हरियाणा सरकार ने सूरजमुखी उत्पादक किसानों को बड़ी राहत देते हुए फसल खरीद की तारीख आगे बढ़ा दी है। अब राज्य की मंडियों में सूरजमुखी की सरकारी खरीद 1 जून के बजाय 25 मई से ही शुरू की जाएगी। सरकार के इस फैसले से उन किसानों को फायदा मिलेगा जिनकी फसल कटाई के लिए तैयार है और जो लंबे समय से जल्द खरीद शुरू करने की मांग कर रहे थे।
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री Shyam Singh Rana ने बताया कि राज्य सरकार ने किसानों की मांग और मंडियों में संभावित फसल आवक को देखते हुए यह फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि सरकार चाहती है कि किसानों को अपनी उपज बेचने में किसी प्रकार की परेशानी न हो और उन्हें न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का पूरा लाभ समय पर मिले।
MSP पर होगी खरीद
सरकार ने स्पष्ट किया है कि सूरजमुखी की खरीद केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य के तहत की जाएगी। अधिकारियों को मंडियों में सभी जरूरी इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश जारी किए गए हैं ताकि खरीद प्रक्रिया बिना रुकावट जारी रह सके।
मंत्री ने कहा कि कटाई के दौरान अक्सर मंडियों में दबाव बढ़ जाता है। ऐसे में यदि खरीद समय पर शुरू हो जाए तो किसानों को फसल बेचने के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा और निजी व्यापारियों द्वारा कम कीमत देने की समस्या भी कम होगी।
खरीद एजेंसियों को दिए गए निर्देश
राज्य सरकार ने खरीद से जुड़ी एजेंसियों को तुरंत तैयारी पूरी करने को कहा है। मंडियों में सफाई, तौल व्यवस्था, फसल उठान, भंडारण और किसानों के भुगतान को लेकर विशेष निर्देश जारी किए गए हैं।
खरीद व्यवस्था में खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड, हैफेड, नाफेड और अन्य सहकारी संस्थाओं को मिलकर काम करने को कहा गया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि किसानों को मंडियों में लंबी कतारों या तकनीकी दिक्कतों का सामना न करना पड़े।
किसानों की लंबे समय से थी मांग
सूरजमुखी की खेती करने वाले किसान लगातार मांग कर रहे थे कि खरीद प्रक्रिया पहले शुरू की जाए क्योंकि कई जिलों में फसल पककर तैयार हो चुकी है। किसानों का कहना था कि यदि खरीद में देरी होती तो उन्हें मजबूरी में कम कीमत पर फसल बेचनी पड़ सकती थी।
सरकार के फैसले के बाद किसानों में राहत का माहौल है। कई किसान संगठनों ने भी इस निर्णय का स्वागत किया है और इसे किसान हित में उठाया गया कदम बताया है।
सभी फसलों पर MSP खरीद का दावा
हरियाणा सरकार का कहना है कि राज्य देश के उन चुनिंदा राज्यों में शामिल है जहां किसानों की फसलों की MSP पर व्यापक स्तर पर खरीद की जाती है। सरकार का दावा है कि 24 फसलों की सरकारी खरीद सुनिश्चित करने की दिशा में लगातार काम किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini के नेतृत्व में सरकार किसानों की आय बढ़ाने और खरीद प्रणाली को मजबूत बनाने पर जोर दे रही है।
मंडियों में बढ़ेगी गतिविधियां
खरीद शुरू होने के साथ ही आने वाले दिनों में प्रदेश की अनाज मंडियों में गतिविधियां तेज होने की संभावना है। प्रशासन का फोकस इस बार खरीद प्रक्रिया को तेज, पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने पर रहेगा ताकि किसानों को भुगतान और फसल उठान में देरी न हो।




