लुधियाना में बनेगा ईएसआईसी का पहला मेडिकल कॉलेज, 50 सीटों पर प्रवेश मिलेगा, कार्डधारकों के बच्चों को आरक्षण भी

लुधियाना में बनेगा ईएसआईसी का पहला मेडिकल कॉलेज, 50 सीटों पर प्रवेश मिलेगा, कार्डधारकों के बच्चों को आरक्षण भी

भास्कर खास पंजाब में ईएसआईसी का पहला मेडिकल कॉलेज लुधियाना में बनेगा। यहां 2025-26 के लिए 50 एमबीबीएस छात्रों को प्रवेश मिलेगा। मेडिकल कॉलेज की इमारत का निर्माण अभी होना है, अभी जमीन फाइनल नहीं हो सकी है। वैसे एमबीबीएस के लिए मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया से मान्यता भी मिल चुकी है। मालूम हो कि कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) का जालंधर, लुधियाना, चंडीगढ़ समेत अन्य जिलों में हॉस्पिटल बना है। यहां पर ईएसआईसी कार्डधारकों व उनके परिवार जनों का इलाज होता है। कार्डधारकों को इलाज आैर दवा मुफ्त मिलती है, लेकिन पंजाब में ईएसआईसी का मेडिकल कॉलेज नहीं है। इसलिए केंद्र सरकार ने लुधियाना में मेडिकल कॉलेज बनाने का फैसला लिया था। कॉलेज की नई इमारत का निर्माण होने तक लुधियाना के ईएसआईसी हॉस्पिटल की इमारत में क्लासें चलेंगी। इसके बाद कॉलेज की इमारत का निर्माण होगा। यहां पर नीट में उत्तीर्ण स्टूडेंट्स को प्रवेश मिलेगा। वहीं, ईएसआईसी कार्ड धारकों के बच्चों को एमबीबीएस सीट पर प्रवेश के लिए आरक्षण भी मिलेगा। कॉलेज में प्रवेश होने से स्टूडेंट्स को पढ़ाई के लिए यूपी, दिल्ली, हरियाणा समेत अन्य राज्य में नहीं जाना पड़ेगा। दवा खत्म होने पर जन औषधि केंद्र से मिलेगा स्टॉक इस संबंध में सहायक निदेशक दिलवर सिंह ने कहा कि ईएसआईसी हॉस्पिटल की इमारत में एमबीबीएस स्टूडेंट्स की पढ़ाई शुरू होगी। इसके लिए नए सत्र में एमबीबीएस सीट पर प्रवेश होगा। वहीं अब तक ईएसआईसी हॉस्पिटल में दवा खत्म होने पर मरीजों को परेशानी होती है। दवा चंडीगढ़ से आती है तो कभी-कभार देरी हो जाती है। ऐसे में मरीज दवा के लिए भटकते हैं। अब मरीजों को दवा लेने के लिए दिक्कत नहीं होगी। ईएसआईसी प्रशासन, जालंधर मरीजों के लिए जन औषधि केंद्र से एग्रीमेंट करेगा। इसके बाद जालंधर के भवन का निर्माण होने तक हॉस्पिटल की इमारत में क्लासें चलेंगी हॉस्पिटल में दवा खत्म होने पर मरीजों को तुरंत जन औषधि केंद्र से दवा मिल जाएगी। इसमें सरकार के तय रेट से ही मरीजों की दवा मिलेगी, तो भुगतान में कोई दिक्कत भी नहीं होगी। लुधियाना के ईएसआईसी हॉस्पिटल की फाइल फोटो, यहीं अभी क्लासिस शुरू की जाएंगी। भास्कर खास पंजाब में ईएसआईसी का पहला मेडिकल कॉलेज लुधियाना में बनेगा। यहां 2025-26 के लिए 50 एमबीबीएस छात्रों को प्रवेश मिलेगा। मेडिकल कॉलेज की इमारत का निर्माण अभी होना है, अभी जमीन फाइनल नहीं हो सकी है। वैसे एमबीबीएस के लिए मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया से मान्यता भी मिल चुकी है। मालूम हो कि कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) का जालंधर, लुधियाना, चंडीगढ़ समेत अन्य जिलों में हॉस्पिटल बना है। यहां पर ईएसआईसी कार्डधारकों व उनके परिवार जनों का इलाज होता है। कार्डधारकों को इलाज आैर दवा मुफ्त मिलती है, लेकिन पंजाब में ईएसआईसी का मेडिकल कॉलेज नहीं है। इसलिए केंद्र सरकार ने लुधियाना में मेडिकल कॉलेज बनाने का फैसला लिया था। कॉलेज की नई इमारत का निर्माण होने तक लुधियाना के ईएसआईसी हॉस्पिटल की इमारत में क्लासें चलेंगी। इसके बाद कॉलेज की इमारत का निर्माण होगा। यहां पर नीट में उत्तीर्ण स्टूडेंट्स को प्रवेश मिलेगा। वहीं, ईएसआईसी कार्ड धारकों के बच्चों को एमबीबीएस सीट पर प्रवेश के लिए आरक्षण भी मिलेगा। कॉलेज में प्रवेश होने से स्टूडेंट्स को पढ़ाई के लिए यूपी, दिल्ली, हरियाणा समेत अन्य राज्य में नहीं जाना पड़ेगा। दवा खत्म होने पर जन औषधि केंद्र से मिलेगा स्टॉक इस संबंध में सहायक निदेशक दिलवर सिंह ने कहा कि ईएसआईसी हॉस्पिटल की इमारत में एमबीबीएस स्टूडेंट्स की पढ़ाई शुरू होगी। इसके लिए नए सत्र में एमबीबीएस सीट पर प्रवेश होगा। वहीं अब तक ईएसआईसी हॉस्पिटल में दवा खत्म होने पर मरीजों को परेशानी होती है। दवा चंडीगढ़ से आती है तो कभी-कभार देरी हो जाती है। ऐसे में मरीज दवा के लिए भटकते हैं। अब मरीजों को दवा लेने के लिए दिक्कत नहीं होगी। ईएसआईसी प्रशासन, जालंधर मरीजों के लिए जन औषधि केंद्र से एग्रीमेंट करेगा। इसके बाद जालंधर के भवन का निर्माण होने तक हॉस्पिटल की इमारत में क्लासें चलेंगी हॉस्पिटल में दवा खत्म होने पर मरीजों को तुरंत जन औषधि केंद्र से दवा मिल जाएगी। इसमें सरकार के तय रेट से ही मरीजों की दवा मिलेगी, तो भुगतान में कोई दिक्कत भी नहीं होगी। लुधियाना के ईएसआईसी हॉस्पिटल की फाइल फोटो, यहीं अभी क्लासिस शुरू की जाएंगी।   पंजाब | दैनिक भास्कर