श्री गुरु रविदास महाराज के 650वें प्रकाश पर्व को ऐतिहासिक और जनभागीदारी वाला आयोजन बनाने के उद्देश्य से पंजाब सरकार ने राज्यभर में व्यापक जनजागरूकता अभियान शुरू किया है। इस अभियान का मकसद केवल धार्मिक आयोजनों तक सीमित न रहकर गुरु रविदास महाराज के जीवन दर्शन, सामाजिक समरसता, समानता, मानवता और भाईचारे के संदेश को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाना है। इसी उद्देश्य से सरकार ने पूरे प्रदेश में 50 विशेष प्रचार वैन रवाना की हैं, जो गांवों, कस्बों और शहरों में पहुंचकर लोगों को गुरु रविदास महाराज के जीवन और उनकी शिक्षाओं से परिचित करा रही हैं।
राज्य सरकार का मानना है कि आधुनिक दौर में नई पीढ़ी को महापुरुषों के विचारों से जोड़ना बेहद आवश्यक है। इसलिए इस अभियान में विशेष रूप से युवाओं को केंद्र में रखा गया है, ताकि वे गुरु रविदास महाराज के जीवन संघर्ष, सामाजिक सुधारों और समानता के संदेश को समझ सकें तथा अपने जीवन में उन मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित हों।
इस राज्यव्यापी अभियान की शुरुआत अमृतसर से की गई। लोक निर्माण मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने डिप्टी कमिश्नर कार्यालय परिसर से प्रचार वैन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार समाज में समानता, सामाजिक न्याय और भाईचारे की भावना को मजबूत करने के लिए लगातार कार्य कर रही है। गुरु रविदास महाराज का जीवन और उनके विचार आज भी समाज को एकजुट रखने की प्रेरणा देते हैं और यही संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना सरकार का उद्देश्य है।
उन्होंने कहा कि गुरु रविदास महाराज ने अपने जीवन के माध्यम से जात-पात, ऊंच-नीच और सामाजिक भेदभाव के खिलाफ आवाज उठाई। उन्होंने मानवता, प्रेम, समान अधिकार और सामाजिक सद्भाव का जो संदेश दिया, वह आज भी उतना ही प्रासंगिक है। सरकार चाहती है कि प्रदेश का प्रत्येक नागरिक, विशेषकर युवा वर्ग, इन विचारों को समझे और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में योगदान दे।
इस अभियान के तहत राज्यभर में चल रही प्रचार वैन आधुनिक ऑडियो-वीडियो सुविधाओं से लैस हैं। इन वैन में लगभग 30 मिनट की विशेष डॉक्यूमेंट्री दिखाई जा रही है, जिसमें गुरु रविदास महाराज के जीवन, उनके आध्यात्मिक योगदान, सामाजिक सुधारों, मानव कल्याण के लिए किए गए प्रयासों और उनकी अमूल्य शिक्षाओं को सरल एवं प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत किया गया है।
सरकार का उद्देश्य है कि यह डॉक्यूमेंट्री केवल जानकारी देने का माध्यम न बने, बल्कि लोगों में सामाजिक चेतना और सकारात्मक सोच विकसित करने का भी माध्यम बने। डॉक्यूमेंट्री में गुरु रविदास महाराज के जीवन के विभिन्न प्रसंगों के साथ उनके उपदेशों और समाज सुधार से जुड़े संदेशों को भी शामिल किया गया है, ताकि विभिन्न आयु वर्ग के लोग इसे आसानी से समझ सकें।
मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने कहा कि आज के समय में समाज को एकता, सद्भाव और सामाजिक समरसता की सबसे अधिक आवश्यकता है। गुरु रविदास महाराज की शिक्षाएं लोगों को परस्पर सम्मान, भाईचारे और मानव सेवा की प्रेरणा देती हैं। इसलिए सरकार ने इस अभियान को केवल धार्मिक कार्यक्रम के रूप में नहीं, बल्कि सामाजिक जागरूकता के व्यापक अभियान के रूप में तैयार किया है।
उन्होंने कहा कि प्रचार वैन राज्य के विभिन्न जिलों, कस्बों और गांवों में जाकर लोगों के बीच पहुंच रही हैं। इनका विशेष फोकस ग्रामीण क्षेत्रों पर भी रखा गया है ताकि दूर-दराज के इलाकों में रहने वाले लोग भी इस अभियान का हिस्सा बन सकें। सरकार का प्रयास है कि किसी भी क्षेत्र का नागरिक इस जागरूकता अभियान से वंचित न रहे।
अभियान के पहले चरण में अमृतसर के अलावा बाबा बकाला साहिब, अजनाला और आसपास के कई क्षेत्रों में प्रचार वैन भेजी गईं। इसके बाद इन्हें चरणबद्ध तरीके से पंजाब के अन्य जिलों और ग्रामीण क्षेत्रों में भी पहुंचाया जा रहा है। प्रत्येक स्थान पर स्थानीय लोगों को डॉक्यूमेंट्री दिखाने के साथ-साथ गुरु रविदास महाराज के विचारों पर आधारित जानकारी भी उपलब्ध कराई जा रही है।
