हरियाणा में लगातार बढ़ती गर्मी के बीच मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के अनुसार राज्य के कई हिस्सों में शुक्रवार से मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। कुछ जिलों में बादल छाने, तेज हवाएं चलने और गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने छह जिलों के लिए अलग-अलग श्रेणी का अलर्ट जारी किया है और लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह दी है।
पिछले कुछ दिनों से हरियाणा के अधिकांश हिस्सों में तेज धूप और लगातार बढ़ते तापमान ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी। कई जिलों में अधिकतम तापमान 42 डिग्री सेल्सियस से ऊपर पहुंच गया था। ऐसे में मौसम में संभावित बदलाव से कुछ क्षेत्रों में गर्मी से अस्थायी राहत मिलने की उम्मीद है। हालांकि मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि बारिश के बाद भी तापमान में बहुत अधिक गिरावट की संभावना नहीं है और आने वाले दिनों में गर्मी का असर बना रह सकता है।

6 जिलों के लिए मौसम विभाग का अलर्ट, तेज हवाओं के साथ बारिश की संभावना
तीन जिलों में येलो अलर्ट जारी
भारतीय मौसम विभाग ने हरियाणा के कैथल, करनाल और कुरुक्षेत्र जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में दिनभर आंशिक रूप से बादल छाए रहने के साथ कुछ स्थानों पर गरज-चमक और हल्की बारिश होने की संभावना व्यक्त की गई है।
मौसम विभाग के अनुसार इन क्षेत्रों में मौसम अचानक बदल सकता है। ऐसे में किसानों, यात्रियों और खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों को मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखने की सलाह दी गई है।
अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर में डार्क येलो अलर्ट
अंबाला, पंचकूला और यमुनानगर जिलों के लिए डार्क येलो अलर्ट जारी किया गया है। इन क्षेत्रों में मौसम अधिक प्रभावी रहने की संभावना है। तेज हवाओं, गरज के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर बिजली चमकने की संभावना को देखते हुए प्रशासन को भी आवश्यक तैयारियां रखने के निर्देश दिए गए हैं।
मौसम विभाग का कहना है कि इन जिलों में हवा की गति 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। तेज हवाओं के कारण पेड़ों की कमजोर शाखाएं टूटने, बिजली लाइनों पर असर पड़ने और यातायात प्रभावित होने जैसी स्थितियां बन सकती हैं।
18 अप्रैल को इन जिलों में बारिश के आसार
पूर्वानुमान के अनुसार पंचकूला, अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, कैथल और करनाल जिलों में 18 अप्रैल को बारिश होने की संभावना है। कुछ स्थानों पर हल्की बारिश, जबकि कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ मध्यम वर्षा दर्ज की जा सकती है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से यह बदलाव देखने को मिल रहा है, जिसके कारण उत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम का मिजाज बदल रहा है।
50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
मौसम विभाग ने तेज हवाओं को लेकर भी चेतावनी जारी की है। कई जिलों में हवा की गति सामान्य से काफी अधिक रह सकती है। ऐसे में खुले स्थानों पर खड़े वाहन, निर्माण सामग्री, अस्थायी ढांचे और होर्डिंग्स प्रभावित हो सकते हैं।
लोगों को खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, पेड़ों के नीचे खड़े न होने और बिजली गिरने की स्थिति में सुरक्षित स्थान पर रहने की सलाह दी गई है।
गर्मी के बीच बदलेगा मौसम का मिजाज
