क्या हर दिन 10,000 कदम चलना जरूरी? जानिए वॉक से कौन-कौन सी बीमारियों में मिलता है फायदा

क्या हर दिन 10,000 कदम चलना जरूरी? जानिए वॉक से कौन-कौन सी बीमारियों में मिलता है फायदा

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में पैदल चलना भी लोगों के लिए एक अलग “टास्क” बन गया है। पहले के समय में लोग बिना सोचे-समझे दिनभर में हजारों कदम चल लेते थे, जिससे उनकी फिटनेस भी बेहतर रहती थी और उम्र भी लंबी होती थी। लेकिन अब लोग स्मार्टवॉच के सहारे अपने कदम गिनते हैं और 10,000 स्टेप्स को ही फिटनेस का पैमाना मान बैठे हैं।

हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि सेहत के लिए केवल 10,000 कदम ही जरूरी नहीं हैं। कई डॉक्टर मानते हैं कि रोजाना 4,000 से 5,000 कदम चलना भी शरीर को सक्रिय रखने के लिए पर्याप्त हो सकता है, जबकि कुछ फिटनेस एक्सपर्ट 7,000 से 10,000 कदम का लक्ष्य रखने की सलाह देते हैं। असल बात यह है कि शरीर को नियमित रूप से एक्टिव रखना ज्यादा जरूरी है, न कि केवल स्टेप्स की संख्या पूरी करना।

वॉक करने का सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह शरीर पर बिना ज्यादा दबाव डाले कई बीमारियों को दूर रखने में मदद करता है। रोजाना चलने से ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रित रहता है, दिल स्वस्थ रहता है और मानसिक तनाव भी कम होता है। इसके अलावा, वॉक करने से दिमाग की कार्यक्षमता बढ़ती है, याददाश्त बेहतर होती है और शरीर में पॉजिटिव हार्मोन का स्तर बढ़ता है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक, शारीरिक निष्क्रियता हर साल लाखों लोगों की जान लेती है। ऐसे में रोजाना सिर्फ एक घंटा पैदल चलना भी कई गंभीर बीमारियों से बचाव कर सकता है। इसलिए जरूरी यह नहीं कि आप कितने कदम चलते हैं, बल्कि यह है कि आप नियमित रूप से चलते रहें। लंबे समय तक बैठकर काम करना, घंटों खड़े रहना, मोटापा और बढ़ती उम्र जैसी आदतें पैरों की नसों से जुड़ी समस्याओं जैसे वैरिकोज़ वेन्स को जन्म दे सकती हैं। इस समस्या में नसें नीली दिखाई देने लगती हैं, पैरों में सूजन और दर्द रहता है, और कभी-कभी स्किन पर घाव भी हो सकते हैं।

इससे बचने के लिए वजन नियंत्रित रखना, कम नमक और चीनी का सेवन करना, ढीले कपड़े पहनना और नियमित रूप से चलना बेहद जरूरी है। घरेलू उपायों में एप्पल साइडर विनेगर, जैतून तेल की मालिश और ठंडी सिकाई से भी राहत मिल सकती है। इसके अलावा, आयुर्वेद में गिलोय, अश्वगंधा, गुग्गुल और पुनर्नवा जैसी जड़ी-बूटियों को भी फायदेमंद माना गया है। खानपान में लौकी, नींबू, संतरा और छाछ जैसी चीजें शामिल करने से भी नसों की सेहत बेहतर रहती है।

कुल मिलाकर, फिट रहने के लिए किसी एक संख्या के पीछे भागने की बजाय रोजाना सक्रिय रहना ज्यादा जरूरी है। सुबह या शाम, जैसे भी समय मिले, नियमित रूप से वॉक को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं, यही स्वस्थ जीवन की सबसे आसान कुंजी है।