चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन के चल रहे अपग्रेडेशन कार्य के कारण ट्रेनों का संचालन एक बार फिर प्रभावित होने जा रहा है। रेलवे स्टेशन पर 15 अक्टूबर तक पावर और ट्रैफिक ब्लॉक निर्धारित किए गए हैं। इसी क्रम में मंगलवार से प्लेटफार्म नंबर 3 और 4 को बंद कर दिया जाएगा। इसके साथ ही 10 सितंबर से बंद चल रहे प्लेटफार्म नंबर 5 और 6 को यात्रियों के लिए दोबारा खोल दिया जाएगा। अब इन दोनों प्लेटफार्म से ट्रेनों का संचालन शुरू होगा।
रेलवे के इस बदलाव का सीधा असर चंडीगढ़ से ट्रेन पकड़ने और यहां पहुंचने वाले यात्रियों पर पड़ेगा। प्लेटफार्म बदलने के साथ कुछ ट्रेनों के संचालन में बदलाव किया गया है, जबकि कुछ ट्रेनें पहले से तय कार्यक्रम के अनुसार अलग-अलग अवधि में रद रहेंगी। इसके अलावा कुछ ट्रेनों को चंडीगढ़ के बजाय अंबाला तक चलाने या वहीं से शुरू करने का निर्णय लिया गया है।
रेलवे ने यात्रियों को सलाह दी है कि स्टेशन पहुंचने से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति, निर्धारित प्लेटफार्म और ठहराव की जानकारी जरूर जांच लें, ताकि अंतिम समय में परेशानी का सामना न करना पड़े।
तीन चरणों में चल रहा स्टेशन का काम
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण और अपग्रेडेशन का काम रेल भूमि विकास प्राधिकरण (आरएलडीए) की ओर से कराया जा रहा है। इस काम के लिए रेलवे की ओर से चरणबद्ध तरीके से पावर और ट्रैफिक ब्लॉक लिया जा रहा है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार स्टेशन पर काम को तीन चरणों में पूरा किया जा रहा है। पहले चरण में 10 से 21 सितंबर तक प्लेटफार्म नंबर 5 और 6 को बंद रखा गया था। अब दूसरे चरण में प्लेटफार्म नंबर 3 और 4 को बंद किया जा रहा है। इन दोनों प्लेटफार्म पर निर्धारित कार्य पूरा होने के बाद संचालन व्यवस्था को फिर बदला जाएगा।
पूरे कार्य के दौरान 15 अक्टूबर तक अलग-अलग चरणों में ट्रेनों की आवाजाही प्रभावित हो सकती है। रेलवे की ओर से इसके लिए पहले ही ट्रेनों के रद होने, शार्ट टर्मिनेशन और प्लेटफार्म में बदलाव की व्यवस्था तैयार की गई है।
प्लेटफार्म 3 और 4 पर होगा गर्डर का काम
प्लेटफार्म नंबर 3 और 4 को बंद करने के पीछे स्टेशन पर चल रहे तकनीकी और निर्माण कार्य मुख्य कारण हैं। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक इन दोनों प्लेटफार्म पर टीएफसी-ओएचई ब्लॉक लेकर बैलेंस गर्डर की इरेक्शन और लांचिंग का काम किया जाएगा।
इसके अलावा मौजूदा फुट ओवरब्रिज (एफओबी) के गर्डर हटाने का काम भी इसी दौरान किया जाना है। निर्माण कार्य के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और ट्रेनों के सुरक्षित संचालन को ध्यान में रखते हुए इन प्लेटफार्म को अस्थायी तौर पर बंद रखने का फैसला किया गया है।
काम के दौरान इन प्लेटफार्म पर यात्रियों की आवाजाही रोक दी जाएगी। संबंधित ट्रेनों को स्टेशन के दूसरे उपलब्ध प्लेटफार्म से संचालित किया जाएगा।
प्लेटफार्म 5 और 6 से फिर शुरू होगा संचालन
10 सितंबर से बंद प्लेटफार्म नंबर 5 और 6 को अब दोबारा यात्रियों के लिए खोल दिया जाएगा। इससे रेलवे को ट्रेनों के संचालन के लिए अतिरिक्त प्लेटफार्म उपलब्ध होंगे।
हालांकि प्लेटफार्म 3 और 4 बंद होने के कारण सभी ट्रेनों का संचालन सामान्य व्यवस्था के अनुसार नहीं होगा। ट्रेनों के प्लेटफार्म में बदलाव किया जा सकता है और यात्रियों को अपनी ट्रेन के निर्धारित प्लेटफार्म की जानकारी पहले से लेना जरूरी होगा।
रेलवे ने अगले 12 दिनों के लिए 17 ट्रेनों के बर्थिंग और प्लेटफार्म में बदलाव किया है। यानी इन ट्रेनों के यात्रियों को सामान्य दिनों की तुलना में अलग प्लेटफार्म पर ट्रेन मिल सकती है।
इसलिए स्टेशन पर पहुंचने के बाद केवल पुराने प्लेटफार्म नंबर के आधार पर ट्रेन का इंतजार करना यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बन सकता है।
17 ट्रेनों के प्लेटफार्म बदले
स्टेशन पर चल रहे निर्माण कार्य का असर केवल प्लेटफार्म बंद होने तक सीमित नहीं है। रेलवे ने अगले 12 दिनों के लिए 17 ट्रेनों के बर्थिंग प्लेटफार्म में बदलाव किया है।