हालांकि बारिश की संभावना केवल कुछ जिलों तक सीमित है, लेकिन मौसम में बदलाव का असर आसपास के क्षेत्रों में भी महसूस किया जा सकता है। बादलों की आवाजाही के कारण दिन के तापमान में कुछ कमी आ सकती है, जबकि रात के तापमान में बहुत अधिक बदलाव की संभावना नहीं जताई गई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अप्रैल के महीने में इस तरह के मौसम परिवर्तन सामान्य प्रक्रिया का हिस्सा होते हैं, लेकिन तेज हवाओं के कारण स्थानीय स्तर पर प्रभाव अधिक दिखाई दे सकता है।
प्रदेश का अधिकतम तापमान सामान्य से 3.3 डिग्री अधिक
मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को हरियाणा के अधिकतम तापमान में औसतन 1.7 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इसके साथ ही प्रदेश का औसत अधिकतम तापमान सामान्य से लगभग 3.3 डिग्री सेल्सियस ऊपर पहुंच गया।
तापमान में लगातार बढ़ोतरी के कारण दोपहर के समय गर्म हवाओं का असर भी महसूस किया गया। कई शहरों में लोगों ने दोपहर के समय घरों से निकलने से परहेज किया।
नारनौल रहा प्रदेश का सबसे गर्म क्षेत्र
प्रदेश में सबसे अधिक तापमान महेंद्रगढ़ जिले के नारनौल क्षेत्र में दर्ज किया गया। यहां अधिकतम तापमान 42.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो इस समय सामान्य से काफी अधिक माना जा रहा है।
उच्च तापमान के कारण दिनभर तेज धूप रही और गर्मी का असर स्पष्ट रूप से महसूस किया गया। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने भी दोपहर के समय पर्याप्त पानी पीने और धूप से बचाव करने की सलाह दी है।
पिछले 24 घंटे में सभी जिलों में बढ़ा तापमान
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार पिछले 24 घंटे के दौरान हरियाणा के लगभग सभी जिलों में अधिकतम तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की गई। कहीं भी तापमान में गिरावट नहीं देखी गई।
यह संकेत देता है कि प्रदेश में गर्मी का प्रभाव लगातार बढ़ रहा है और मौसम में अस्थायी बदलाव के बावजूद आगामी दिनों में गर्मी का दौर जारी रह सकता है।
महेंद्रगढ़ और फरीदाबाद में सबसे अधिक बढ़ोतरी
तापमान में सबसे अधिक वृद्धि महेंद्रगढ़ और फरीदाबाद जिलों में दर्ज की गई। दोनों जिलों में अधिकतम तापमान करीब 2.6 डिग्री सेल्सियस बढ़ा।
इस बढ़ोतरी के बाद फरीदाबाद का अधिकतम तापमान लगभग 40.1 डिग्री सेल्सियस और महेंद्रगढ़ का तापमान 42.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। दोनों क्षेत्रों में दिन के समय तेज गर्मी महसूस की गई।
बारिश नहीं होने से बनी रही गर्मी
पिछले 24 घंटों के दौरान हरियाणा के किसी भी जिले में वर्षा दर्ज नहीं की गई। आसमान अधिकांश समय साफ रहा, जिससे सूर्य की तीव्र किरणों का प्रभाव सीधे जमीन पर पड़ा और तापमान में लगातार वृद्धि होती रही।
मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि यदि आगामी दिनों में अपेक्षित बारिश होती है तो कुछ समय के लिए गर्मी से राहत मिल सकती है, लेकिन लंबे समय तक तापमान में बड़ी गिरावट की संभावना फिलहाल नहीं दिखाई दे रही है।
किसानों के लिए मौसम अपडेट महत्वपूर्ण
राज्य के कई हिस्सों में इस समय कृषि गतिविधियां जारी हैं। ऐसे में मौसम में बदलाव किसानों के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। तेज हवाओं और बारिश की संभावना को देखते हुए कृषि विशेषज्ञ किसानों को सलाह दे रहे हैं कि कटाई के बाद खुले में रखी फसलों को सुरक्षित स्थान पर रखें और मौसम विभाग की ताजा जानकारी के अनुसार ही खेतों में कार्य करें।
विशेष रूप से फल, सब्जी और बागवानी से जुड़े किसानों को तेज हवाओं के दौरान अतिरिक्त सावधानी बरतने की आवश्यकता हो सकती है, ताकि संभावित नुकसान से बचा जा सके।



