जालंधर रेलवे स्टेशन बनने जा रहा है हाईटेक ट्रांजिट हब, अमृत भारत योजना के तहत अंतिम चरण में पहुंचा 98 करोड़ का मेगा प्रोजेक्ट

जालंधर रेलवे स्टेशन बनने जा रहा है हाईटेक ट्रांजिट हब, अमृत भारत योजना के तहत अंतिम चरण में पहुंचा 98 करोड़ का मेगा प्रोजेक्ट

जालंधर: पंजाब के सबसे व्यस्त रेलवे स्टेशनों में शामिल जालंधर रेलवे स्टेशन का स्वरूप अब पूरी तरह बदलने वाला है। लंबे समय से चल रहा स्टेशन पुनर्विकास कार्य अब अंतिम चरण में पहुंच चुका है और रेलवे प्रशासन ने इसे जल्द पूरा करने के लिए निर्माण एजेंसियों को तेजी से काम करने के निर्देश दिए हैं। अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत तैयार हो रहे इस आधुनिक स्टेशन को अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है, ताकि यात्रियों को पहले से कहीं बेहतर और सुविधाजनक यात्रा अनुभव मिल सके।

केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने बुधवार को जालंधर रेलवे स्टेशन का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों और निर्माण एजेंसियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर परियोजना की प्रगति का जायजा लिया तथा शेष कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने के निर्देश दिए।

17 जुलाई तक निर्माण कार्य पूरा करने का लक्ष्य

निरीक्षण के दौरान रेल राज्य मंत्री ने कहा कि अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पंजाब में जिन रेलवे स्टेशनों का आधुनिकीकरण किया जा रहा है, उनका निर्माण कार्य 17 जुलाई तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि गुणवत्ता से कोई समझौता किए बिना सभी शेष कार्य समय पर पूरे किए जाएं, ताकि उद्घाटन से पहले किसी प्रकार की कमी न रहे।

रेल मंत्रालय परियोजना की प्रगति पर लगातार नजर बनाए हुए है और प्रत्येक चरण की नियमित समीक्षा की जा रही है।

प्रधानमंत्री करेंगे तैयार स्टेशनों का एक साथ उद्घाटन

रवनीत सिंह बिट्टू ने बताया कि अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत तैयार होने वाले रेलवे स्टेशनों का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा एक साथ किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के पंजाब दौरे की अंतिम तिथि अभी तय नहीं हुई है। कार्यक्रम को लेकर अंतिम निर्णय सुरक्षा, समय-सारिणी और अन्य प्रशासनिक कारणों को ध्यान में रखकर लिया जाएगा। यदि कार्यक्रम में कोई बदलाव होता है तो उसी के अनुसार उद्घाटन की नई तिथि तय की जाएगी।

रेल मंत्री ने कहा कि फिलहाल पूरा ध्यान इस बात पर है कि उद्घाटन से पहले सभी निर्माण कार्य और यात्री सुविधाएं पूरी तरह तैयार हो जाएं।

करीब 99 करोड़ रुपये से बदलेगी स्टेशन की तस्वीर

जालंधर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास पर लगभग 98.89 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इस परियोजना का उद्देश्य स्टेशन को आधुनिक, सुरक्षित और यात्री-अनुकूल स्वरूप देना है।

परियोजना के तहत स्टेशन भवन का व्यापक आधुनिकीकरण किया जा रहा है। नई डिजाइन में यात्रियों की सुविधा और बेहतर आवाजाही को प्राथमिकता दी गई है। स्टेशन परिसर को इस प्रकार विकसित किया जा रहा है कि बढ़ती यात्री संख्या को भविष्य में भी आसानी से संभाला जा सके।

यात्रियों को मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं

पुनर्विकास परियोजना पूरी होने के बाद यात्रियों को पहले की तुलना में कहीं अधिक सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

स्टेशन पर आधुनिक प्रतीक्षालय बनाए जा रहे हैं, जहां यात्रियों को आरामदायक बैठने की व्यवस्था मिलेगी। प्रवेश और निकास मार्गों को अधिक व्यवस्थित और सुगम बनाया जा रहा है ताकि भीड़भाड़ कम हो और यात्रियों की आवाजाही आसान हो सके।

दिव्यांग यात्रियों के लिए विशेष रैंप, सुगम मार्ग और अन्य आवश्यक सुविधाओं का भी विकास किया जा रहा है। इसके अलावा पूरे स्टेशन परिसर में आधुनिक एलईडी प्रकाश व्यवस्था, बेहतर संकेतक प्रणाली, उन्नत शौचालय, साफ-सुथरा वातावरण और आकर्षक स्टेशन भवन तैयार किया जा रहा है।

