Haryana में दिन का पारा पहुंचा 42.1 डिग्री: लू को लेकर 10 अप्रैल तक येलो अलर्ट जारी।

Haryana में दिन का पारा पहुंचा 42.1 डिग्री: लू को लेकर 10 अप्रैल तक येलो अलर्ट जारी।

हरियाणा में इस वर्ष अप्रैल की शुरुआत से ही गर्मी ने अपना तीखा रूप दिखाना शुरू कर दिया है। सामान्यतः अप्रैल के पहले सप्ताह में मौसम अपेक्षाकृत संतुलित रहता है, लेकिन इस बार प्रदेश के अधिकांश जिलों में तापमान तेजी से बढ़ रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा आंकड़ों के अनुसार सोमवार को रोहतक प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 42.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह सामान्य तापमान से लगभग 6.6 डिग्री अधिक रहा, जिससे लोगों को दिनभर तेज धूप और गर्म हवाओं का सामना करना पड़ा।

प्रदेश के कई हिस्सों में सुबह से ही तेज धूप निकल रही है और दोपहर होते-होते गर्म हवाएं चलने लगती हैं। मौसम विभाग ने बढ़ते तापमान और लू जैसी परिस्थितियों को देखते हुए 10 अप्रैल तक येलो अलर्ट जारी किया है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि वर्तमान मौसम प्रणाली में बड़ा बदलाव नहीं हुआ तो आने वाले दिनों में तापमान में और वृद्धि हो सकती है।

गर्मी के बढ़ते प्रभाव का असर आम जनजीवन पर भी दिखाई देने लगा है। दोपहर के समय बाजारों, सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों की आवाजाही कम हो रही है। खेतों, निर्माण स्थलों और खुले क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिकों के लिए यह मौसम चुनौतीपूर्ण बनता जा रहा है।

रोहतक सबसे गर्म, कई जिलों में सामान्य से काफी अधिक दर्ज हुआ तापमान

मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार सोमवार को रोहतक का अधिकतम तापमान 42.1 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो पूरे प्रदेश में सबसे अधिक रहा। सामान्य तापमान की तुलना में यह लगभग 6.6 डिग्री अधिक दर्ज किया गया। लगातार बढ़ते तापमान के कारण जिले में दोपहर के समय लू जैसी स्थिति महसूस की गई।

प्रदेश के अन्य जिलों में भी तापमान सामान्य से अधिक दर्ज किया गया। हिसार, भिवानी, सिरसा, झज्जर, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, फतेहाबाद और जींद सहित कई क्षेत्रों में तापमान 39 से 41 डिग्री सेल्सियस के बीच पहुंच गया। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अप्रैल के पहले सप्ताह में इस प्रकार का तापमान असामान्य माना जाता है।

विशेषज्ञों के अनुसार यदि अगले कुछ दिनों तक मौसम साफ बना रहा तो अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस के आसपास भी पहुंच सकता है।

फतेहाबाद में सबसे अधिक रहा रात का तापमान

दिन के साथ-साथ रात का तापमान भी लगातार बढ़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार फतेहाबाद में न्यूनतम तापमान 23.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे अधिक रहा। सामान्यतः रात के समय तापमान कम होने से लोगों को राहत मिलती है, लेकिन इस बार रातें भी अपेक्षाकृत गर्म बनी हुई हैं।

रात का तापमान अधिक रहने से घरों और भवनों में दिनभर जमा हुई गर्मी देर रात तक बनी रहती है। इसके कारण लोगों की नींद भी प्रभावित हो रही है और एयर कंडीशनर तथा कूलर का उपयोग समय से पहले बढ़ने लगा है।

अप्रैल की शुरुआत में इतनी गर्मी क्यों पड़ रही है?

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस समय हरियाणा, दिल्ली और एनसीआर क्षेत्र में प्रभावी पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय नहीं है। पश्चिमी विक्षोभ की अनुपस्थिति के कारण आसमान पूरी तरह साफ बना हुआ है, जिससे सूर्य की किरणें सीधे धरती पर पहुंच रही हैं और जमीन तेजी से गर्म हो रही है।

इसके साथ ही राजस्थान के थार मरुस्थल से आने वाली गर्म और शुष्क पश्चिमी हवाएं भी तापमान बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। ये हवाएं वातावरण में मौजूद नमी को कम कर देती हैं, जिससे गर्मी का प्रभाव और अधिक महसूस होता है।

विशेषज्ञों का कहना है कि वर्तमान समय में हवा में नमी की मात्रा कम होने के कारण बादल बनने की संभावना भी कम है। यही कारण है कि फिलहाल बारिश की कोई विशेष संभावना नहीं दिखाई दे रही है।

