपियों द्वारा शव को सात फीट से अधिक गहरा खोदकर सीधा गाड़ा गया था। जब शव के कमर से नीचे तक का हिस्सा खोद लिया गया तो रस्सी बांधकर शव को बाहर निकालने का प्रयास किया गया लेकिन जमीन में दबा होने के कारण बाहर नहीं निकाला जा सका जिसके चलते नीचे तक खुदाई करने पर काफी समय लग गया और अंधेरा होने पर टॉर्च की रोशनी में खुदाई कर रस्सी से के सहारे शव को बाहर निकाला गया। हरियाणा | दैनिक भास्कर
