रेवाड़ी| गांव निमोठ स्थित बाबा बिशनदास मंदिर में वामन द्वादसी पर मेला, भंडारा व खेल-कूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कबड्डी (नेशनल प्रो) में पाटौदा की विजेता टीम को 21000 रुपए तथा खुशपुरा की उपविजेता टीम को 11,000 रुपए से पुरस्कृत किया गया। वॉलीबॉल में पथरेड़ी की विजेता टीम को 21000 रुपए तथा मोहनपुर की उपविजेता टीम को 11,000 रुपए से पुरस्कृत किया गया। बुजुर्ग दौड़ में रोशन लाल कनीना प्रथम, रामकिशन शर्मा बाढड़ा दूसरे तथा विजयपाल धनौंदा तीसरे स्थान पर रहे। लौंग जम्प में अविनाश रेवाड़ी प्रथम रहा। रेवाड़ी| गांव निमोठ स्थित बाबा बिशनदास मंदिर में वामन द्वादसी पर मेला, भंडारा व खेल-कूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कबड्डी (नेशनल प्रो) में पाटौदा की विजेता टीम को 21000 रुपए तथा खुशपुरा की उपविजेता टीम को 11,000 रुपए से पुरस्कृत किया गया। वॉलीबॉल में पथरेड़ी की विजेता टीम को 21000 रुपए तथा मोहनपुर की उपविजेता टीम को 11,000 रुपए से पुरस्कृत किया गया। बुजुर्ग दौड़ में रोशन लाल कनीना प्रथम, रामकिशन शर्मा बाढड़ा दूसरे तथा विजयपाल धनौंदा तीसरे स्थान पर रहे। लौंग जम्प में अविनाश रेवाड़ी प्रथम रहा। हरियाणा | दैनिक भास्कर
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30 मिनट में विधायक दल नेता चुनने की स्टोरी:प्रदेशाध्यक्ष ने विधायक को सैनी के नाम की पर्ची दी, ऑब्जर्वर ने विज-आरती राव से पूछा
30 मिनट में विधायक दल नेता चुनने की स्टोरी:प्रदेशाध्यक्ष ने विधायक को सैनी के नाम की पर्ची दी, ऑब्जर्वर ने विज-आरती राव से पूछा हरियाणा में नायब सैनी आज दूसरी बार CM की शपथ लेने जा रहे हैं। उन्हें बुधवार को विधायक दल का नेता चुना गया। इसको लेकर पंचकूला में BJP के ऑफिस में विधायक दल की मीटिंग हुई, जिसमें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव बतौर ऑब्जर्वर पहुंचे थे। मीटिंग में नायब सैनी के नाम की पर्ची नरवाना से विधायक कृष्ण कुमार बेदी ने खोली। उन्हें ये पर्ची पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली ने पकड़ाई थी। इसके बाद ऑब्जर्वर मोहन यादव ने अनिल विज समेत अन्य विधायकों को पूछा। विधायकों की सहमति के बाद अमित शाह ने खड़े होकर नायब सैनी के नाम का ऐलान किया। इसके बाद अमित शाह और मोहन यादव के साथ नायब सैनी हरियाणा राजभवन पहुंचे, जहां उन्होंने सरकार बनाने का दावा पेश किया। विधायक दल मीटिंग में क्या-क्या हुआ, विस्तार से पढ़िए… 1. अमित शाह ने विधायकों और नेताओं को पगड़ी पहनाई
बुधवार (16 अक्टूबर) को 12 बजकर 45 मिनट पर अमित शाह पंचकूला में पंचकमल ऑफिस पहुंचे। जहां विधायक अनिल विज, पूर्व स्पीकर ज्ञानचंद गुप्ता और पार्टी के अन्य नेताओं ने उनका स्वागत किया। करीब 1 बजे अमित शाह मीटिंग हॉल में पहुंचे। जहां उन्होंने सभी विधायकों को पगड़ी पहनाने के बाद वन टू वन परिचय लिया। 2. कृष्ण बेदी को बड़ौली ने सौंपी पर्ची
1 बजकर 20 मिनट पर कृष्ण बेदी को पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली ने एक पर्ची दी। पर्ची में विधायक दल के नेता के रूप में नायब सैनी का नाम था। इसके बाद कृष्ण बेदी ने मीटिंग में नायब सैनी को नेता चुनने का प्रस्ताव रखा। प्रस्ताव पर MP के सीएम मोहन यादव ने अनिल विज को कहा कि इस पर आपका क्या कहना है तो उन्होंने कहा कि मुझे कोई आपत्ति नहीं है। इसके बाद बाकी विधायकों से भी इस बारे में पूछा गया। 3. विधायकों ने नायब सैनी के नाम पर सहमति जताई
बेदी ने कहा कि हमने इन्हीं के नेतृत्व में चुनाव लड़ा है। इसके बाद सभी विधायकों ने नायब सैनी को विधायक दल का नेता चुने जाने पर अपनी सहमति जताई। 4. शाह ने थपथपाई सैनी की पीठ
