हरियाणा में खनन माफिया ने पुलिस को खदेड़ा:पीछा किया तो चलते डंपर से पत्थर गिराए, नूंह में पुलिस फोटो खींचती रही आरोपी भागे

हरियाणा में खनन माफिया ने पुलिस को खदेड़ा:पीछा किया तो चलते डंपर से पत्थर गिराए, नूंह में पुलिस फोटो खींचती रही आरोपी भागे

हरियाणा के नूंह में पुलिस के सामने खनन माफियाओं की दबंगई देखने को मिली है। खनन को रोकने पहुंची पुलिस टीम के सामने ही पत्थरों से भरा डंपर निकल जाता है और पुलिस खड़ी बस देखती रह जाती है। हालांकि पुलिस उनका पीछा करती है लेकिन माफिया पुलिस को रोकने के लिए डंपर का डाला खोल देते हैं जिससे सड़क पर ही पत्थर गिर जाते हैं और पुलिस को अपनी गाड़ी रोकनी पड़ती है। इस पूरी घटना से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है। जिसमें कुछ युवक पुलिस को मारने की बात भी कहते नजर आ रहे हैं। वीडियो में क्या दिख रहा… सड़क पर पत्थर फेंक पुलिस को रोका
1 मिनट 43 सेकेंड का यह वीडियो फिरोजपुर झिरका के गांव घाटा बसई का बताया जा रहा है। जिसमें दिख रहा है की पुलिस बिना नंबर की एक बोलेरो गाड़ी से डंपर का पीछा कर रही है। पुलिस डंपर का पीछा इसलिए कर रही थी क्योंकि पुलिस को सूचना थी की डंपर में लादे गए पत्थर अवैध खनन से निकाले गए हैं। तभी अचानक डंपर रुक जाता है, इसके साथ ही पुलिस की गाड़ी भी रुक जाती है। दो पुलिस कर्मी गाड़ी से बाहर निकलते हैं कि तभी सड़क की साइड में खड़े दूसरे डंपर से एक व्यक्ति आता है और पत्थरों से लदे डंपर का डाला खोल देता है, जिससे पुलिस की गाड़ी के आगे सड़क पर पत्थरों का ढ़ेर लग जाता है। पुलिस से बहस करता दिखा युवक
जहां ये वारदात हुई वहां पहले से ही 5 और डंपर खड़े हो रखे थे। सभी पत्थरों से भरे हुए थे। इनमें से एक डंपर बीच सड़क पर टेढा खड़ा हो रखा था जिसके कारण पुलिस से बचकर भाग रहे डंपर को भी रुकना पड़ा था। डंपर के साथ साथ पुलिस की गाडी भी रुकी तो पुलिस कर्मचारी उतरे और डंपर ड्राइवरों के फोटो खींचने लगे। इस दौरान वहां पर भगदड़ जैसा माहौल हो गया। सभी माफियाओं ने दोनों पुलिस कर्मियों को चारों तरफ से घेर लिया। वह पुलिस से बहस करने लगे, कुछ ही सेकेंड के बाद वो पुलिस को खदेड़ते हुए डंपरों को भगा ले गए और पुलिस कर्मचारी उनके सामने बेबस नजर आए। वीडियो में एक युवक पुलिस को पीटने की बात भी कह रहा है। डीसी ने खनन क्षेत्र का किया था निरीक्षण
अरावली क्षेत्र में अवैध खनन पर पूरी तरह से रोक लगाने के जिला प्रशासन से लेकर पुलिस प्रशासन दावे करता है। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही नजर आ रही है। सच्चाई तो यह है कि जिले में अवैध खनन रुका ही नहीं। हालांकि 7 दिन पहले डीसी विश्राम कुमार मीणा खनन होने की शिकायत पर पहाड़ों का निरीक्षण कर चुके हैं। जिसके दो दिन बाद ही यह घटना सामने आ गई। पिनगवां में भी अवैध खनन जारी
वहीं पिनगवा खंड के गांवों में भी अवैध खनन माफियाओं का आतंक लगातार देखने को मिल रहा है। पिनगवां में दिन दहाड़े होडल पुन्हाना रोड पर पत्थरों से भरे हुए ट्रैक्टर देखे जा रहे हैं। लेकिन पुलिस पूरी तरह मौन नजर आ रही है। जबकि मेवात जिले के पुलिस कप्तान और जिला उपयुक्त अवैध खनन माफियाओं के खिलाफ लगातार कार्रवाई करने की बात कह रहे हैं। लेकिन स्थानीय पुलिस कर्मचारियों के सामने यह आदेश झूठे साबित हो रहे हैं और खनन माफियाओं के हौंसले दिन प्रतिदिन बुलंद हो रहे हैं। डीएसपी की हत्या के बाद भी नहीं सुधरे हालत
नूंह में वर्ष 2022 जुलाई में खनन माफियाओं द्वारा डंपर से कुचलकर डीएसपी सुरेंद्र सिंह को मौत के घाट उतारा गया था। घटना के बाद खनन को रोकने के लिए जिला प्रशासन से लेकर पुलिस के आला अधिकारियों ने तमाम दावे किए थे। लेकिन सारे दावे खोखले नजर आ रहे हैं। लगातार हो रहे अवैध खनन के कारण ही फिरोजपुर झिरका थाना क्षेत्र अंतर्गत अरावली की पहाड़ियों में बड़ी-बड़ी खदानें बन गई हैं। एसपी बोले- इंफोर्समेंट ब्यूरो की टीम ने किया चालान
