रोहतक में तेल पाइपलाइन बिछाने का विरोध:किसानों ने कहा- बिना मुआवजा दिए शुरू किया काम, खेत के दाम भी घटे

रोहतक में तेल पाइपलाइन बिछाने का विरोध:किसानों ने कहा- बिना मुआवजा दिए शुरू किया काम, खेत के दाम भी घटे

रोहतक जिले में गांवों से गुजर रही इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड की तेल पाइपलाइन के उचित मुआवजे की मांग को लेकर डीसी कार्यालय पर प्रदर्शन किया गया। किसानों ने कहा कि अगर उन्हें उचित मुआवजा नहीं मिला तो वे पाइपलाइन नहीं बिछाने देंगे। किसान सभा के राज्य सचिव सुमित सिंह ने कहा कि इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड द्वारा पानीपत रिफाइनरी तक भूमिगत तेल पाइपलाइन बिछाई जा रही है, जो रोहतक के गांव सीसर, महम, तीतरी, भराण, बहलंबा, निंदाना, खरक और लाखनमाजरा से होकर गुजरेगी। मुआवजा दिए बिना ही शुरू किया सुमित सिंह ने बताया कि कंपनी किसानों को तेल पाइपलाइन के लिए उचित मुआवजा दिए बिना ही उनके खेतों में काम शुरू कर रही है। हाल ही में जो मुआवजा दिया जा रहा है, वह अन्य आसपास के जिलों भिवानी, सोनीपत से भी कम है। यह भी बहुत कम है, जिससे किसानों में रोष बढ़ रहा है। खेत की कीमत कम हो जाएगी सुमित सिंह ने बताया कि जिस खेत से कंपनी पाइपलाइन बिछाएगी, उसकी कीमत बहुत कम हो जाएगी। साथ ही भविष्य में किसान उस खेत में किसी भी तरह का काम नहीं कर पाएगा। किसान की आजीविका का एकमात्र सहारा खेत ही है। इस प्रोजेक्ट के बाद किसान को बहुत नुकसान होगा। उचित मुआवजा नहीं मिला तो पाइप लाइन नहीं बिछाने देंगे सुमित सिंह ने कहा कि बिना मुआवजा दिए खेतों से पाइप लाइन बिछाने का काम नहीं होने दिया जाएगा। कंपनी पहले किसानों को उचित मुआवजा दे, उसके बाद काम शुरू करे। अगर बिना मुआवजा दिए काम शुरू किया गया तो कंपनी के कर्मचारियों को किसानों के गुस्से का सामना करना पड़ेगा। डीसी धीरेंद्र ने आश्वासन दिया कि किसानों की समस्या को लेकर कंपनी से बात की जाएगी। रोहतक जिले में गांवों से गुजर रही इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड की तेल पाइपलाइन के उचित मुआवजे की मांग को लेकर डीसी कार्यालय पर प्रदर्शन किया गया। किसानों ने कहा कि अगर उन्हें उचित मुआवजा नहीं मिला तो वे पाइपलाइन नहीं बिछाने देंगे। किसान सभा के राज्य सचिव सुमित सिंह ने कहा कि इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड द्वारा पानीपत रिफाइनरी तक भूमिगत तेल पाइपलाइन बिछाई जा रही है, जो रोहतक के गांव सीसर, महम, तीतरी, भराण, बहलंबा, निंदाना, खरक और लाखनमाजरा से होकर गुजरेगी। मुआवजा दिए बिना ही शुरू किया सुमित सिंह ने बताया कि कंपनी किसानों को तेल पाइपलाइन के लिए उचित मुआवजा दिए बिना ही उनके खेतों में काम शुरू कर रही है। हाल ही में जो मुआवजा दिया जा रहा है, वह अन्य आसपास के जिलों भिवानी, सोनीपत से भी कम है। यह भी बहुत कम है, जिससे किसानों में रोष बढ़ रहा है। खेत की कीमत कम हो जाएगी सुमित सिंह ने बताया कि जिस खेत से कंपनी पाइपलाइन बिछाएगी, उसकी कीमत बहुत कम हो जाएगी। साथ ही भविष्य में किसान उस खेत में किसी भी तरह का काम नहीं कर पाएगा। किसान की आजीविका का एकमात्र सहारा खेत ही है। इस प्रोजेक्ट के बाद किसान को बहुत नुकसान होगा। उचित मुआवजा नहीं मिला तो पाइप लाइन नहीं बिछाने देंगे सुमित सिंह ने कहा कि बिना मुआवजा दिए खेतों से पाइप लाइन बिछाने का काम नहीं होने दिया जाएगा। कंपनी पहले किसानों को उचित मुआवजा दे, उसके बाद काम शुरू करे। अगर बिना मुआवजा दिए काम शुरू किया गया तो कंपनी के कर्मचारियों को किसानों के गुस्से का सामना करना पड़ेगा। डीसी धीरेंद्र ने आश्वासन दिया कि किसानों की समस्या को लेकर कंपनी से बात की जाएगी।   हरियाणा | दैनिक भास्कर