मौसम विभाग ने जारी किया येलो अलर्ट

भारतीय मौसम विभाग ने हरियाणा के कई जिलों में 10 अप्रैल तक येलो अलर्ट जारी किया है। येलो अलर्ट का उद्देश्य लोगों को मौसम की गंभीर स्थिति के प्रति पहले से सचेत करना होता है ताकि वे आवश्यक सावधानियां अपना सकें।

मौसम विभाग के अनुसार विशेष रूप से प्रदेश के पश्चिमी, दक्षिणी और दक्षिण-पश्चिमी जिलों में लू चलने की संभावना अधिक है। इन क्षेत्रों में दोपहर के समय तापमान काफी अधिक रहने का अनुमान है।

यदि तापमान इसी प्रकार बढ़ता रहा तो संवेदनशील वर्गों जैसे बुजुर्ग, छोटे बच्चे और गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों पर इसका अधिक प्रभाव पड़ सकता है।

दिन के समय सबसे अधिक रहेगी गर्मी

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार सुबह 11 बजे से लेकर शाम 4 बजे तक गर्मी का प्रभाव सबसे अधिक रहेगा। इस दौरान तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण शरीर में पानी की कमी, थकान और हीट स्ट्रेस जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।

विशेषज्ञों का सुझाव है कि अत्यधिक आवश्यक कार्य होने पर ही इस अवधि में बाहर निकलें। यदि बाहर जाना जरूरी हो तो सिर को कपड़े या टोपी से ढकें और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें।

कृषि क्षेत्र पर भी पड़ सकता है असर

लगातार बढ़ते तापमान का असर कृषि गतिविधियों पर भी पड़ सकता है। खेतों में काम करने वाले किसानों और मजदूरों को दोपहर के समय अधिक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। अधिक तापमान के कारण मिट्टी की नमी तेजी से कम होती है, जिससे सिंचाई की आवश्यकता बढ़ सकती है।

कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आने वाले दिनों में तापमान लगातार ऊंचा बना रहा तो कुछ फसलों पर इसका प्रभाव देखने को मिल सकता है। इसलिए किसानों को मौसम विभाग की सलाह के अनुसार कृषि कार्यों की योजना बनाने की जरूरत है।

स्वास्थ्य विभाग ने भी जारी की सावधानी

स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि अत्यधिक गर्मी के दौरान शरीर में पानी की कमी होने का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे मौसम में पर्याप्त मात्रा में पानी, ओआरएस, नींबू पानी और अन्य तरल पदार्थों का सेवन करना चाहिए।

डॉक्टरों के अनुसार छोटे बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और हृदय या मधुमेह जैसी बीमारियों से पीड़ित लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। लंबे समय तक धूप में रहने से बचना चाहिए और हल्के रंग के सूती कपड़े पहनने चाहिए।

बिजली की मांग में हो सकती है बढ़ोतरी

गर्मी बढ़ने के साथ ही प्रदेश में बिजली की मांग भी लगातार बढ़ रही है। एयर कंडीशनर, कूलर और पंखों के अधिक उपयोग के कारण बिजली की खपत सामान्य दिनों की तुलना में काफी अधिक हो सकती है। बिजली विभाग भी गर्मी के मौसम को देखते हुए अपनी तैयारियों की समीक्षा कर रहा है ताकि उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली आपूर्ति मिल सके।

9 अप्रैल के बाद मौसम बदलने की संभावना

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार 9 अप्रैल के आसपास एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत के पर्वतीय क्षेत्रों में सक्रिय हो सकता है। इसके प्रभाव से हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में आंशिक बादल छाने तथा कुछ स्थानों पर हल्की हवाएं चलने की संभावना है।

हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि इस पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव सीमित रहने की संभावना है। इससे तापमान में हल्की गिरावट आ सकती है, लेकिन भीषण गर्मी से पूरी तरह राहत मिलने की संभावना फिलहाल कम दिखाई दे रही है।

आने वाले दिनों में कैसा रह सकता है मौसम?

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले तीन से चार दिनों तक हरियाणा में दिन का तापमान सामान्य से अधिक बना रह सकता है। पश्चिमी और दक्षिणी जिलों में लू जैसी परिस्थितियां बनने की संभावना बनी हुई है। सुबह और देर शाम मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहेगा, लेकिन दोपहर के समय गर्म हवाओं का प्रभाव अधिक रहेगा।

विशेषज्ञों का कहना है कि मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर लगातार नजर रखना आवश्यक है। मौसम में किसी भी प्रकार के बदलाव की स्थिति में विभाग समय-समय पर नया पूर्वानुमान और आवश्यक अलर्ट जारी करेगा, ताकि नागरिक समय रहते उचित सावधानी बरत सकें और अत्यधिक गर्मी से होने वाली संभावित परेशानियों से बच सकें।

Leave a Reply