स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू आज पंजाब के लुधियाना पहुंच रहे हैं। सबसे पहले वे सीएमसी अस्पताल के प्रबंधकों के साथ बैठक करेंगे। इसके बाद करीब 12 बजे वे बचत भवन में डिप्टी कमिश्नर लुधियाना साक्षी साहनी के साथ बैठक करेंगे। बैठक में शहर के सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहेंगे। बैठक में जल जनित बीमारियों के बारे में चर्चा होगी। यह बीमारी मानसून के मौसम में ज्यादा फैलती है। जल जनित बीमारियां बैक्टीरिया, वायरस और परजीवी जैसे सूक्ष्मजीवों से दूषित पानी के संपर्क में आने या उसके सेवन से होती हैं। ये बीमारियां दूषित पानी पीने, दूषित पानी में तैरने या दूषित पानी से धुले भोजन को खाने से व्यक्ति को अपना शिकार बनाती हैं। जल जनित बीमारियों के उदाहरणों में हैजा, टाइफाइड, जिआर्डियासिस और हेपेटाइटिस ए आदि शामिल हैं। जलजनित रोगों के लक्षण और संकेत -जलजनित रोग अक्सर जठरांत्र प्रणाली को प्रभावित करते हैं। इससे दस्त, पेट में दर्द, ऐंठन और मतली होती है। -कुछ जलजनित रोगों में दस्त के साथ उल्टी भी हो सकती है। -हेपेटाइटिस जैसे जलजनित रोगों के मामलों में बुखार के साथ शरीर में दर्द भी हो सकता है। इसके अलावा मतली, उल्टी, भूख न लगना और त्वचा, आंखों और पेशाब में पीलापन भी देखा जा सकता है। -दूसरी ओर, टाइफाइड के लक्षण केवल बुखार और सिरदर्द ही होते हैं। स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू आज पंजाब के लुधियाना पहुंच रहे हैं। सबसे पहले वे सीएमसी अस्पताल के प्रबंधकों के साथ बैठक करेंगे। इसके बाद करीब 12 बजे वे बचत भवन में डिप्टी कमिश्नर लुधियाना साक्षी साहनी के साथ बैठक करेंगे। बैठक में शहर के सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहेंगे। बैठक में जल जनित बीमारियों के बारे में चर्चा होगी। यह बीमारी मानसून के मौसम में ज्यादा फैलती है। जल जनित बीमारियां बैक्टीरिया, वायरस और परजीवी जैसे सूक्ष्मजीवों से दूषित पानी के संपर्क में आने या उसके सेवन से होती हैं। ये बीमारियां दूषित पानी पीने, दूषित पानी में तैरने या दूषित पानी से धुले भोजन को खाने से व्यक्ति को अपना शिकार बनाती हैं। जल जनित बीमारियों के उदाहरणों में हैजा, टाइफाइड, जिआर्डियासिस और हेपेटाइटिस ए आदि शामिल हैं। जलजनित रोगों के लक्षण और संकेत -जलजनित रोग अक्सर जठरांत्र प्रणाली को प्रभावित करते हैं। इससे दस्त, पेट में दर्द, ऐंठन और मतली होती है। -कुछ जलजनित रोगों में दस्त के साथ उल्टी भी हो सकती है। -हेपेटाइटिस जैसे जलजनित रोगों के मामलों में बुखार के साथ शरीर में दर्द भी हो सकता है। इसके अलावा मतली, उल्टी, भूख न लगना और त्वचा, आंखों और पेशाब में पीलापन भी देखा जा सकता है। -दूसरी ओर, टाइफाइड के लक्षण केवल बुखार और सिरदर्द ही होते हैं। पंजाब | दैनिक भास्कर