1.30 बजे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नायब सैनी के नाम का ऐलान किया। नाम का ऐलान होने के बाद नायब सैनी कुर्सी से उठकर शाह की तरफ गए। जहां वह शाह से मिले। शाह ने नायब सैनी की पीठ थपथपाई और गुलदस्ता दिया। इसके बाद अमित शाह दोपहर करीब 2 बजे सीएम नायब सैनी को साथ लेकर राजभवन की ओर रवाना हो गए। जहां सरकार बनाने का दावा पेश किया गया। ये खबर भी पढ़ें…. नायब सैनी ही रहेंगे हरियाणा के CM:शाह की मौजूदगी में नाम तय; राजभवन पहुंचकर सरकार बनाने का दावा पेश किया, शपथ कल हरियाणा में नायब सिंह सैनी ही मुख्यमंत्री बने रहेंगे। बुधवार (16 अक्टूबर) को पंचकूला में BJP विधायक दल की मीटिंग में उन्हें नेता चुना गया। मीटिंग में विधायक कृष्ण बेदी ने नायब सैनी के नाम का प्रस्ताव रखा। जिसका अनिल विज और आरती राव ने समर्थन किया। फिर सभी विधायकों ने नायब सैनी के नाम पर सहमति दे दी। (पूरी खबर पढ़ें)

हरियाणा-दिल्ली में दहशत फैलाने वाला गैंगस्टर खैरमपुरिया कौन:मां को तंग करने पर मामा पर की थी फायरिंग, पैरोल पर आने के बाद 4 कत्ल
हरियाणा-दिल्ली में दहशत फैलाने वाला गैंगस्टर खैरमपुरिया कौन:मां को तंग करने पर मामा पर की थी फायरिंग, पैरोल पर आने के बाद 4 कत्ल हरियाणा के सोनीपत शहर के फेमस मातूराम हलवाई की शॉप के बाहर एक के बाद एक 30 राउंड गोलियां चली। एक गोली दूध बेचने वाले शख्स को भी लगी। फायरिंग करने वाले शूटर दुकान पर एक पर्ची फेंक गए, जिसमें 2 करोड़ रुपए की फिरौती और हरियाणा के गैंगस्टर हिमांशु भाऊ के साथ काला खैरमपुरिया के नाम का जिक्र था। यहीं वो दिन था, जब काला राणा का नाम अपराध की दुनिया में लाइमलाइट में आया। हिसार शहर में नामी महिंद्रा कंपनी के शोरूम में रूटीन की तरह पूरा स्टाफ अपने काम में लगा हुआ था। दोपहर के समय एक बाइक पर तीन शूटर पहुंचे। शूटर्स ने अंधाधुंध 35 से ज्यादा राउंड फायरिंग की और 5 करोड़ रुपए की फिरौती से संबंधित एक पर्ची फेंक कर फरार हो गए। इस पर्ची में भी हिमांशु भाऊ के साथ काला खैरमपुरिया के नाम का जिक्र था। इसके बाद तो पुलिस के लिए काला राणा एक तरह से टारगेट बन गया। हरियाणा की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने राकेश उर्फ काला को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। हिसार के गांव खैरमपुर के रहने वाले राकेश को क्राइम की दुनिया में काला खैरमपुरिया के नाम से जाना जाता हैं। महज 22 साल की उम्र में अपराध की दुनिया में कदम रख सनसनी फैलाने वाले इस सनकी मिजाज काला राणा ने पिछले एक लाल में हरियाणा ही नहीं, बल्कि दिल्ली पुलिस के सामने भी कई बार चुनौती पेश की। ये बात भी सामने आई कि पिता की मौत के बाद काला की मां को मामा परेशान कर रहे थे। इस पर उसने साथियों के साथ मिलकर मामा पर फायरिंग करवा दी थी। हालांकि उसमें मामा बच गया था। 2024 में पहली वारदात, सजा के बाद देश छोड़ भागा
STF से मिली जानकारी के मुताबिक, काला खैरमपुरिया का पहली बार नाम 2014 में हिसार जिले में हुई एक लूट की वारदात में सामने आया। इस केस में जेल चला गया। यहां उसकी कुछ लोकल बदमाशों से दोस्ती हो गई। जेल से छूटने के बाद उसने इलाके में कई अन्य वारदातें की, लेकिन 2015 में उसने राजस्थान के हनुमानगढ़ जिले में एक शख्स की हत्या कर सबसे बड़ी वारदात को अंजाम दिया। राजस्थान पुलिस ने कुछ समय बाद उसे पकड़ भी लिया और वह हनुमानगढ़ जेल में बंद रहा। 