मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड से पीएम मोदी का बड़ा संदेश, खेल साझेदारी होगी मजबूत, ओलंपिक और बिग बैश लीग को लेकर अहम घोषणा

मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड से पीएम मोदी का बड़ा संदेश, खेल साझेदारी होगी मजबूत, ओलंपिक और बिग बैश लीग को लेकर अहम घोषणा

ऑस्ट्रेलिया के आधिकारिक दौरे पर पहुंचे भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (एमसीजी) का दौरा किया, जहां उनका भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज भी उनके साथ मौजूद रहे। दोनों नेताओं ने खेल सहयोग को नई दिशा देने पर जोर दिया और भारत-ऑस्ट्रेलिया के बीच खेलों के क्षेत्र में साझेदारी को और मजबूत बनाने का संदेश दिया। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में भारतीय समुदाय के लोग, युवा खिलाड़ी और खेल जगत से जुड़े कई प्रमुख चेहरे भी मौजूद रहे।

मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण दोनों देशों के प्रधानमंत्रियों की संयुक्त मौजूदगी रही। प्रधानमंत्री मोदी ने मंच से संबोधित करते हुए कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया केवल रणनीतिक और आर्थिक साझेदार ही नहीं हैं, बल्कि खेलों के क्षेत्र में भी एक-दूसरे के मजबूत सहयोगी बनकर उभर रहे हैं। उन्होंने कहा कि आने वाले वर्षों में दोनों देश खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने, प्रशिक्षण सुविधाओं को बेहतर बनाने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नए अवसर उपलब्ध कराने के लिए मिलकर काम करेंगे।

अपने संबोधन में प्रधानमंत्री मोदी ने भारत के ओलंपिक विजन का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत वर्ष 2036 के ओलंपिक खेलों की मेजबानी करने के लिए पूरी गंभीरता के साथ अपनी दावेदारी पेश करेगा। उनका कहना था कि देश में खेलों के लिए लगातार आधुनिक बुनियादी ढांचे का विकास किया जा रहा है और खिलाड़ियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयास तेज किए गए हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि भारत भविष्य में दुनिया के सबसे बड़े खेल आयोजनों की सफल मेजबानी करने की क्षमता रखता है।

इस अवसर पर ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने भी भारत के खेल विकास की सराहना की। उन्होंने कहा कि भारत ने पिछले कुछ वर्षों में खेलों के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है और यदि वह 2036 ओलंपिक की मेजबानी के लिए दावेदारी पेश करता है तो ऑस्ट्रेलिया उसका समर्थन करेगा। उन्होंने दोनों देशों के बीच खेल सहयोग को और व्यापक बनाने की आवश्यकता पर भी बल दिया।

कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने स्थानीय युवा क्रिकेट खिलाड़ियों से मुलाकात की। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ बातचीत की, उनका उत्साह बढ़ाया और कई खिलाड़ियों की क्रिकेट जर्सियों पर अपने हस्ताक्षर भी किए। युवा खिलाड़ियों ने भी प्रधानमंत्री के साथ तस्वीरें खिंचवाईं और इस मुलाकात को यादगार बताया। कार्यक्रम में मौजूद प्रवासी भारतीयों ने भी प्रधानमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया।

मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में मौजूद लोगों के बीच प्रधानमंत्री मोदी ने काफी समय बिताया। उन्होंने भारतीय समुदाय के लोगों से मुलाकात की और उनके साथ संवाद किया। इस दौरान वहां का माहौल उत्साह से भर गया। बड़ी संख्या में लोग प्रधानमंत्री की एक झलक पाने के लिए मौजूद रहे और उन्होंने हाथ हिलाकर सभी का अभिवादन स्वीकार किया।

इस विशेष कार्यक्रम में ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के दिग्गज और पूर्व कप्तान स्टीव वॉ भी शामिल हुए। उन्होंने दोनों देशों के बीच क्रिकेट संबंधों को मजबूत बताते हुए कहा कि भारत और ऑस्ट्रेलिया लंबे समय से खेल के माध्यम से एक-दूसरे के करीब आए हैं। उनकी मौजूदगी ने कार्यक्रम की गरिमा को और बढ़ा दिया।

