किन 11 देशों में कर सकते हैं UPI से पेमेंट? जानिए कैसे काम करता है भारत का डिजिटल सिस्टम

किन 11 देशों में कर सकते हैं UPI से पेमेंट? जानिए कैसे काम करता है भारत का डिजिटल सिस्टम

विदेश यात्रा के दौरान खरीदारी करना हो, किसी मशहूर पर्यटन स्थल का टिकट लेना हो या फिर होटल और रेस्टोरेंट का बिल चुकाना हो, तो भारतीय पर्यटकों के सामने सबसे बड़ी चुनौती पेमेंट की होती है। अब तक विदेश में भुगतान करने के लिए ज्यादातर लोगों को इंटरनेशनल डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड या विदेशी करेंसी पर निर्भर रहना पड़ता था। लेकिन भारत के डिजिटल पेमेंट सिस्टम यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (UPI) के अंतरराष्ट्रीय विस्तार ने इस परेशानी को काफी हद तक आसान बना दिया है।

भारत में छोटी से छोटी खरीदारी से लेकर बड़े लेनदेन तक के लिए इस्तेमाल होने वाला यूपीआई अब दूसरे देशों में भी अपनी पहचान बना रहा है। इसकी मदद से भारतीय यात्री विदेश में कई जगहों पर सीधे अपने भारतीय बैंक खाते से भुगतान कर सकते हैं। खास बात यह है कि दुनिया के कुछ लोकप्रिय पर्यटन स्थलों पर भी अब यूपीआई से पेमेंट करने की सुविधा उपलब्ध है। इनमें दुबई का बुर्ज खलीफा और सिंगापुर का यूनिवर्सल स्टूडियो जैसे आकर्षण भी शामिल हैं।

नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) की अंतरराष्ट्रीय शाखा NPCI International Payments Limited लगातार दूसरे देशों के साथ डिजिटल भुगतान को लेकर साझेदारी कर रही है। इसी पहल के चलते भारतीय यूपीआई सिस्टम की पहुंच देश की सीमाओं से बाहर बढ़ रही है। रिपोर्ट के अनुसार, फिलहाल 11 देशों में अलग-अलग नेटवर्क और मर्चेंट पार्टनरशिप के माध्यम से भारतीय यूपीआई का इस्तेमाल किया जा सकता है। हालांकि, हर देश में इसकी उपलब्धता और इस्तेमाल की शर्तें अलग-अलग हैं।

विदेश में कहां-कहां कर सकते हैं UPI से भुगतान?

भारतीय यूपीआई की सुविधा अब एशिया से लेकर यूरोप और अफ्रीका तक कई देशों में पहुंच चुकी है। इन देशों में भारतीय पर्यटक स्थानीय दुकानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों और कुछ पर्यटन स्थलों पर क्यूआर कोड स्कैन करके भुगतान कर सकते हैं। आइए जानते हैं उन देशों के बारे में जहां भारतीय यात्रियों को यह सुविधा मिल रही है।

1. भूटान

भारत के बाहर यूपीआई क्यूआर कोड भुगतान की सुविधा अपनाने वाले शुरुआती देशों में भूटान का नाम शामिल है। यहां भारतीय पर्यटक स्थानीय व्यापारियों और दुकानों पर यूपीआई के जरिए भुगतान कर सकते हैं। भारतीयों के लिए भूटान एक लोकप्रिय पर्यटन स्थल है। ऐसे में डिजिटल पेमेंट की यह सुविधा यात्रा के दौरान नकदी रखने की जरूरत को कुछ हद तक कम कर सकती है।

2. नेपाल

नेपाल में भी भारतीय यूपीआई एप्लीकेशन के माध्यम से भुगतान किया जा सकता है। यहां भारतीय पर्यटक उन व्यापारियों को सीधे पेमेंट कर सकते हैं जो यूपीआई से जुड़े भुगतान नेटवर्क को स्वीकार करते हैं। भारत से बड़ी संख्या में लोग नेपाल घूमने जाते हैं। ऐसे यात्रियों के लिए मोबाइल से भुगतान करने का विकल्प काफी सुविधाजनक साबित हो सकता है।

3. संयुक्त अरब अमीरात (UAE)

संयुक्त अरब अमीरात में यूपीआई की स्वीकार्यता भारतीय पर्यटकों के लिए एक बड़ी सुविधा है। यहां लाखों मर्चेंट टर्मिनलों पर इस भुगतान प्रणाली का इस्तेमाल किया जा सकता है। दुबई जैसे शहरों में घूमने जाने वाले भारतीयों के लिए यह विकल्प खास महत्व रखता है। यहां तक कि बुर्ज खलीफा जैसी प्रसिद्ध इमारत के टिकट की खरीदारी में भी यूपीआई से भुगतान करने की सुविधा उपलब्ध है।