2018 में उसे इसी कत्ल केस में हनुमानगढ़ की अदालत से उम्रकैद की सजा हो गई। हनुमानगढ़ जेल में रहते हुए उसके संपर्क उत्तर भारत में एक्टिव कई बड़े गैंगस्टर से हो गए। सजा के 2 साल बाद उसे 2020 में कोर्ट से पैरोल मिल गई, लेकिन काला खैरमपुरिया वापस जेल जाने की बजाए फरार हो गए। इसके बाद तो उसने ऐसा आतंक मचाया कि टारगेट किलिंग, हत्या का प्रयास, लूट, फिरौती, रंगदारी जैसे 14 वारदातों को या तो खुद अंजाम दिया या फिर विदेश में बैठकर अपने गुर्गो के जरिए अंजाम दिलवाया। उसने 2021 में फतेहाबाद जिले के गांव दरौली में एक शख्स की हत्या की। इसके साथ ही हनुमानगढ़, सिरसा, हिसार में कई जगह गोलियां चलाकर फिरौती मांगी। जब वह पुलिस के लिए सिरदर्द बनने लगा तो वह कुछ समय के लिए शांत बैठ गया। 2023 में उसने फर्जी पते पर फर्जी पासपोर्ट तैयार कराया और फिर पहले यूएई, आर्मीनिया के बाद थाईलैंड पहुंच गया। गैंगस्टर भाऊ और नीरज के संपर्क में आया
यहां पहुंचने के बाद काला राणा गैंगस्टर हिमांशु भाऊ और नीरज फरीदपुरिया के संपर्क में आया। इन दोनों बड़े गैंगस्टर के साथ मिलकर अपनी गैंग को दिल्ली-हरियाणा में एक्टिव कर दिया। गैंग के गुर्गों के जरिए उसने सोनीपत में मातूराम हलवाई के यहां फिरौती के लिए फायरिंग कराई। इसके बाद सोनीपत में ही शराब कारोबारी सुंदर मलिक का कत्ल करा दिया। यही नहीं काला खैरमपुरिया ने दिल्ली के तिलक नगर में एक नामी शोरूम पर फायरिंग कराकर 5 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगी। उसके बाद 18 जून को दिल्ली के राजौरी गार्डन में अमन जून नाम के शख्स की गैंगवारी में हत्या करा दी। 24 जून को उसने हिसार में इनेलो नेता रामभगत के बेटे के शोरूम पर फायरिंग कराकर 5 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगी। एक बाद एक काला खैरमपुरिया का नाम पुलिस के रोजनामचे में चढ़ता गया। हिसार की घटना के बाद पुलिस के साथ-साथ सरकार की भी काफी किरकिरी हुई। इसी के चलते एसटीएफ ने कमान संभाली और फिर सबसे पहले पुलिस ने उस पते को ढूंढ निकाला, जिसके जरिए काला फर्जी पासपोर्ट बनवाकर देश छोड़कर भागा था। पुलिस ने उसी पते के आधार पर काला की ट्रैवलिंग रूट की हिस्ट्री खंगाली और फिर उसका पुख्ता ठिकाना पता लगने के बाद पासपोर्ट रद्द करवाकर उसे अरेस्ट कर लिया।

रेवाड़ी में एक साथ जली 4 युवकों की चिताएं:ग्रामीणों के छलके आंसू; मृतकों में दो चचेरे भाई इकलौते बेटे थे
रेवाड़ी में एक साथ जली 4 युवकों की चिताएं:ग्रामीणों के छलके आंसू; मृतकों में दो चचेरे भाई इकलौते बेटे थे हरियाणा के रेवाड़ी जिले के गांव लिसाना में शुक्रवार को एक साथ चार युवकों की चिताएं जली। गांव में मातम पसर गया और अंतिम संस्कार में शामिल लोगों की आंखें छलक उठी। चारों युवक नये साल का जश्न मनाने घर से निकले थे। बुधवार रात को उत्तराखंड के रुड़की में भीषण सड़क हादसे में इन चारों की दर्दनाक मौत हो गई। एक दोस्त गंभीर रूप से घायल है। मृतकों में दो चचेरे भाई भी हैं। बीती रात को 11 बजे चारों के शव रेवाड़ी के गांव लिसाना में पहुंचे थे। आज सुबह शुक्रवार को 10 बजे गांव के ही श्मशान घाट में चारों युवकों का एक साथ अंतिम संस्कार किया गया। भारी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। गांव लिसाना से 5 दोस्त 27 वर्षीय केहर सिंह, 38 वर्षीय प्रकाश सिंह, 25 वर्षीय आदित्य सिंह, 27 वर्षीय मनीष कुमार उर्फ मुंशी व 37 वर्षीय महिपाल सिंह कार में सवार होकर बुधवार की सुबह हरिद्वार घूमने गए थे। बुधवार की देर रात को ही वे घूमने के बाद वापस रेवाड़ी लौट रहे थे। रात को उनकी कार रुड़की के पास सड़क किनारे खड़े एक सीमेंट से भरे ट्रक से टकरा गई। कार के परखचे उड़ गए। कार में बैठे चार दोस्तों केहर सिंह, प्रकाश सिंह, आदित्य सिंह व मनीष कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि पांचवा साथी महिपाल सिंह गंभीर रूप से घायल हो गया चारों मृतक विवाहित थे। इनमें मनीष व केहर सिंह चचेरे भाई थे। मनीष व केहर सिंह अपने माता-पिता के इकलौते पुत्र थे।