सिंगर बी प्राक को 10 करोड़ रुपये की फिरौती की धमकी, मोहाली पुलिस ने शुरू की जांच
पंजाबी और बॉलीवुड संगीत जगत के मशहूर गायक बी प्राक को कथित तौर पर 10 करोड़ रुपये की फिरौती की धमकी मिलने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद पंजाब के मोहाली में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जानकारी के अनुसार, धमकी सीधे बी प्राक को नहीं बल्कि उनके करीबी पंजाबी सिंगर दिलनूर को एक विदेशी नंबर से कॉल और वॉयस मैसेज के जरिए दी गई।
बी प्राक बॉलीवुड और पंजाबी म्यूजिक इंडस्ट्री का जाना-पहचाना नाम हैं। उन्होंने कई सुपरहिट गानों के जरिए देशभर में अपनी पहचान बनाई है। ऐसे में उनके नाम से जुड़ी इस धमकी की खबर सामने आने के बाद संगीत जगत में भी चिंता का माहौल है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए धमकी देने वाले व्यक्ति की पहचान और कॉल की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक, दिलनूर को 5 जनवरी को दो संदिग्ध कॉल आई थीं, लेकिन उन्होंने दोनों कॉल रिसीव नहीं कीं। इसके बाद 6 जनवरी को उन्हें एक विदेशी नंबर से दोबारा कॉल आई। जब उन्होंने कॉल उठाई तो बातचीत का तरीका संदिग्ध लगा, जिसके बाद उन्होंने कॉल काट दी। कुछ समय बाद उसी नंबर से एक वॉयस मैसेज भेजा गया, जिसमें 10 करोड़ रुपये की मांग की गई।
दिलनूर ने इस पूरे मामले की जानकारी पुलिस को दी और धमकी से जुड़े स्क्रीनशॉट, कॉल डिटेल और वॉयस रिकॉर्डिंग भी जांच एजेंसी को सौंप दी। पुलिस अब इस मामले में तकनीकी जांच के साथ-साथ अन्य पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है।
वॉयस मैसेज में दी गई धमकी, एक सप्ताह में पैसे देने की मांग
पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, वॉयस मैसेज में कॉल करने वाले व्यक्ति ने खुद को आरजू बिश्नोई बताया। उसने कथित तौर पर बी प्राक तक संदेश पहुंचाने की बात कही और 10 करोड़ रुपये की मांग की। मैसेज में एक निश्चित समय सीमा के अंदर रकम देने के लिए कहा गया।
धमकी भरे संदेश में कॉलर ने कथित रूप से डराने वाली भाषा का इस्तेमाल किया और पैसे नहीं देने पर नुकसान पहुंचाने की बात कही। पुलिस ने इस वॉयस मैसेज को जांच का महत्वपूर्ण हिस्सा माना है और इसकी तकनीकी जांच कराई जा रही है।
जांच एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि धमकी देने वाला व्यक्ति वास्तव में कौन है और क्या उसका किसी संगठित गिरोह से संबंध है। पुलिस विदेशी नंबर, कॉल की लोकेशन और डिजिटल रिकॉर्ड की जांच कर रही है।
मामले में अभी तक पुलिस की ओर से आधिकारिक रूप से किसी गिरोह की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन शिकायत में लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े एक नाम का उल्लेख किया गया है। पुलिस सभी संभावित एंगल को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ा रही है।
दिलनूर ने मोहाली एसएसपी को दी शिकायत, सुरक्षा की मांग
धमकी मिलने के बाद पंजाबी सिंगर दिलनूर ने 6 जनवरी को मोहाली के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) को लिखित शिकायत दी। शिकायत में उन्होंने पूरी घटना का विवरण दिया और धमकी से जुड़े सभी सबूत पुलिस को सौंपे।
दिलनूर ने पुलिस से सुरक्षा उपलब्ध कराने की मांग भी की है। पुलिस अधिकारियों ने शिकायत मिलने के बाद मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, धमकी भरे मामलों में तकनीकी साक्ष्यों की जांच बेहद महत्वपूर्ण होती है, इसलिए कॉल रिकॉर्ड और मैसेज की जांच की जा रही है।
पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि धमकी देने वाला व्यक्ति देश के बाहर से ऑपरेट कर रहा था या किसी अन्य माध्यम का इस्तेमाल कर रहा था। इसके लिए साइबर टीम और अन्य जांच एजेंसियों की मदद ली जा रही है।
कौन है आरजू बिश्नोई, जिसका नाम धमकी मामले में सामने आया
शिकायत में आरजू बिश्नोई नाम का उल्लेख किया गया है, जिसे लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताया जा रहा है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि धमकी देने वाला व्यक्ति वास्तव में वही है या किसी ने उसकी पहचान का इस्तेमाल कर डर पैदा करने की कोशिश की है।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम इससे पहले भी कई आपराधिक मामलों में सामने आता रहा है। समय-समय पर इस गैंग पर कारोबारियों, कलाकारों और सार्वजनिक हस्तियों को धमकी देने के आरोप लगते रहे हैं। हालांकि, किसी भी मामले में पुलिस जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही स्थिति स्पष्ट होती है।
बी प्राक से जुड़े इस मामले में भी पुलिस सभी तथ्यों को जांचने के बाद ही आगे की कार्रवाई करेगी। फिलहाल जांच का मुख्य फोकस धमकी देने वाले व्यक्ति की पहचान और उसके नेटवर्क का पता लगाना है।
सेलिब्रिटीज और कारोबारियों को धमकी देने के मामले पहले भी आए सामने
देश में पिछले कुछ समय से कई हाई प्रोफाइल लोगों को धमकी देने के मामले सामने आए हैं। इनमें फिल्म कलाकार, कारोबारी और अन्य सार्वजनिक हस्तियां शामिल रही हैं। ऐसे मामलों में पुलिस सुरक्षा बढ़ाने के साथ-साथ धमकी देने वाले नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश करती है।
अपराधी अक्सर सोशल मीडिया, विदेशी नंबरों और इंटरनेट आधारित कॉलिंग सेवाओं का इस्तेमाल कर धमकी देने की कोशिश करते हैं। ऐसे मामलों में पुलिस के लिए डिजिटल ट्रैकिंग और साइबर जांच अहम भूमिका निभाती है।
बी प्राक और दिलनूर से जुड़े इस मामले में भी पुलिस इसी दिशा में जांच कर रही है ताकि धमकी के पीछे की वास्तविक वजह और आरोपी तक पहुंचा जा सके।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े मामलों में पहले भी हुई कार्रवाई
लॉरेंस बिश्नोई गैंग का नाम पहले भी कई आपराधिक घटनाओं के बाद चर्चा में रहा है। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां समय-समय पर इस गैंग से जुड़े संदिग्धों के खिलाफ कार्रवाई करती रही हैं।
हाल के वर्षों में धमकी, फिरौती और गोलीबारी जैसी घटनाओं में संगठित अपराध गिरोहों की भूमिका की जांच की जाती रही है। कई मामलों में पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार भी किया है।
दिल्ली समेत कई राज्यों में गैंग से जुड़े मामलों में कार्रवाई के बाद भी ऐसे गिरोहों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। बी प्राक धमकी मामले में भी पुलिस इसी व्यापक जांच प्रक्रिया के तहत कार्रवाई कर रही है।
पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगी पूरी सच्चाई
फिलहाल बी प्राक को मिली कथित धमकी के मामले में मोहाली पुलिस जांच कर रही है। पुलिस कॉल रिकॉर्ड, वॉयस मैसेज, नंबर की जानकारी और अन्य डिजिटल सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।
सुरक्षा एजेंसियों के लिए ऐसे मामलों में समय पर जांच करना जरूरी होता है, ताकि संभावित खतरे को रोका जा सके। पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी है और मामले से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।
बी प्राक और दिलनूर से जुड़े इस मामले पर अब पुलिस की जांच रिपोर्ट और आगे की कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।