रेलवे का उद्देश्य स्टेशन को केवल यात्रा का केंद्र नहीं, बल्कि आधुनिक सार्वजनिक सुविधा केंद्र के रूप में विकसित करना है।

दो वर्ष की देरी के बाद अंतिम चरण में पहुंचा काम

रेल राज्य मंत्री ने बताया कि जालंधर स्टेशन पुनर्विकास परियोजना निर्धारित समय से लगभग दो वर्ष पीछे चल रही थी।

उन्होंने कहा कि निर्माण के दौरान कई तकनीकी और प्रशासनिक चुनौतियां सामने आईं, जिसके कारण परियोजना की गति प्रभावित हुई। कुछ कार्यों में डिजाइन परिवर्तन, समन्वय संबंधी प्रक्रियाएं और अन्य तकनीकी कारणों से भी समय अधिक लगा।

हालांकि अब अधिकांश निर्माण कार्य पूरे किए जा चुके हैं और केवल अंतिम चरण के कार्य तेजी से किए जा रहे हैं।

2022 में रखी गई थी परियोजना की नींव

जालंधर रेलवे स्टेशन के आधुनिकीकरण की शुरुआत वर्ष 2022 में हुई थी। उस समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से इस परियोजना का शिलान्यास किया था।

इसके बाद चरणबद्ध तरीके से स्टेशन के पुनर्विकास का कार्य शुरू हुआ। परियोजना का उद्देश्य स्टेशन को आधुनिक रेलवे अवसंरचना के अनुरूप विकसित करना और यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना था।

अमृत भारत स्टेशन योजना से बदल रहे रेलवे स्टेशन

अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देशभर के कई रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है। इस योजना का लक्ष्य पुराने रेलवे स्टेशनों को आधुनिक सुविधाओं से लैस करना, यात्रियों के लिए बेहतर बुनियादी ढांचा तैयार करना और रेलवे परिसरों को अधिक आकर्षक बनाना है।

इसी योजना के तहत पंजाब के कई महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशनों का भी कायाकल्प किया जा रहा है, जिनमें जालंधर प्रमुख परियोजनाओं में शामिल है।

नियमित निगरानी में चल रहा निर्माण कार्य

रेलवे अधिकारियों के अनुसार निर्माण कार्य की गुणवत्ता और समयसीमा सुनिश्चित करने के लिए वरिष्ठ अधिकारी लगातार परियोजना की निगरानी कर रहे हैं।

निर्माण एजेंसियों को निर्देश दिए गए हैं कि शेष कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए और उद्घाटन से पहले सभी तकनीकी परीक्षण तथा सुरक्षा मानकों की जांच भी पूरी कर ली जाए।

यात्रियों को मिलेगा नया अनुभव

परियोजना पूरी होने के बाद जालंधर रेलवे स्टेशन न केवल देखने में आधुनिक होगा, बल्कि यात्री सुविधाओं के मामले में भी नई पहचान बनाएगा।

बेहतर प्रकाश व्यवस्था, सुव्यवस्थित यात्री क्षेत्र, आधुनिक प्रतीक्षालय, दिव्यांग अनुकूल सुविधाएं, स्वच्छ वातावरण और बेहतर यातायात प्रबंधन से यात्रियों का सफर अधिक आरामदायक बनने की उम्मीद है।

रेलवे का मानना है कि स्टेशन के आधुनिकीकरण से शहर की पहचान भी मजबूत होगी और जालंधर आने-जाने वाले लाखों यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाओं का अनुभव मिलेगा।

उद्घाटन की तैयारियों पर रेलवे का पूरा फोकस

रेल मंत्रालय का कहना है कि परियोजना अब अपने अंतिम चरण में है और सभी विभाग समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं। जैसे ही निर्माण कार्य पूरी तरह समाप्त होगा और प्रधानमंत्री के कार्यक्रम को अंतिम रूप मिलेगा, स्टेशन का लोकार्पण किया जाएगा।

यदि सब कुछ निर्धारित योजना के अनुसार आगे बढ़ता है, तो आने वाले समय में जालंधर रेलवे स्टेशन पंजाब के सबसे आधुनिक और सुविधासंपन्न रेलवे स्टेशनों में शामिल होगा, जिससे यात्रियों को नई और बेहतर यात्रा सुविधाओं का लाभ मिलेगा।