कॉमनवेल्थ गेम्स के चौथे दिन भारतीय खिलाड़ियों के सामने कई अहम मुकाबले होंगे और देश की उम्मीदें अलग-अलग खेलों में पदक जीतने पर टिकी रहेंगी। रविवार का दिन भारत के लिए बेहद व्यस्त रहने वाला है, क्योंकि वेटलिफ्टिंग, आर्टिस्टिक जिम्नास्टिक्स, लॉन बॉल्स, स्विमिंग और बॉक्सिंग जैसे पांच प्रमुख खेलों में भारतीय खिलाड़ी अपनी चुनौती पेश करेंगे। पूरे दिन विभिन्न स्पर्धाओं में कुल 14 गोल्ड मेडल दांव पर होंगे, जिससे प्रतियोगिता का रोमांच और भी बढ़ जाएगा।
भारतीय खेल प्रेमियों की सबसे ज्यादा निगाहें ओलिंपिक रजत पदक विजेता मीराबाई चानू पर रहेंगी। महिला 49 किलोग्राम भारवर्ग में उतरने वाली मीराबाई से देश को स्वर्ण पदक की उम्मीद है। अपने शानदार अनुभव और लगातार बेहतरीन प्रदर्शन के दम पर वह एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत का गौरव बढ़ाने के इरादे से मैदान में उतरेंगी।
वेटलिफ्टिंग में केवल मीराबाई ही नहीं, बल्कि दो अन्य भारतीय खिलाड़ी भी पदक की दौड़ में नजर आएंगे। प्रतियोगिता की शुरुआत दोपहर 2 बजे पुरुष 60 किलोग्राम वर्ग के फाइनल से होगी, जिसमें ऋषिकांत सिंह अपनी चुनौती पेश करेंगे। इसके बाद शाम 5:30 बजे महिला 49 किलोग्राम वर्ग का सबसे चर्चित मुकाबला होगा, जहां मीराबाई चानू स्वर्ण पदक जीतने के लक्ष्य के साथ मंच पर उतरेंगी। दिन का अंतिम भारतीय मुकाबला रात 11 बजे होगा, जब एम राजा पुरुष 65 किलोग्राम फाइनल में हिस्सा लेंगे। ऐसे में वेटलिफ्टिंग भारत के लिए सबसे अहम खेल साबित हो सकता है।
आर्टिस्टिक जिम्नास्टिक्स में भी भारतीय खिलाड़ियों के पास शानदार प्रदर्शन का अवसर रहेगा। पुरुष ऑल-अराउंड फाइनल में योगेश्वर सिंह और तपन मोहंती शाम 4:30 बजे अपनी कला और संतुलन का प्रदर्शन करेंगे। दोनों खिलाड़ियों ने क्वालिफिकेशन चरण में अच्छा प्रदर्शन किया था और अब फाइनल में बेहतर स्कोर हासिल कर पदक की दौड़ में बने रहने की कोशिश करेंगे। इसके अलावा रात 10:30 बजे महिला ऑल-अराउंड फाइनल खेला जाएगा। यदि भारतीय महिला खिलाड़ी क्वालिफिकेशन की बाधा पार कर लेती हैं तो उन्हें भी पदक जीतने का मौका मिलेगा।
लॉन बॉल्स में भी भारत की चुनौती जारी रहेगी। दोपहर 1 बजे महिला पेयर्स सेक्शनल प्ले में रूपा रानी तिर्की और पिंकी सिंह की जोड़ी नामीबिया की टीम के खिलाफ मैदान में उतरेगी। इस मुकाबले में जीत दर्ज कर भारतीय जोड़ी अगले चरण की ओर मजबूत कदम बढ़ाना चाहेगी। वहीं शाम 7:15 बजे पुरुष सिंगल्स सेक्शनल प्ले में पुतुल सोनोवाल का मुकाबला माल्टा के शॉन जेम्स पार्निस से होगा। भारतीय खिलाड़ी इस मैच में जीत दर्ज कर प्रतियोगिता में अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश करेंगे।
स्विमिंग में भी भारत की मौजूदगी देखने को मिलेगी। शाम 4:39 बजे श्रीहरि नटराज, आर्यन नेहरा, अनीश गौड़ा और धाक्शन शशिकुमार की टीम पुरुष 4×200 मीटर फ्रीस्टाइल रिले की हीट्स में हिस्सा लेगी। भारतीय टीम का लक्ष्य फाइनल में जगह बनाना होगा। यदि टीम क्वालिफाई करने में सफल रहती है तो उसका फाइनल मुकाबला भारतीय समयानुसार 27 जुलाई की रात 1:56 बजे खेला जाएगा। इस स्पर्धा में दुनिया की मजबूत टीमों के बीच भारतीय तैराकों के सामने कड़ी चुनौती रहने वाली है।
