मुजफ्फरनगर में भाजपा के पूर्व विधायक विक्रम सिंह सैनी ने कहा, अगर कोई महापुरुषों के बारे में गलत बात करे तो उसकी खाल में भूसा भर दो। आंदोलन-वांदोलन से कुछ नहीं होता। आजादी चरखा चलाने या सत्याग्रह से नहीं मिली, अंग्रेजों को ठोकने से मिली। उन्होंने कहा, आंदोलन मत करो, चार लड़के जाओ और ऐसी बात करने वाले को ठोक दो। मुकदमे होंगे तो क्या, कुछ नहीं होता। अगर चरखे से दुश्मन डरते हों तो बॉर्डर पर लाखों-करोड़ों चरखे रख दो, दुश्मन भाग जाएंगे। विक्रम सैनी रविवार को शहर के रामलीला टिल्ला पर आयोजित कार्यक्रम में बोले रहे थे। मंच पर मंत्री कपिल देव अग्रवाल और केंद्रीय राज्यमंत्री संजीव बालियान समेत कई नेता मौजूद थे। सैनी ने यह बयान सपा सांसद रामजी लाल सुमन के राणा सांगा पर दिए गए बयान के जवाब में दिया है। अब विस्तार से पढ़िए… विक्रम सैनी को हुई थी 2 साल की सजा, चली गई थी विधायकी
मुजफ्फरनगर दंगे से पहले 27 अगस्त 2013 को कवाल गांव में गौरव और सचिन की हत्या हुई थी। पुलिस ने खतौली विधान सभा सीट से विधायक रहे विक्रम सैनी समेत 28 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। 11 अक्टूबर, 2022 को विक्रम सैनी सहित इन सभी 28 में से 12 लोगों को एमपी एमएलए कोर्ट ने 2-2 साल की सजा सुनाते हुए 10-10 हजार रुपए का आर्थिक दंड भी लगाया था। मामले में सबूत के अभाव में 15 लोगों को बरी कर दिया गया था। वहीं एक शख्स की मौत हो गई थी। विक्रम सैनी ने तब कहा था, ‘कवाल में दंगा हुआ था। गौरव और सचिन की हत्या कर दी गई थी। बहन-बेटियों के सम्मान में लड़ाई लड़ी गई। पुलिस ने फर्जी मुकदमा दर्ज किया था। न्यायालय ने 2 साल की सजा सुनाई। सजा का गम नहीं है। लड़ाई लड़ी है और लड़ते रहेंगे। पार्टी का कार्यकर्ता होने के नाते काम करता रहूंगा। मेरी विधानसभा सदस्यता जा सकती है, लेकिन मेरी पार्टी की सदस्यता तो रहेगी। मैं पार्टी के लिए चार गुना शक्ति से कार्य करता रहूंगा। देश हित में काम करता रहूंगा। हिंदू हित में कार्य करता रहूंगा। इटावा में करणी सेना को रामगोपाल ने बताया अपराधी
इटावा में रविवार को सपा के महासचिव प्रोफेसर रामगोपाल यादव ने सपा सांसद रामजीलाल सुमन के घर पर प्रदर्शन करने को लेकर तीखी प्रक्रिया दी। करणी सेना को लेकर उन्होंने कहा, ये अपराधियों का गिरोह है। पुलिस प्रशासन इसको संरक्षण दे रही। अगर करणी सेना की ऐसी हरकतें जारी रहीं तो सपा नेता इसका मुंहतोड़ जवाब देंगी। रामजीलाल दलित, इसलिए हो रहा विरोध
गुजरात में करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष के साथ हुए पुलिस दुर्व्यवहार का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि तब करणी सेना चुप रही। लेकिन रामजीलाल सुमन के खिलाफ इसलिए आक्रामक हो गई क्योंकि वह दलित हैं। पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) इन्हें ऐसा जवाब देगा कि यह लोग सही रास्ते पर आ जाएंगे। रामगोपाल यादव ने कहा, सपा नेता रामजीलाल सुमन पर हमले के समय मुख्यमंत्री की बैठक पास में थी, फिर भी करणी सेना के लोग 15 किलोमीटर दूर से आकर हमला कर गए। गृहमंत्री अमित शाह के 30 साल सत्ता में रहने के दावे पर कहा कि लोकतंत्र में जनता सर्वोपरि है। रामगोपाल ने कहा, भाजपा नेताओं एक ओर मुस्लिम समाज के खिलाफ बयानबाजी कर रहे, दूसरी ओर सौगातें मोदी योजना के तहत किट बांटे जा रहे। ये महज दिखावा है। जनता सब कुछ जानती है। अब पढ़िए सपा सांसद ने राज्यसभा में क्या कहा था… सपा सांसद ने बोला था- हिंदू गद्दार राणा सांगा की औलाद