4. सिंगापुर

सिंगापुर ने भारत के यूपीआई को अपने स्थानीय PayNow सिस्टम के साथ जोड़ा है। इस साझेदारी से दोनों देशों के बीच डिजिटल भुगतान की सुविधा को बढ़ावा मिला है। भारतीय पर्यटक सिंगापुर में कई जगहों पर यूपीआई के जरिए पेमेंट कर सकते हैं। यूनिवर्सल स्टूडियो सिंगापुर जैसे लोकप्रिय पर्यटन स्थल के टिकट खरीदने के लिए भी यह सुविधा उपयोगी है।

5. फ्रांस

यूरोप में यूपीआई को अपनाने वाले पहले देशों में फ्रांस शामिल है। यहां भारतीय पर्यटक कुछ चुनिंदा व्यापारिक प्रतिष्ठानों और पर्यटन स्थलों पर यूपीआई से भुगतान कर सकते हैं। एफिल टावर के टिकट खरीदने से लेकर गैलरीज लाफायेट में खरीदारी करने तक के लिए इस सुविधा का इस्तेमाल किया जा सकता है। यूरोप घूमने की योजना बनाने वाले भारतीयों के लिए यह डिजिटल भुगतान का एक अतिरिक्त विकल्प है।

6. कंबोडिया

कंबोडिया में भारतीय यूपीआई को स्थानीय KHQR भुगतान नेटवर्क के साथ जोड़ा गया है। इस साझेदारी के कारण यूपीआई की पहुंच 45 लाख से अधिक मर्चेंट आउटलेट तक बताई गई है। भारतीय पर्यटक यहां उन दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों पर मोबाइल से भुगतान कर सकते हैं जो इस नेटवर्क से जुड़े हैं। इससे स्थानीय मुद्रा लेकर चलने की निर्भरता कुछ कम हो सकती है।

7. मॉरीशस

मॉरीशस में भी भारतीय पर्यटकों को यूपीआई भुगतान की सुविधा मिलती है। यहां देशभर में जुड़े हुए मर्चेंट आउटलेट पर भारतीय यात्री अपने मोबाइल एप्लीकेशन के माध्यम से पेमेंट कर सकते हैं। समुद्र तटों और पर्यटन स्थलों के लिए मशहूर इस देश में घूमने जाने वाले भारतीयों के लिए डिजिटल लेनदेन का यह विकल्प काफी काम का हो सकता है।

8. श्रीलंका

श्रीलंका में यूपीआई की सुविधा स्थानीय LankaQR नेटवर्क के माध्यम से उपलब्ध कराई गई है। इस व्यवस्था के तहत भारतीय पर्यटक उन दुकानों और व्यापारियों को भुगतान कर सकते हैं जो संबंधित क्यूआर नेटवर्क से जुड़े हुए हैं। भारत और श्रीलंका के बीच पर्यटन और व्यापारिक संपर्क को देखते हुए यह सुविधा यात्रियों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है।

9. मालदीव

मालदीव में भारतीय यूपीआई को स्थानीय Fawri Instant Payment System के साथ जोड़ा गया है। इस व्यवस्था के जरिए भारतीय यात्रियों को चुनिंदा स्थानों पर डिजिटल भुगतान करने का विकल्प मिलता है। मालदीव हनीमून और छुट्टियां बिताने के लिए भारतीय पर्यटकों की पसंदीदा जगहों में से एक है। ऐसे में यूपीआई की सुविधा वहां खरीदारी और दूसरी सेवाओं के भुगतान को आसान बना सकती है।

10. कतर

कतर में भी भारतीय यूपीआई से भुगतान करने की सुविधा उपलब्ध है। यहां Qatar National Bank से जुड़े मर्चेंट आउटलेट्स पर यूपीआई स्वीकार किया जाता है। इसके अलावा कुछ होटल और हवाई अड्डों पर भी भारतीय यात्री इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। कतर में रहने या घूमने जाने वाले भारतीयों के लिए यह अंतरराष्ट्रीय भुगतान का एक नया विकल्प है।

11. ग्रीस

यूरोपीय देश ग्रीस में यूपीआई की शुरुआत Eurobank के साथ साझेदारी के माध्यम से की गई है। यहां भारतीय पर्यटक संबंधित व्यापारियों को भुगतान करने के लिए इस सुविधा का इस्तेमाल कर सकते हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, इस व्यवस्था के तहत विदेश में पैसे भेजने की सुविधा से जुड़े विकल्प भी उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इससे भारत और ग्रीस के बीच डिजिटल भुगतान का दायरा बढ़ने की उम्मीद है।

किन देशों में जल्द शुरू हो सकती है UPI की सुविधा?