राज्य सरकार का कहना है कि इस पहल से युवाओं में सामाजिक मूल्यों के प्रति जागरूकता बढ़ेगी और वे अपने इतिहास तथा महान संतों की शिक्षाओं को बेहतर तरीके से समझ सकेंगे। शिक्षा, सामाजिक चेतना और सांस्कृतिक विरासत को जोड़ने के उद्देश्य से इस अभियान की रूपरेखा तैयार की गई है।
गुरु रविदास महाराज के 650वें प्रकाश पर्व को पर्यावरण संरक्षण से भी जोड़ा गया है। मंत्री हरभजन सिंह ईटीओ ने बताया कि इस अवसर पर पूरे पंजाब में बड़े स्तर पर पौधरोपण अभियान चलाया गया, जिसके तहत लगभग 6.5 लाख पौधे लगाए गए। सरकार का मानना है कि धार्मिक और सामाजिक आयोजनों को पर्यावरण संरक्षण जैसी जनहित की गतिविधियों से जोड़ने से लोगों में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना भी विकसित होती है।
उन्होंने कहा कि पौधरोपण केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और हरित वातावरण तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। गुरु रविदास महाराज ने भी प्रकृति, मानवता और समाज के बीच संतुलन का संदेश दिया था, इसलिए प्रकाश पर्व के अवसर पर पर्यावरण संरक्षण को विशेष महत्व दिया गया है।
अमृतसर में प्रकाश पर्व के अवसर पर विभिन्न सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया। इनमें मैराथन, साइकिल रैली और आकर्षक ड्रोन शो शामिल रहे। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य केवल उत्सव मनाना नहीं, बल्कि युवाओं और आम नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित करना भी था।
इसके अलावा प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में अमृतसर में पहले ही विशाल कीर्तन दरबार का आयोजन किया जा चुका है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लिया। धार्मिक वातावरण के बीच गुरु रविदास महाराज की वाणी और उनके संदेशों का प्रसार किया गया।
मंत्री ने बताया कि आगामी कार्यक्रमों के तहत जम्मू से एक विशाल नगर कीर्तन भी निकाला गया, जो विभिन्न स्थानों से होते हुए अमृतसर पहुंचेगा और फिर आगे की यात्रा करेगा। इस नगर कीर्तन को भी प्रकाश पर्व के प्रमुख आयोजनों में शामिल किया गया है। सरकार का उद्देश्य है कि धार्मिक परंपराओं और सामाजिक जागरूकता के कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को एक मंच पर लाया जाए।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार भविष्य में भी ऐसे आयोजन करती रहेगी, जिनके माध्यम से प्रदेश की आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाया जा सके। केवल समारोह आयोजित करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनके पीछे छिपे मूल संदेश को समाज तक पहुंचाना अधिक महत्वपूर्ण है।
राज्य सरकार का मानना है कि गुरु रविदास महाराज की शिक्षाएं आज भी सामाजिक समरसता और समानता की मजबूत आधारशिला हैं। उनका जीवन इस बात का संदेश देता है कि समाज की वास्तविक प्रगति तभी संभव है जब सभी लोगों को समान सम्मान और अवसर प्राप्त हों। इसी सोच के साथ सरकार ने पूरे राज्य में यह विशेष अभियान शुरू किया है।
राजनीतिक और सामाजिक दृष्टि से देखें तो यह पहल केवल एक धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज में जागरूकता, सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा और युवाओं को सकारात्मक मूल्यों से जोड़ने का प्रयास भी है। 50 प्रचार वैन के माध्यम से गांव-गांव तक पहुंच रही यह मुहिम पंजाब सरकार के उस प्रयास का हिस्सा है, जिसके तहत महान संतों और समाज सुधारकों के विचारों को आधुनिक माध्यमों से आम लोगों तक पहुंचाया जा रहा है।
सरकार को उम्मीद है कि इस अभियान के माध्यम से बड़ी संख्या में लोग गुरु रविदास महाराज के जीवन और उनकी शिक्षाओं से प्रेरणा लेंगे। विशेष रूप से युवा वर्ग में सामाजिक जिम्मेदारी, समानता, भाईचारे और मानव सेवा की भावना को मजबूत करने में यह पहल महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। आने वाले दिनों में जब यह प्रचार अभियान पूरे प्रदेश में पहुंचेगा, तब लाखों लोगों तक गुरु रविदास महाराज के संदेश को प्रभावी ढंग से पहुंचाने का लक्ष्य पूरा होने की उम्मीद है।




