बोनी कपूर की फिल्मों में गीता बाली को खास सलाम, कपूर परिवार का अनसुना रिश्ता

बोनी कपूर की फिल्मों में गीता बाली को खास सलाम, कपूर परिवार का अनसुना रिश्ता

बॉलीवुड के कपूर परिवार की फिल्मों में एक दिलचस्प परंपरा सालों से चली आ रही है, जिसे बहुत कम लोग नोटिस करते हैं। Boney Kapoor के प्रोडक्शन हाउस Bayview Projects LLP के बैनर तले बनी फिल्मों के शुरुआती क्रेडिट्स में एक खास नाम जरूर दिखाई देता है – Geeta Bali।

अक्सर दर्शक फिल्म की शुरुआत में इन क्रेडिट्स पर ज्यादा ध्यान नहीं देते, लेकिन ‘मॉम’, ‘मैदान’ और ‘रूप की रानी चोरों का राजा’ जैसी फिल्मों में सबसे पहले Surinder Kapoor को क्रेडिट दिया जाता है, और उसके तुरंत बाद गीता बाली को श्रद्धांजलि दी जाती है। दरअसल, इसका सीधा संबंध कपूर परिवार के संघर्ष के शुरुआती दिनों से जुड़ा है। जब सुरिंदर कपूर फिल्म इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाने की कोशिश कर रहे थे, तब गीता बाली ने उन पर भरोसा जताया और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। यही नहीं, उन्होंने उन्हें फिल्म निर्माण शुरू करने के लिए भी प्रोत्साहित किया।

Anil Kapoor ने एक इंटरव्यू में बताया था कि गीता बाली का उनके परिवार पर बहुत बड़ा एहसान है। उन्होंने न सिर्फ उनके पिता का हौसला बढ़ाया, बल्कि बाद में बोनी कपूर और खुद अनिल कपूर के करियर में भी अहम भूमिका निभाई। अनिल कपूर के मुताबिक, गीता बाली ने उन्हें डांस सीखने में मदद की और उनके शुरुआती दिनों में काफी मार्गदर्शन दिया। कपूर परिवार के लिए गीता बाली सिर्फ एक एक्ट्रेस नहीं, बल्कि एक ऐसी शख्सियत रहीं जिन्होंने तीन पीढ़ियों, सुरिंदर कपूर, बोनी कपूर और अनिल कपूर—को इंडस्ट्री में आगे बढ़ने का हौसला दिया।

यही वजह है कि बोनी कपूर अपनी हर फिल्म की शुरुआत में गीता बाली को श्रद्धांजलि देते हैं। यह सिर्फ एक क्रेडिट नहीं, बल्कि उस एहसान और सम्मान का प्रतीक है, जिसे कपूर परिवार आज भी निभा रहा है।