भारत का लक्ष्य यूपीआई को अधिक से अधिक देशों तक पहुंचाना है। इसके लिए NPCI International और भारत सरकार कई देशों के साथ बातचीत और समझौते कर रहे हैं। कुछ जगहों पर इस सिस्टम को लागू करने की प्रक्रिया आगे बढ़ चुकी है, जबकि कुछ देशों में परीक्षण और तकनीकी तैयारियां जारी हैं।

उज्बेकिस्तान उन देशों में शामिल है जहां यूपीआई की शुरुआत को लेकर महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। रिपोर्ट के मुताबिक, इसके लिए आधिकारिक व्यावसायिक समझौता भी किया जा चुका है। इसके अलावा जापान, मलेशिया और साइप्रस जैसे देशों में भी यूपीआई को लेकर पायलट प्रोजेक्ट या लॉन्च की तैयारियां चल रही हैं। अगर इन देशों में भी यह सुविधा शुरू होती है तो विदेश जाने वाले भारतीयों के लिए डिजिटल भुगतान के विकल्प और बढ़ जाएंगे।

विदेश में UPI इस्तेमाल करने के लिए क्या करना होगा?

अगर आप ऐसे देश की यात्रा करने जा रहे हैं जहां भारतीय यूपीआई स्वीकार किया जाता है, तो यात्रा से पहले अपने पेमेंट एप्लीकेशन में UPI International का विकल्प जरूर चेक कर लें। संबंधित एप्लीकेशन में यह सुविधा उपलब्ध होने पर इसे एक्टिवेट करना पड़ सकता है।

फीचर सक्रिय होने के बाद यूजर विदेश में यूपीआई स्वीकार करने वाले दुकानदार का क्यूआर कोड स्कैन कर सकते हैं। इसके बाद सामान्य यूपीआई ट्रांजैक्शन की तरह भुगतान की प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। इस दौरान रकम भारतीय बैंक खाते से कटती है और विदेशी मुद्रा में भुगतान करने के लिए उस समय लागू विनिमय दर के अनुसार राशि का हिसाब लगाया जाता है।

हालांकि, केवल किसी देश में यूपीआई की सुविधा उपलब्ध होने का मतलब यह नहीं है कि वहां हर दुकान, होटल या रेस्टोरेंट पर भारतीय यूपीआई काम करेगा। भुगतान की सुविधा संबंधित मर्चेंट, स्थानीय क्यूआर नेटवर्क और बैंकिंग व्यवस्था पर निर्भर करती है। इसलिए किसी भी खरीदारी से पहले दुकानदार से यह जरूर पूछ लें कि वह भारतीय यूपीआई स्वीकार करता है या नहीं।

विदेश यात्रा से पहले इन बातों का रखें ध्यान

यूपीआई ने विदेश में भुगतान की प्रक्रिया को पहले की तुलना में आसान बनाया है, लेकिन यात्रियों को कुछ जरूरी सावधानियां भी बरतनी चाहिए। सबसे पहले अपने यूपीआई एप्लीकेशन में अंतरराष्ट्रीय भुगतान की उपलब्धता और उसे सक्रिय करने की प्रक्रिया की जानकारी हासिल करें। इसके बाद अपने बैंक खाते और ट्रांजैक्शन लिमिट से जुड़ी शर्तें भी जांच लें।

विदेश में भुगतान करते समय करेंसी कन्वर्जन रेट का ध्यान रखना भी जरूरी है। अलग-अलग समय पर विदेशी मुद्रा की विनिमय दर में बदलाव हो सकता है। इसलिए भुगतान की अंतिम राशि को समझकर ही ट्रांजैक्शन करें। इसके साथ ही इंटरनेट कनेक्शन और मोबाइल नेटवर्क की उपलब्धता भी सुनिश्चित करें, ताकि पेमेंट के समय किसी तरह की परेशानी न हो।

यात्रा के दौरान केवल यूपीआई पर निर्भर रहना भी सही नहीं होगा। बेहतर है कि अपने पास कुछ स्थानीय करेंसी या अंतरराष्ट्रीय कार्ड का विकल्प भी रखें। ऐसा इसलिए क्योंकि हर व्यापारी इस सुविधा से जुड़ा नहीं है और कुछ स्थानों पर यूपीआई पेमेंट स्वीकार नहीं किया जा सकता।

भारतीय डिजिटल पेमेंट सिस्टम की बढ़ती वैश्विक पहचान

यूपीआई का विदेशों तक विस्तार भारत के डिजिटल भुगतान क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है। जिस सिस्टम ने देश में कैशलेस लेनदेन को आम लोगों तक पहुंचाया, अब वही तकनीक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी जगह बना रही है।

भारतीय पर्यटकों को इससे खरीदारी, होटल बुकिंग और पर्यटन स्थलों पर भुगतान के लिए एक अतिरिक्त विकल्प मिल रहा है। साथ ही, दूसरे देशों के व्यापारियों को भी भारतीय ग्राहकों से डिजिटल भुगतान स्वीकार करने का अवसर मिल रहा है। आने वाले समय में और देशों के इस नेटवर्क से जुड़ने की संभावना है।

इस तरह विदेश यात्रा के दौरान यूपीआई का इस्तेमाल भारतीयों के लिए सुविधा बढ़ाने वाला कदम है। हालांकि, यात्रा से पहले संबंधित देश में इसकी उपलब्धता, एप्लीकेशन की सेटिंग और भुगतान की शर्तों की जानकारी लेना जरूरी है।

(Photo : AI Generated)