इस मामले को लेकर नूंह एसपी विजय प्रताप ने कहा कि डंपरों का पीछा करने वाले कर्मचारी इंफोर्समेंट ब्यूरो टीम के सदस्य थे। जो चालान काटने के लिए वहां गए थे। हरियाणा के नूंह में पुलिस के सामने खनन माफियाओं की दबंगई देखने को मिली है। खनन को रोकने पहुंची पुलिस टीम के सामने ही पत्थरों से भरा डंपर निकल जाता है और पुलिस खड़ी बस देखती रह जाती है। हालांकि पुलिस उनका पीछा करती है लेकिन माफिया पुलिस को रोकने के लिए डंपर का डाला खोल देते हैं जिससे सड़क पर ही पत्थर गिर जाते हैं और पुलिस को अपनी गाड़ी रोकनी पड़ती है। इस पूरी घटना से जुड़ा एक वीडियो भी सामने आया है। जिसमें कुछ युवक पुलिस को मारने की बात भी कहते नजर आ रहे हैं। वीडियो में क्या दिख रहा… सड़क पर पत्थर फेंक पुलिस को रोका
1 मिनट 43 सेकेंड का यह वीडियो फिरोजपुर झिरका के गांव घाटा बसई का बताया जा रहा है। जिसमें दिख रहा है की पुलिस बिना नंबर की एक बोलेरो गाड़ी से डंपर का पीछा कर रही है। पुलिस डंपर का पीछा इसलिए कर रही थी क्योंकि पुलिस को सूचना थी की डंपर में लादे गए पत्थर अवैध खनन से निकाले गए हैं। तभी अचानक डंपर रुक जाता है, इसके साथ ही पुलिस की गाड़ी भी रुक जाती है। दो पुलिस कर्मी गाड़ी से बाहर निकलते हैं कि तभी सड़क की साइड में खड़े दूसरे डंपर से एक व्यक्ति आता है और पत्थरों से लदे डंपर का डाला खोल देता है, जिससे पुलिस की गाड़ी के आगे सड़क पर पत्थरों का ढ़ेर लग जाता है। पुलिस से बहस करता दिखा युवक
जहां ये वारदात हुई वहां पहले से ही 5 और डंपर खड़े हो रखे थे। सभी पत्थरों से भरे हुए थे। इनमें से एक डंपर बीच सड़क पर टेढा खड़ा हो रखा था जिसके कारण पुलिस से बचकर भाग रहे डंपर को भी रुकना पड़ा था। डंपर के साथ साथ पुलिस की गाडी भी रुकी तो पुलिस कर्मचारी उतरे और डंपर ड्राइवरों के फोटो खींचने लगे। इस दौरान वहां पर भगदड़ जैसा माहौल हो गया। सभी माफियाओं ने दोनों पुलिस कर्मियों को चारों तरफ से घेर लिया। वह पुलिस से बहस करने लगे, कुछ ही सेकेंड के बाद वो पुलिस को खदेड़ते हुए डंपरों को भगा ले गए और पुलिस कर्मचारी उनके सामने बेबस नजर आए। वीडियो में एक युवक पुलिस को पीटने की बात भी कह रहा है। डीसी ने खनन क्षेत्र का किया था निरीक्षण
अरावली क्षेत्र में अवैध खनन पर पूरी तरह से रोक लगाने के जिला प्रशासन से लेकर पुलिस प्रशासन दावे करता है। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही नजर आ रही है। सच्चाई तो यह है कि जिले में अवैध खनन रुका ही नहीं। हालांकि 7 दिन पहले डीसी विश्राम कुमार मीणा खनन होने की शिकायत पर पहाड़ों का निरीक्षण कर चुके हैं। जिसके दो दिन बाद ही यह घटना सामने आ गई। पिनगवां में भी अवैध खनन जारी
वहीं पिनगवा खंड के गांवों में भी अवैध खनन माफियाओं का आतंक लगातार देखने को मिल रहा है। पिनगवां में दिन दहाड़े होडल पुन्हाना रोड पर पत्थरों से भरे हुए ट्रैक्टर देखे जा रहे हैं। लेकिन पुलिस पूरी तरह मौन नजर आ रही है। जबकि मेवात जिले के पुलिस कप्तान और जिला उपयुक्त अवैध खनन माफियाओं के खिलाफ लगातार कार्रवाई करने की बात कह रहे हैं। लेकिन स्थानीय पुलिस कर्मचारियों के सामने यह आदेश झूठे साबित हो रहे हैं और खनन माफियाओं के हौंसले दिन प्रतिदिन बुलंद हो रहे हैं। डीएसपी की हत्या के बाद भी नहीं सुधरे हालत
नूंह में वर्ष 2022 जुलाई में खनन माफियाओं द्वारा डंपर से कुचलकर डीएसपी सुरेंद्र सिंह को मौत के घाट उतारा गया था। घटना के बाद खनन को रोकने के लिए जिला प्रशासन से लेकर पुलिस के आला अधिकारियों ने तमाम दावे किए थे। लेकिन सारे दावे खोखले नजर आ रहे हैं। लगातार हो रहे अवैध खनन के कारण ही फिरोजपुर झिरका थाना क्षेत्र अंतर्गत अरावली की पहाड़ियों में बड़ी-बड़ी खदानें बन गई हैं। एसपी बोले- इंफोर्समेंट ब्यूरो की टीम ने किया चालान
इस मामले को लेकर नूंह एसपी विजय प्रताप ने कहा कि डंपरों का पीछा करने वाले कर्मचारी इंफोर्समेंट ब्यूरो टीम के सदस्य थे। जो चालान काटने के लिए वहां गए थे।   हरियाणा | दैनिक भास्कर