14-15 जून की अधिकमास अमावस्या विशेष: पूर्वजों की कृपा पाने का शुभ अवसर, जानें तर्पण और पूजा का महत्व

हिंदू पंचांग के अनुसार ज्येष्ठ अधिकमास की अमावस्या इस बार विशेष महत्व लेकर आई है। तिथियों के संयोग के कारण यह अमावस्या 14 और 15 जून, दोनों दिनों तक प्रभावी रहेगी। अधिकमास स्वयं में अत्यंत पुण्यदायी माना जाता है और लगभग तीन वर्ष में एक बार आता है। ऐसे में इस महीने की अमावस्या को धार्मिक दृष्टि से बहुत फलदायी माना जा रहा है। धर्मग्रंथों में वर्णित मान्यताओं के अनुसार इस दिन किए गए जप, तप, दान, तर्पण और पूजा-पाठ का पुण्य लंबे समय तक शुभ फल प्रदान करता है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार अमावस्या तिथि 14 जून को दोपहर लगभग…

पद्मिनी एकादशी व्रत का पारण आज नहीं, जानिए 28 मई का शुभ समय और नियम

पद्मिनी एकादशी हिंदू धर्म में विशेष महत्व रखने वाली एकादशी तिथियों में से एक मानी जाती है। यह सामान्य एकादशी व्रतों से अलग है, क्योंकि इसका संबंध अधिकमास यानी पुरुषोत्तम मास से होता है। अधिकमास हर वर्ष नहीं आता और इसी कारण इस अवधि में पड़ने वाली पद्मिनी एकादशी भी नियमित रूप से प्रत्येक वर्ष नहीं आती। वैष्णव परंपरा में इस दिन भगवान श्रीहरि विष्णु की आराधना, उपवास, मंत्र जाप, ध्यान, दान और सेवा को विशेष पुण्यदायी माना गया है। पद्मिनी एकादशी को कई क्षेत्रों में कमला एकादशी या पुरुषोत्तम एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। श्रद्धालु इस…

3 साल बाद आ रही पद्मिनी एकादशी: जानें व्रत की तारीख, शुभ मुहूर्त और पूजा का महत्व

हिंदू धर्म में एकादशी व्रत का विशेष महत्व माना गया है। भगवान विष्णु की आराधना के लिए रखे जाने वाले इन व्रतों में अधिकमास में आने वाली पद्मिनी एकादशी को अत्यंत दुर्लभ और पुण्यदायी माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की विधि-विधान से पूजा करने से जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की प्राप्ति होती है। पद्मिनी एकादशी हर वर्ष नहीं आती, बल्कि यह लगभग तीन वर्ष में एक बार अधिकमास के दौरान आती है। इसी वजह से वैष्णव परंपरा में इसका विशेष स्थान माना जाता है। मान्यता है कि अधिकमास में…