इन ट्रेनों में यात्रा करने वाले यात्रियों को रेलवे स्टेशन पर लगे सूचना बोर्ड, उद्घोषणा और उपलब्ध आधिकारिक यात्री सूचना माध्यमों के जरिए अपने ट्रेन प्लेटफार्म की पुष्टि करनी होगी।
विशेष रूप से उन यात्रियों को अधिक सावधानी बरतने की जरूरत है जो परिवार के साथ यात्रा कर रहे हैं, बुजुर्ग हैं या पहली बार चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन से यात्रा करने वाले हैं।
12 ट्रेनें अलग-अलग अवधि में रहेंगी रद
स्टेशन पर चल रहे ब्लॉक के कारण 12 ट्रेनों को 10 सितंबर से 15 अक्टूबर के बीच अलग-अलग अवधि में रद किया गया है। इनमें 14331/14332, 54532/54531, 14541/14542, 14630/14629, 74646/74991 और 74992/74645 सहित अन्य ट्रेनें शामिल हैं।
रेलवे के अनुसार इन ट्रेनों के कुल 442 फेरे प्रभावित होंगे। इसका सीधा असर रोजाना चंडीगढ़ और आसपास के क्षेत्रों के बीच रेल यात्रा करने वाले यात्रियों पर पड़ सकता है।
इन ट्रेनों के रद रहने की अवधि अलग-अलग है। इसलिए किसी यात्री की ट्रेन केवल एक या कुछ दिनों के लिए रद हो सकती है, जबकि कुछ सेवाओं पर लंबे समय तक असर रहेगा।
यात्रियों को सलाह दी गई है कि टिकट बुक करने या यात्रा शुरू करने से पहले संबंधित ट्रेन की तारीख के अनुसार स्थिति जरूर जांचें।
कुछ ट्रेनें चंडीगढ़ के बजाय अंबाला तक
निर्माण कार्य के कारण कुछ ट्रेनों का पूरा रूट भी प्रभावित होगा। 15063/15064, जो आरएमआर-सीडीजी मार्ग पर चलती है, की कुछ यात्राएं अंबाला में ही समाप्त या शुरू की जाएंगी।
इसी तरह 12983/12984 और 20989/20990 के संचालन में भी बदलाव किया गया है। इन ट्रेनों के कुछ फेरे निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार चंडीगढ़ तक नहीं जाएंगे। कुछ यात्राओं को अंबाला में ही समाप्त किया जाएगा।
इस बदलाव का असर उन यात्रियों पर पड़ेगा जिन्होंने चंडीगढ़ को अपनी यात्रा का अंतिम स्टेशन माना है। ऐसे यात्रियों को अंबाला से चंडीगढ़ पहुंचने के लिए यात्रा का वैकल्पिक साधन तय करना पड़ सकता है।
यात्रियों को पहले जांचनी होगी ट्रेन की स्थिति
रेलवे ने यात्रियों से अपील की है कि वे स्टेशन पहुंचने से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति जरूर जांचें। केवल टिकट पर दर्ज पुराने प्लेटफार्म नंबर के आधार पर यात्रा की योजना बनाने से परेशानी हो सकती है।
निर्माण कार्य के कारण किसी ट्रेन का प्लेटफार्म बदल सकता है, ट्रेन रद हो सकती है या उसका प्रारंभिक अथवा अंतिम स्टेशन अंबाला किया जा सकता है। इसलिए यात्रा की तारीख के अनुसार अपडेट जानकारी लेना जरूरी है।
रेलवे स्टेशन पर भी यात्रियों को सूचना देने के लिए उद्घोषणा और डिस्प्ले बोर्ड के माध्यम से जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
अक्टूबर तक जारी रहेगा असर
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन के अपग्रेडेशन कार्य के लिए लिया गया पावर और ट्रैफिक ब्लॉक 15 अक्टूबर तक अलग-अलग चरणों में जारी रहेगा। वर्तमान चरण में प्लेटफार्म 3 और 4 बंद रहने से ट्रेनों के संचालन की व्यवस्था बदली गई है।
प्लेटफार्म 5 और 6 खुलने से रेलवे को कुछ राहत मिलेगी, लेकिन निर्माण कार्य पूरा होने तक यात्रियों को सामान्य संचालन की तुलना में अधिक सतर्क रहना होगा।
स्टेशन के अपग्रेडेशन का काम पूरा होने के बाद यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलने की उम्मीद है। हालांकि निर्माण अवधि में ट्रेनों के संचालन में बदलाव और रद सेवाओं के कारण यात्रियों को असुविधा का सामना करना पड़ेगा।
फिलहाल चंडीगढ़ से ट्रेन पकड़ने वाले यात्रियों के लिए सबसे जरूरी बात यह है कि मंगलवार से प्लेटफार्म 3 और 4 बंद रहेंगे, जबकि प्लेटफार्म 5 और 6 से दोबारा ट्रेनों का संचालन शुरू होगा। अगले 12 दिनों में 17 ट्रेनों के प्लेटफार्म बदले गए हैं और कई ट्रेनें अलग-अलग तारीखों में रद रहेंगी। इसलिए यात्रा से पहले ट्रेन की स्थिति और प्लेटफार्म की जानकारी जांचना जरूरी होगा।




