गर्मी में बढ़ा खतरा: लू, बुखार और डिहाइड्रेशन से बचने के लिए अपनाएं ये जरूरी उपाय

गर्मी में बढ़ा खतरा: लू, बुखार और डिहाइड्रेशन से बचने के लिए अपनाएं ये जरूरी उपाय

गर्मी का मौसम शुरू होते ही शरीर को कई तरह की स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। तेज धूप, बढ़ता तापमान और गर्म हवाओं के कारण लोगों में लू लगने, डिहाइड्रेशन, कमजोरी, उल्टी-दस्त और बुखार जैसी परेशानियां बढ़ने लगती हैं।

गर्मियों में अस्पतालों में भी ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ जाती है, जो शरीर में पानी और जरूरी पोषक तत्वों की कमी से परेशान होते हैं। खासतौर पर बच्चे, बुजुर्ग और ऐसे लोग जो लंबे समय तक धूप में रहते हैं, उन्हें अधिक सावधानी बरतने की जरूरत होती है।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, गर्मी से होने वाली ज्यादातर समस्याओं को सही खान-पान, पर्याप्त पानी पीने और कुछ जरूरी सावधानियां अपनाकर काफी हद तक रोका जा सकता है।

गर्मी में डिहाइड्रेशन क्यों होता है?

गर्म मौसम में शरीर का तापमान नियंत्रित रखने के लिए पसीना निकलता है। पसीने के जरिए शरीर से पानी के साथ-साथ सोडियम, पोटैशियम जैसे जरूरी इलेक्ट्रोलाइट्स भी बाहर निकल जाते हैं।

अगर शरीर में पानी की कमी पूरी नहीं की जाती है तो डिहाइड्रेशन की समस्या हो सकती है। शुरुआत में इसके लक्षण हल्के दिखाई देते हैं, लेकिन समय पर ध्यान न देने पर स्थिति गंभीर हो सकती है।

डिहाइड्रेशन के कारण व्यक्ति को:

  • कमजोरी महसूस होना।
  • चक्कर आना।
  • सिर दर्द होना।
  • ज्यादा थकान महसूस होना।
  • मुंह सूखना।
  • पेशाब का रंग गहरा होना।

ऐसी समस्याएं हो सकती हैं।

गर्मी में शरीर को हाइड्रेट रखना सबसे जरूरी

गर्मियों में शरीर को स्वस्थ रखने के लिए सबसे महत्वपूर्ण चीज पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ लेना है।

विशेषज्ञों के अनुसार, प्यास लगने का इंतजार नहीं करना चाहिए। कई बार शरीर में पानी की कमी शुरू हो जाती है और हमें इसका एहसास बाद में होता है।

बाहर निकलते समय हमेशा पानी की बोतल साथ रखें। कोशिश करें कि थोड़ी-थोड़ी मात्रा में नियमित अंतराल पर पानी पीते रहें।

एक साथ बहुत ज्यादा पानी पीने के बजाय पूरे दिन छोटे-छोटे अंतराल में पानी पीना शरीर के लिए ज्यादा फायदेमंद होता है।

बार-बार कम मात्रा में पानी पीना क्यों है बेहतर?

गर्मी में कई लोग लंबे समय तक पानी नहीं पीते और जब ज्यादा प्यास लगती है तो अचानक बहुत अधिक मात्रा में पानी पी लेते हैं।

यह आदत शरीर के लिए अच्छी नहीं मानी जाती। लंबे समय तक पानी की कमी रहने से शरीर पर दबाव बढ़ता है।

इसलिए बेहतर तरीका यह है कि:

  • हर थोड़ी देर में पानी पीते रहें।
  • बाहर जाते समय पानी जरूर रखें।
  • काम के दौरान बीच-बीच में ब्रेक लेकर तरल पदार्थ लें।
  • प्यास को नजरअंदाज न करें।

इसके अलावा बहुत ज्यादा बर्फ वाला या बेहद ठंडा पानी पीने से भी बचना चाहिए।

डिहाइड्रेशन की पहचान कैसे करें?

