UP STF को मिली बड़ी सफलता, ठगी करने वाले 6 लोग गिरफ्तार

UP STF को मिली बड़ी सफलता, ठगी करने वाले 6 लोग गिरफ्तार

<p style=”text-align: justify;”>यूपी एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है. डिजिटल अरेस्ट, शेयर मार्केट &nbsp;इन्वेस्टमेंट, टास्क, गेमिंग, तरीकों से की जा रही साइबर ठगी में प्रयोग होने वाले कॉर्पोरेट बैंक खाते किराये पर लेकर संचालित करने वाले संगठित गिरोह के सरगना सहित 6 सदस्य गिरफ्तार किए गए हैं. एसटीएफ ने इन 6 अभियुक्तों को लखनऊ के विभूतिखंड इलाके से गिरफ्तार किया है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>STF द्वारा पकड़े गए अभियुक्त, अब्दुल मलिक आयुष मिश्रा यासीन अहमद उर्फ यासिर सैयद अली हुसैन पुष्पेंद्र सिंह विजय कुमार पाठक ये सभी लखनऊ के रहने वाले बताए जा रहे है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>STF द्वारा पकड़े गए अभियुक्त के पास से एसटीएफ ने 11 मोबाइल फोन, 18 डेबिट क्रेडिट कार्ड, दो चेक बुक, एक ब्लैंक चेक, तीन आधार कार्ड, तीन पैन कार्ड, एक निर्वाचन कार्ड, 52 पेज व्हाट्सएप के स्क्रीनशॉट जिसमें साइबर अपराध करने से संबंधित एपीके फाइल चैटिंग कॉर्पोरेट बैंक खातों की जानकारी, व दो चार पहिया बरामद किया.</p>
<p style=”text-align: justify;”>पकड़े गए अभियुक्तों से STF द्वारा पूछताछ में कई अहम जानकारी प्राप्त हुई. पकड़े गए गैंग के सरगना अब्दुल मलिक ने बताया, वर्ष 2017 में संत कबीर नगर से इंटरमीडिएट करने के बाद लखनऊ में नीट की तैयारी करने के लिए आया था 3 वर्षों तक प्रयास करने पर भी &nbsp;सफल नहीं हो पाया इसी बीच लखनऊ में कई लोगों से मित्रता हो गई. लखनऊ में रहने लगा. वर्ष 2022 में अब्दुल मलिक की मुलाकात शुभम ठाकुर नामक व्यक्ति से होती है जो खुद को शेयर मार्केट का बड़ा ट्रेड बताता है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>शुभम ने मलिक को बताया कि उसके साथ काम करने वी इन्वेस्टमेंट करने पर वह &nbsp;एक लाख इन्वेस्ट करने पर 12 हजार प्रतिमाह की दर से फायदा देता है. इस पर मलिक ने 10 लख रुपए अपने व जानने वालों के लगभग 50 लख रुपए शुभम को ट्रेडिंग करने के लिए दिए गए दो माह तक फायदा देने के बाद शुभम सारे पैसे लेकर भाग गया. कर्ज ज्यादा होने के कारण वह लोगों द्वारा अपना रुपया वापस मांगने के कारण मालिक द्वारा साइबर क्राइम कर रुपए कमाने का प्रयास किया जाने लगा इसी बीच वर्ष 2024 &nbsp;में अब्दुल मलिक पर कई गंभीर मुकदमे दर्ज हुए वह उसके गिरोह द्वारा एनजीओ के माध्यम से लगभग 15 लख रुपए की ठगी की गई थी.</p>
<p style=”text-align: justify;”>अब्दुल मालिक द्वारा यह भी बताया गया फरहान ने मलिक को जैकी पूना अवार्ड डेनियल काठमांडू नेपाल से सोशल मीडिया के माध्यम से जोड़ा और कम समय में साइबर क्राइम कर रुपए कमाने के लिए कॉर्पोरेट बैंक खातों की जानकारी व बैंक खाता धारकों को मैनेज कर उनके बैंक खाते की जानकारी साझा करने पर मोटा कमीशन देने की बात हुई इसके बाद मलिक अपने मित्र आयुष मिश्रा यासीन अहमद सईद आलम पुष्पेंद्र सिंह आदि के साथ मिलकर ठगी का काम करने लगा.</p>
<p style=”text-align: justify;”>एसटीएफ को काफी दिनों से इन ठगों की तलाश थी और आज एसटीएफ ने इन सभी को आधार कार्ड ऑफिस के पास गॉडफादर कैफे के सामने विभूति खंड लखनऊ से गिरफ्तार कर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर साइबर क्राइम थाना लखनऊ में दाखिल कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.</p>
