विमेंस टी20 वर्ल्ड कप: इंग्लैंड ने साउथ अफ्रीका को 40 रन से हराया, अब फाइनल में ऑस्ट्रेलिया से होगी टक्कर

विमेंस टी20 वर्ल्ड कप: इंग्लैंड ने साउथ अफ्रीका को 40 रन से हराया, अब फाइनल में ऑस्ट्रेलिया से होगी टक्कर

इंग्लैंड की महिला क्रिकेट टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विमेंस टी20 वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल में साउथ अफ्रीका को 40 रन से मात देकर फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। अब खिताबी मुकाबले में रविवार को लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर इंग्लैंड का सामना ऑस्ट्रेलिया से होगा। इस मुकाबले में इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए शुरुआती झटकों के बावजूद दमदार वापसी की और फिर गेंदबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए साउथ अफ्रीका को लक्ष्य तक पहुंचने का मौका नहीं दिया।

मैच की शुरुआत इंग्लैंड के लिए बिल्कुल भी अच्छी नहीं रही। टॉस हारने के बाद बल्लेबाजी करने उतरी टीम ने शुरुआती ओवरों में ही अपने तीन अहम विकेट गंवा दिए। महज 23 रन के स्कोर तक इंग्लैंड की आधी शीर्ष क्रम की बल्लेबाजी पवेलियन लौट चुकी थी। पावरप्ले के छह ओवरों में टीम सिर्फ 16 रन ही बना सकी, जो इस संस्करण में उसका सबसे कम पावरप्ले स्कोर रहा। साउथ अफ्रीका की तेज गेंदबाज शबनीम इस्माइल और मरिजाने काप ने नई गेंद से जबरदस्त अनुशासन के साथ गेंदबाजी की और इंग्लैंड को पूरी तरह दबाव में ला दिया।

जब ऐसा लग रहा था कि इंग्लैंड बड़ा स्कोर खड़ा नहीं कर पाएगा, तब नेट साइवर-ब्रंट और हीथर नाइट ने मोर्चा संभाल लिया। दोनों बल्लेबाजों ने शुरुआत में धैर्य दिखाया और फिर धीरे-धीरे रनगति बढ़ानी शुरू की। चौथे विकेट के लिए दोनों के बीच 90 गेंदों में 133 रनों की बेहतरीन साझेदारी हुई, जिसने मुकाबले का रुख पूरी तरह बदल दिया। इसी साझेदारी के दम पर इंग्लैंड 20 ओवर में 5 विकेट खोकर 169 रन तक पहुंच गया।

नेट साइवर-ब्रंट इस मुकाबले में चोट से उबरकर टीम में लौटी थीं। काफ इंजरी के कारण वह पिछले तीन मैच नहीं खेल पाई थीं, लेकिन वापसी करते ही उन्होंने शानदार बल्लेबाजी का प्रदर्शन किया। उन्होंने 47 गेंदों में 75 रन बनाए, जिसमें 11 चौके और एक शानदार छक्का शामिल रहा। उनकी बल्लेबाजी में कहीं भी चोट का असर दिखाई नहीं दिया। तेज रनिंग और आक्रामक शॉट्स के जरिए उन्होंने साउथ अफ्रीका के गेंदबाजों पर लगातार दबाव बनाए रखा।

दूसरे छोर पर इंग्लैंड की अनुभवी कप्तान हीथर नाइट ने भी जिम्मेदारी भरी पारी खेली। उन्होंने शुरुआत में विकेट बचाकर खेलने पर ध्यान दिया और बाद में बड़े शॉट्स लगाए। नाइट ने 47 गेंदों में 58 रन बनाए। अपनी अर्धशतकीय पारी के दौरान उन्होंने अयाबोंगा खाका की गेंद पर शानदार छक्का लगाकर पचास रन पूरे किए। हालांकि, म्लाबा ने लगातार तीन गेंदों के भीतर पहले साइवर-ब्रंट और फिर नाइट को आउट कर इंग्लैंड को झटका जरूर दिया, लेकिन तब तक टीम मजबूत स्थिति में पहुंच चुकी थी।

साउथ अफ्रीका की ओर से गेंदबाजी में शबनीम इस्माइल और मरिजाने काप सबसे प्रभावशाली रहीं। इस्माइल ने चार ओवर में 31 रन देकर दो विकेट हासिल किए, जबकि काप ने बेहद किफायती गेंदबाजी करते हुए अपने चार ओवरों में सिर्फ 16 रन खर्च किए और एक विकेट अपने नाम किया। म्लाबा ने भी अंतिम ओवरों में दो महत्वपूर्ण विकेट चटकाकर इंग्लैंड को 170 रन के आंकड़े से आगे जाने से रोक दिया।