बॉक्सिंग में भी भारत के तीन मुक्केबाज अपने अभियान की शुरुआत करेंगे। महिला 54 किलोग्राम वर्ग के राउंड ऑफ-16 में रात 10:45 बजे प्रीति पवार का मुकाबला मलावी की डेबोरा मटेंजे से होगा। प्रीति इस मुकाबले में जीत हासिल कर अगले दौर में प्रवेश करने की कोशिश करेंगी। इसके बाद रात 11:45 बजे पुरुष 55 किलोग्राम वर्ग में जदुमणि सिंह राउंड ऑफ-16 में पाकिस्तान के मुक्केबाज का सामना करेंगे। भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाला यह मुकाबला दर्शकों के लिए सबसे रोमांचक मुकाबलों में से एक माना जा रहा है। वहीं भारतीय समयानुसार 27 जुलाई को रात 12:45 बजे आदित्य प्रताप यादव पुरुष 65 किलोग्राम वर्ग के राउंड ऑफ-16 में युगांडा के खिलाड़ी के खिलाफ रिंग में उतरेंगे।
कॉमनवेल्थ गेम्स के चौथे दिन कुल 14 स्वर्ण पदकों का फैसला होगा। इनमें सबसे अधिक नौ गोल्ड मेडल स्विमिंग और पैरा स्विमिंग स्पर्धाओं में दिए जाएंगे। इसके अलावा तीन स्वर्ण पदक वेटलिफ्टिंग में और दो गोल्ड मेडल आर्टिस्टिक जिम्नास्टिक्स में तय होंगे। ऐसे में कई देशों के खिलाड़ियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिलेगी और भारतीय खिलाड़ी भी इन स्पर्धाओं में अपनी छाप छोड़ने की कोशिश करेंगे।
भारत का दल इस बार कई खेलों में संतुलित नजर आ रहा है। जहां वेटलिफ्टिंग में अनुभवी खिलाड़ी मौजूद हैं, वहीं जिम्नास्टिक्स, लॉन बॉल्स और स्विमिंग में युवा खिलाड़ी भी बेहतर प्रदर्शन करने के लिए तैयार हैं। बॉक्सिंग में भी भारतीय मुक्केबाजों ने पिछले कुछ वर्षों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन किया है, इसलिए उनसे भी अच्छे नतीजों की उम्मीद की जा रही है।
विशेष रूप से मीराबाई चानू का मुकाबला भारतीय प्रशंसकों के लिए आकर्षण का सबसे बड़ा केंद्र रहेगा। टोक्यो ओलिंपिक में सिल्वर मेडल जीतने के बाद उन्होंने कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है। उनकी तकनीक, अनुभव और मानसिक मजबूती उन्हें इस स्पर्धा का सबसे मजबूत दावेदार बनाती है। यदि वह अपने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन को दोहरा पाती हैं तो भारत की झोली में एक और स्वर्ण पदक आ सकता है।
स्विमिंग में भारतीय टीम के लिए फाइनल तक पहुंचना भी बड़ी उपलब्धि मानी जाएगी, जबकि जिम्नास्टिक्स में फाइनल तक पहुंचने वाले खिलाड़ियों के सामने पदक जीतने का सुनहरा अवसर रहेगा। लॉन बॉल्स में भी भारतीय खिलाड़ियों ने पिछले कुछ वर्षों में उल्लेखनीय सुधार किया है और इस बार भी उनसे अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है।
दिनभर चलने वाले इन मुकाबलों में भारतीय खिलाड़ियों का प्रदर्शन पदक तालिका में देश की स्थिति को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। खेल प्रेमियों की निगाहें सुबह से लेकर देर रात तक होने वाले मुकाबलों पर टिकी रहेंगी। यदि भारतीय खिलाड़ी अपने अनुभव और तैयारी के अनुरूप प्रदर्शन करने में सफल रहते हैं तो कॉमनवेल्थ गेम्स का चौथा दिन भारत के लिए यादगार साबित हो सकता है। खास तौर पर वेटलिफ्टिंग, बॉक्सिंग और जिम्नास्टिक्स में बेहतर नतीजे भारत के पदक अभियान को नई गति दे सकते हैं, जबकि स्विमिंग और लॉन बॉल्स में भी शानदार प्रदर्शन से भारतीय दल का आत्मविश्वास और मजबूत होगा।