प्रधानमंत्री मोदी ने ऑस्ट्रेलिया के आधिकारिक इंटरनेशनल मैस्कॉट ‘रूबी द रू’ (Ruby the Roo) से भी मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने मैस्कॉट के साथ तस्वीरें खिंचवाईं और कार्यक्रम में मौजूद बच्चों एवं खिलाड़ियों के साथ हल्के-फुल्के अंदाज में बातचीत की। यह दृश्य वहां मौजूद लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा।

कार्यक्रम के दौरान खेलों से जुड़ी भविष्य की योजनाओं पर भी चर्चा हुई। दोनों देशों ने इस बात पर सहमति जताई कि खिलाड़ियों के आदान-प्रदान, कोचिंग, खेल विज्ञान, खेल प्रबंधन और युवा प्रतिभाओं के विकास जैसे क्षेत्रों में सहयोग को और आगे बढ़ाया जाएगा। माना जा रहा है कि इससे दोनों देशों के बीच खेल संबंधों को नई गति मिल सकती है।

ओलंपिक की मेजबानी को लेकर भारत की तैयारियां भी चर्चा का विषय रहीं। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2036 के समर ओलंपिक के मेजबान शहर का चयन इंटरनेशनल ओलंपिक कमिटी वर्ष 2029 के मध्य तक कर सकती है। इस दौड़ में भारत अपनी मजबूत दावेदारी पेश करने की दिशा में लगातार प्रयास कर रहा है। अहमदाबाद को संभावित मेजबान शहर के रूप में प्रस्तावित किया गया है और इसके लिए आवश्यक खेल ढांचे को विकसित करने की दिशा में काम जारी है।

भारत का लक्ष्य केवल ओलंपिक की मेजबानी हासिल करना ही नहीं, बल्कि उससे पहले कई बड़े अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों का सफल आयोजन कर अपनी क्षमता भी प्रदर्शित करना है। इसी रणनीति के तहत देश में विश्वस्तरीय खेल सुविधाओं के विस्तार और आयोजन क्षमता को लगातार मजबूत किया जा रहा है।

इस बीच कार्यक्रम में बिग बैश लीग को लेकर भी अहम घोषणा की गई। दोनों देशों की ओर से जानकारी दी गई कि इस वर्ष दिसंबर में बिग बैश लीग के कुछ शुरुआती मुकाबलों का आयोजन भारत में किया जाएगा। प्रस्तावित योजना के अनुसार इन मैचों की मेजबानी चेन्नई करेगा। यदि यह योजना तय कार्यक्रम के अनुसार लागू होती है तो यह पहली बार होगा जब भारत किसी विदेशी फ्रेंचाइजी क्रिकेट लीग के मुकाबलों की मेजबानी करेगा।

बिग बैश लीग को दुनिया की प्रमुख टी-20 फ्रेंचाइजी प्रतियोगिताओं में गिना जाता है। ऑस्ट्रेलिया में आयोजित होने वाली इस लीग की लोकप्रियता लगातार बढ़ी है और इसे आईपीएल के बाद सबसे चर्चित टी-20 टूर्नामेंटों में शामिल माना जाता है। भारत में इसके मुकाबले आयोजित होने की घोषणा को दोनों देशों के बीच खेल सहयोग की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड से प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा केवल एक औपचारिक कार्यक्रम तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इससे भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच खेल संबंधों को और मजबूत बनाने का स्पष्ट संदेश भी सामने आया। ओलंपिक मेजबानी की महत्वाकांक्षा, युवा खिलाड़ियों के साथ संवाद, खेल सहयोग बढ़ाने की प्रतिबद्धता और बिग बैश लीग से जुड़ी घोषणा ने इस कार्यक्रम को खास बना दिया। आने वाले समय में दोनों देशों के बीच खेलों के क्षेत्र में नई साझेदारियों और संयुक्त पहलों की उम्मीद भी इसी कार्यक्रम से जुड़ी हुई दिखाई दे रही है।

Photo – DD India