सपा सांसद रामजीलाल सुमन ने 21 मार्च को राज्यसभा में कहा था, ‘भाजपा वालों का तकिया कलाम हो गया कि मुसलमानों में बाबर का डीएनए है। फिर हिंदुओं में किसका डीएनए है? बाबर को कौन लाया? बाबर को भारत में इब्राहीम लोदी को हराने के लिए राणा सांगा लाया था। मुसलमान बाबर की औलाद हैं तो तुम (हिंदू) गद्दार राणा सांगा की औलाद हो। यह हिंदुस्तान में तय हो जाना चाहिए। बाबर की आलोचना करते हैं, राणा सांगा की नहीं। देश की आजादी की लड़ाई में इन्होंने अंग्रेजों की गुलामी की थी। हिंदुस्तान का मुसलमान बाबर को अपना आदर्श नहीं मानता है। वो मोहम्मद साहब और सूफी परंपरा को आदर्श मानता है। राणा सांगा मेवाड़ के राजा थे, 19 साल राज किया
राणा सांगा (महाराणा संग्राम सिंह) ने राजस्थान के मेवाड़ में 1509 से 1528 तक शासन किया। वे उदयपुर में सिसोदिया राजपूत राजवंश के राजा थे और राणा रायमल के सबसे छोटे पुत्र थे। इन्होंने मेवाड़ साम्राज्य का विस्तार किया। उसके तहत राजपूताना के सभी राजाओं को संगठित किया। राणा सांगा ने विदेशी आक्रमणकारियों के विरुद्ध सभी राजपूतों को एक किया। इन्होंने दिल्ली, गुजरात और मालवा मुगल बादशाहों के आक्रमणों से अपने राज्य की रक्षा की। —————————————————– यह खबर भी पढ़िए… जहां चाहूंगा नमाज पढूंगा, देखें कौन रोकता है:बरेली में तौकीर रजा बोले- अनुज चौधरी के खिलाफ धरना देने संभल जाऊंगा ‘अगर मस्जिद फुल हो गई। मुझे नमाज पढ़नी है तो सड़क पर 2 से 5 मिनट के लिए पढ़ लेता हूं। इसमें आपको क्या कष्ट है? यह मेरा भी देश है। मैं कहीं पर भी खड़े होकर नमाज पढूंगा। देखता हूं, मुझे नमाज पढ़ने से कौन रोकता है। पढ़ें पूरी खबर मुजफ्फरनगर में भाजपा के पूर्व विधायक विक्रम सिंह सैनी ने कहा, अगर कोई महापुरुषों के बारे में गलत बात करे तो उसकी खाल में भूसा भर दो। आंदोलन-वांदोलन से कुछ नहीं होता। आजादी चरखा चलाने या सत्याग्रह से नहीं मिली, अंग्रेजों को ठोकने से मिली। उन्होंने कहा, आंदोलन मत करो, चार लड़के जाओ और ऐसी बात करने वाले को ठोक दो। मुकदमे होंगे तो क्या, कुछ नहीं होता। अगर चरखे से दुश्मन डरते हों तो बॉर्डर पर लाखों-करोड़ों चरखे रख दो, दुश्मन भाग जाएंगे। विक्रम सैनी रविवार को शहर के रामलीला टिल्ला पर आयोजित कार्यक्रम में बोले रहे थे। मंच पर मंत्री कपिल देव अग्रवाल और केंद्रीय राज्यमंत्री संजीव बालियान समेत कई नेता मौजूद थे। सैनी ने यह बयान सपा सांसद रामजी लाल सुमन के राणा सांगा पर दिए गए बयान के जवाब में दिया है। अब विस्तार से पढ़िए… विक्रम सैनी को हुई थी 2 साल की सजा, चली गई थी विधायकी
मुजफ्फरनगर दंगे से पहले 27 अगस्त 2013 को कवाल गांव में गौरव और सचिन की हत्या हुई थी। पुलिस ने खतौली विधान सभा सीट से विधायक रहे विक्रम सैनी समेत 28 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। 11 अक्टूबर, 2022 को विक्रम सैनी सहित इन सभी 28 में से 12 लोगों को एमपी एमएलए कोर्ट ने 2-2 साल की सजा सुनाते हुए 10-10 हजार रुपए का आर्थिक दंड भी लगाया था। मामले में सबूत के अभाव में 15 लोगों को बरी कर दिया गया था। वहीं एक शख्स की मौत हो गई थी। विक्रम सैनी ने तब कहा था, ‘कवाल में दंगा हुआ था। गौरव और सचिन की हत्या कर दी गई थी। बहन-बेटियों के सम्मान में लड़ाई लड़ी गई। पुलिस ने फर्जी मुकदमा दर्ज किया था। न्यायालय ने 2 साल की सजा सुनाई। सजा का गम नहीं है। लड़ाई लड़ी है और लड़ते रहेंगे। पार्टी का कार्यकर्ता होने के नाते काम करता रहूंगा। मेरी विधानसभा सदस्यता जा सकती है, लेकिन मेरी पार्टी की सदस्यता तो रहेगी। मैं पार्टी के लिए चार गुना शक्ति से कार्य करता रहूंगा। देश हित में काम करता रहूंगा। हिंदू हित में कार्य करता रहूंगा। इटावा में करणी सेना को रामगोपाल ने बताया अपराधी