<p style=”text-align: justify;”><a href=”https://www.abplive.com/states/up-uk/up-news-activities-will-be-prohibited-in-up-during-navratri-cm-yogi-adityanath-gave-strict-instructions-ann-2914831″><strong>नवरात्र के दौरान यूपी में इन कामों पर रहेगी पाबंदी, सीएम योगी आदित्यनाथ ने दिए सख्त निर्देश</strong></a></p> <p style=”text-align: justify;”>यूपी एसटीएफ को बड़ी सफलता मिली है. डिजिटल अरेस्ट, शेयर मार्केट &nbsp;इन्वेस्टमेंट, टास्क, गेमिंग, तरीकों से की जा रही साइबर ठगी में प्रयोग होने वाले कॉर्पोरेट बैंक खाते किराये पर लेकर संचालित करने वाले संगठित गिरोह के सरगना सहित 6 सदस्य गिरफ्तार किए गए हैं. एसटीएफ ने इन 6 अभियुक्तों को लखनऊ के विभूतिखंड इलाके से गिरफ्तार किया है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>STF द्वारा पकड़े गए अभियुक्त, अब्दुल मलिक आयुष मिश्रा यासीन अहमद उर्फ यासिर सैयद अली हुसैन पुष्पेंद्र सिंह विजय कुमार पाठक ये सभी लखनऊ के रहने वाले बताए जा रहे है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>STF द्वारा पकड़े गए अभियुक्त के पास से एसटीएफ ने 11 मोबाइल फोन, 18 डेबिट क्रेडिट कार्ड, दो चेक बुक, एक ब्लैंक चेक, तीन आधार कार्ड, तीन पैन कार्ड, एक निर्वाचन कार्ड, 52 पेज व्हाट्सएप के स्क्रीनशॉट जिसमें साइबर अपराध करने से संबंधित एपीके फाइल चैटिंग कॉर्पोरेट बैंक खातों की जानकारी, व दो चार पहिया बरामद किया.</p>
<p style=”text-align: justify;”>पकड़े गए अभियुक्तों से STF द्वारा पूछताछ में कई अहम जानकारी प्राप्त हुई. पकड़े गए गैंग के सरगना अब्दुल मलिक ने बताया, वर्ष 2017 में संत कबीर नगर से इंटरमीडिएट करने के बाद लखनऊ में नीट की तैयारी करने के लिए आया था 3 वर्षों तक प्रयास करने पर भी &nbsp;सफल नहीं हो पाया इसी बीच लखनऊ में कई लोगों से मित्रता हो गई. लखनऊ में रहने लगा. वर्ष 2022 में अब्दुल मलिक की मुलाकात शुभम ठाकुर नामक व्यक्ति से होती है जो खुद को शेयर मार्केट का बड़ा ट्रेड बताता है.</p>
<p style=”text-align: justify;”>शुभम ने मलिक को बताया कि उसके साथ काम करने वी इन्वेस्टमेंट करने पर वह &nbsp;एक लाख इन्वेस्ट करने पर 12 हजार प्रतिमाह की दर से फायदा देता है. इस पर मलिक ने 10 लख रुपए अपने व जानने वालों के लगभग 50 लख रुपए शुभम को ट्रेडिंग करने के लिए दिए गए दो माह तक फायदा देने के बाद शुभम सारे पैसे लेकर भाग गया. कर्ज ज्यादा होने के कारण वह लोगों द्वारा अपना रुपया वापस मांगने के कारण मालिक द्वारा साइबर क्राइम कर रुपए कमाने का प्रयास किया जाने लगा इसी बीच वर्ष 2024 &nbsp;में अब्दुल मलिक पर कई गंभीर मुकदमे दर्ज हुए वह उसके गिरोह द्वारा एनजीओ के माध्यम से लगभग 15 लख रुपए की ठगी की गई थी.</p>
<p style=”text-align: justify;”>अब्दुल मालिक द्वारा यह भी बताया गया फरहान ने मलिक को जैकी पूना अवार्ड डेनियल काठमांडू नेपाल से सोशल मीडिया के माध्यम से जोड़ा और कम समय में साइबर क्राइम कर रुपए कमाने के लिए कॉर्पोरेट बैंक खातों की जानकारी व बैंक खाता धारकों को मैनेज कर उनके बैंक खाते की जानकारी साझा करने पर मोटा कमीशन देने की बात हुई इसके बाद मलिक अपने मित्र आयुष मिश्रा यासीन अहमद सईद आलम पुष्पेंद्र सिंह आदि के साथ मिलकर ठगी का काम करने लगा.</p>
<p style=”text-align: justify;”>एसटीएफ को काफी दिनों से इन ठगों की तलाश थी और आज एसटीएफ ने इन सभी को आधार कार्ड ऑफिस के पास गॉडफादर कैफे के सामने विभूति खंड लखनऊ से गिरफ्तार कर गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर साइबर क्राइम थाना लखनऊ में दाखिल कर आगे की कार्रवाई की जा रही है.</p>
<p style=”text-align: justify;”><a href=”https://www.abplive.com/states/up-uk/up-news-activities-will-be-prohibited-in-up-during-navratri-cm-yogi-adityanath-gave-strict-instructions-ann-2914831″><strong>नवरात्र के दौरान यूपी में इन कामों पर रहेगी पाबंदी, सीएम योगी आदित्यनाथ ने दिए सख्त निर्देश</strong></a></p>  उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड 17 साल बाद जस्टिस निर्मल यादव को मिली राहत तो बोलीं, ‘जो अच्छे दिन होते, वो…’