170 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी साउथ अफ्रीका की शुरुआत भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। टीम की कप्तान लॉरा वोल्वार्ड्ट अच्छी लय में दिखाई दे रही थीं, लेकिन छठे ओवर में उनका विकेट गिरने से टीम को बड़ा झटका लगा। सोफी एक्लेस्टोन ने गेंदबाजी के साथ-साथ फील्डिंग में भी कमाल दिखाया। उन्होंने मिड-ऑन पर वोल्वार्ड्ट का शानदार कैच लपका और बाद में शॉर्ट फाइन लेग पर सुने लूस का भी कठिन कैच पकड़कर साउथ अफ्रीका की मुश्किलें बढ़ा दीं।

हालांकि तामिन ब्रिट्स ने एक छोर संभाले रखा और संघर्षपूर्ण बल्लेबाजी की। उन्होंने 44 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर अपनी टीम की उम्मीदों को जिंदा रखने की कोशिश की। ब्रिट्स ने कई आकर्षक चौके लगाए और रनगति बनाए रखने का प्रयास किया, लेकिन दूसरे छोर से लगातार विकेट गिरते रहे। चार्ली डीन की स्पिन गेंदबाजी के सामने साउथ अफ्रीका का मध्यक्रम टिक नहीं सका।

ब्रिट्स और मरिजाने काप दोनों ही नेट साइवर-ब्रंट के हाथों एक्स्ट्रा कवर पर कैच आउट हुईं। इन दोनों विकेटों के बाद साउथ अफ्रीका की वापसी की उम्मीद लगभग खत्म हो गई। इंग्लैंड के गेंदबाजों ने अंतिम ओवरों में शानदार नियंत्रण बनाए रखा और बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का कोई मौका नहीं दिया। निर्धारित 20 ओवरों में साउथ अफ्रीका की टीम 8 विकेट पर सिर्फ 129 रन ही बना सकी और उसे 40 रन से हार का सामना करना पड़ा।

मैच में बल्लेबाजी के अलावा नेट साइवर-ब्रंट ने फील्डिंग में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया। उन्होंने दबाव के समय दो अहम कैच पकड़कर साउथ अफ्रीका की पारी को संभलने नहीं दिया। शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।

इस मुकाबले के दौरान शबनीम इस्माइल ने एक बड़ा व्यक्तिगत रिकॉर्ड भी अपने नाम किया। उन्होंने पारी की पहली ही गेंद पर इंग्लैंड की ओपनर एमी जोन्स को आउट करते हुए विमेंस टी20 वर्ल्ड कप इतिहास में 50 विकेट पूरे किए। वह इस टूर्नामेंट में यह उपलब्धि हासिल करने वाली दुनिया की पहली महिला क्रिकेटर बन गईं। इसके बाद उन्होंने एलिस कैपसी को भी एलबीडब्ल्यू आउट कर इंग्लैंड को शुरुआती झटके दिए और अपने रिकॉर्ड को और मजबूत किया।

इंग्लैंड की जीत की सबसे बड़ी वजह उसकी मध्यक्रम बल्लेबाजी और संतुलित गेंदबाजी रही। शुरुआती संकट से निकलकर टीम ने जिस तरह मजबूत स्कोर बनाया, उसने साउथ अफ्रीका पर अतिरिक्त दबाव डाल दिया। वहीं गेंदबाजों और फील्डरों ने पूरे मैच में शानदार तालमेल दिखाते हुए विपक्षी बल्लेबाजों को खुलकर खेलने का मौका नहीं दिया।

अब सभी की निगाहें फाइनल मुकाबले पर टिकी हैं, जहां इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया की मजबूत टीमें आमने-सामने होंगी। दोनों टीमों के बीच होने वाला यह मुकाबला बेहद रोमांचक रहने की उम्मीद है। इंग्लैंड सेमीफाइनल की लय को बरकरार रखते हुए ट्रॉफी जीतना चाहेगा, जबकि ऑस्ट्रेलिया एक बार फिर अपना दबदबा कायम रखने के इरादे से मैदान पर उतरेगा। क्रिकेट प्रशंसकों को रविवार को लॉर्ड्स में महिला क्रिकेट का एक और हाई-वोल्टेज मुकाबला देखने को मिलेगा।