इटावा में रविवार को सपा के महासचिव प्रोफेसर रामगोपाल यादव ने सपा सांसद रामजीलाल सुमन के घर पर प्रदर्शन करने को लेकर तीखी प्रक्रिया दी। करणी सेना को लेकर उन्होंने कहा, ये अपराधियों का गिरोह है। पुलिस प्रशासन इसको संरक्षण दे रही। अगर करणी सेना की ऐसी हरकतें जारी रहीं तो सपा नेता इसका मुंहतोड़ जवाब देंगी। रामजीलाल दलित, इसलिए हो रहा विरोध
गुजरात में करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष के साथ हुए पुलिस दुर्व्यवहार का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि तब करणी सेना चुप रही। लेकिन रामजीलाल सुमन के खिलाफ इसलिए आक्रामक हो गई क्योंकि वह दलित हैं। पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) इन्हें ऐसा जवाब देगा कि यह लोग सही रास्ते पर आ जाएंगे। रामगोपाल यादव ने कहा, सपा नेता रामजीलाल सुमन पर हमले के समय मुख्यमंत्री की बैठक पास में थी, फिर भी करणी सेना के लोग 15 किलोमीटर दूर से आकर हमला कर गए। गृहमंत्री अमित शाह के 30 साल सत्ता में रहने के दावे पर कहा कि लोकतंत्र में जनता सर्वोपरि है। रामगोपाल ने कहा, भाजपा नेताओं एक ओर मुस्लिम समाज के खिलाफ बयानबाजी कर रहे, दूसरी ओर सौगातें मोदी योजना के तहत किट बांटे जा रहे। ये महज दिखावा है। जनता सब कुछ जानती है। अब पढ़िए सपा सांसद ने राज्यसभा में क्या कहा था… सपा सांसद ने बोला था- हिंदू गद्दार राणा सांगा की औलाद
सपा सांसद रामजीलाल सुमन ने 21 मार्च को राज्यसभा में कहा था, ‘भाजपा वालों का तकिया कलाम हो गया कि मुसलमानों में बाबर का डीएनए है। फिर हिंदुओं में किसका डीएनए है? बाबर को कौन लाया? बाबर को भारत में इब्राहीम लोदी को हराने के लिए राणा सांगा लाया था। मुसलमान बाबर की औलाद हैं तो तुम (हिंदू) गद्दार राणा सांगा की औलाद हो। यह हिंदुस्तान में तय हो जाना चाहिए। बाबर की आलोचना करते हैं, राणा सांगा की नहीं। देश की आजादी की लड़ाई में इन्होंने अंग्रेजों की गुलामी की थी। हिंदुस्तान का मुसलमान बाबर को अपना आदर्श नहीं मानता है। वो मोहम्मद साहब और सूफी परंपरा को आदर्श मानता है। राणा सांगा मेवाड़ के राजा थे, 19 साल राज किया
राणा सांगा (महाराणा संग्राम सिंह) ने राजस्थान के मेवाड़ में 1509 से 1528 तक शासन किया। वे उदयपुर में सिसोदिया राजपूत राजवंश के राजा थे और राणा रायमल के सबसे छोटे पुत्र थे। इन्होंने मेवाड़ साम्राज्य का विस्तार किया। उसके तहत राजपूताना के सभी राजाओं को संगठित किया। राणा सांगा ने विदेशी आक्रमणकारियों के विरुद्ध सभी राजपूतों को एक किया। इन्होंने दिल्ली, गुजरात और मालवा मुगल बादशाहों के आक्रमणों से अपने राज्य की रक्षा की। —————————————————– यह खबर भी पढ़िए… जहां चाहूंगा नमाज पढूंगा, देखें कौन रोकता है:बरेली में तौकीर रजा बोले- अनुज चौधरी के खिलाफ धरना देने संभल जाऊंगा ‘अगर मस्जिद फुल हो गई। मुझे नमाज पढ़नी है तो सड़क पर 2 से 5 मिनट के लिए पढ़ लेता हूं। इसमें आपको क्या कष्ट है? यह मेरा भी देश है। मैं कहीं पर भी खड़े होकर नमाज पढूंगा। देखता हूं, मुझे नमाज पढ़ने से कौन रोकता है। पढ़ें पूरी खबर उत्तरप्रदेश | दैनिक भास्कर
BJP के पूर्व विधायक बोले- 4 लड़के जाओ…और ठोक दो:मुजफ्फरनगर में कहा- महापुरुषों पर कोई कमेंट करे, उसकी खाल में भूसा भर दो