शरीर में पानी की कमी के कुछ संकेत आसानी से पहचाने जा सकते हैं।

पेशाब का रंग अगर सामान्य से ज्यादा गहरा पीला दिखाई देता है, तो यह शरीर में पानी की कमी का संकेत हो सकता है।

इसके अलावा अगर लगातार थकान, चक्कर, कमजोरी या मुंह सूखने जैसी समस्या महसूस हो रही है तो शरीर को अधिक तरल पदार्थों की जरूरत हो सकती है।

ऐसे समय में केवल पानी ही नहीं बल्कि इलेक्ट्रोलाइट्स वाले पेय भी मददगार हो सकते हैं।

लू से बचने के लिए रखें इन बातों का ध्यान

गर्मियों में लू लगना एक गंभीर समस्या हो सकती है। लंबे समय तक तेज धूप में रहने से शरीर का तापमान बढ़ सकता है।

लू से बचने के लिए कुछ आसान उपाय अपनाए जा सकते हैं:

  • दोपहर के समय तेज धूप में निकलने से बचें।
  • जरूरी काम हो तो सिर और चेहरे को ढककर बाहर जाएं।
  • हल्के रंग और सूती कपड़े पहनें।
  • धूप से आने के तुरंत बाद बहुत ठंडा पानी न पिएं।
  • शरीर को आराम देने के लिए पर्याप्त नींद लें।

खासकर दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच गर्मी का असर सबसे ज्यादा रहता है, इसलिए इस समय अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।

गर्मियों में कौन से पेय पदार्थ फायदेमंद हैं?

सिर्फ पानी पीना ही पर्याप्त नहीं होता। गर्मी में शरीर को ऊर्जा और इलेक्ट्रोलाइट्स की भी जरूरत होती है।

कुछ प्राकृतिक पेय शरीर को ठंडक देने के साथ जरूरी पोषक तत्व भी प्रदान करते हैं।

नींबू पानी

नींबू पानी गर्मियों में सबसे लोकप्रिय पेय है। इसमें मौजूद विटामिन सी शरीर को ताजगी देने के साथ इम्युनिटी को सपोर्ट करता है।

अगर इसमें थोड़ा नमक और चीनी मिलाई जाए तो यह शरीर में इलेक्ट्रोलाइट संतुलन बनाए रखने में मदद कर सकता है।

गन्ने का रस

गन्ने का रस गर्मी में शरीर को ऊर्जा देने वाला पेय माना जाता है। इसमें नींबू और पुदीना मिलाकर पीने से इसका स्वाद और ताजगी दोनों बढ़ जाते हैं।

छाछ और लस्सी

दही से बने पेय जैसे छाछ और लस्सी गर्मियों में काफी फायदेमंद माने जाते हैं। ये शरीर को ठंडक देने के साथ पाचन तंत्र को भी बेहतर रखने में मदद कर सकते हैं।

नारियल पानी

नारियल पानी प्राकृतिक रूप से कई मिनरल्स प्रदान करता है। गर्मी में यह शरीर को हाइड्रेट रखने के लिए अच्छा विकल्प हो सकता है।

गर्मियों में इन फलों को करें डाइट में शामिल

गर्मी के मौसम में पानी से भरपूर फलों का सेवन शरीर के लिए फायदेमंद रहता है।

कुछ ऐसे फल जो शरीर को हाइड्रेट रखने में मदद कर सकते हैं:

  • तरबूज।
  • खरबूजा।
  • खीरा।
  • अंगूर।
  • संतरा।
  • मौसमी।

इन फलों में पानी की मात्रा अधिक होती है और ये शरीर को जरूरी विटामिन और मिनरल्स भी प्रदान करते हैं।

गर्मी में खान-पान को लेकर सावधानी जरूरी

गर्म मौसम में पाचन तंत्र भी प्रभावित हो सकता है। इसलिए भोजन का चुनाव सोच-समझकर करना चाहिए।

इन बातों का ध्यान रखें:

  • बहुत ज्यादा तला-भुना खाना कम करें।
  • ज्यादा मसालेदार भोजन से बचें।
  • ताजा और साफ भोजन करें।
  • खुले में रखे खाद्य पदार्थों का सेवन करने से बचें।
  • पर्याप्त मात्रा में फल और सब्जियां खाएं।

गर्मी में खराब भोजन से फूड इंफेक्शन और पेट संबंधी समस्याएं भी हो सकती हैं।

बच्चों और बुजुर्गों के लिए ज्यादा सावधानी जरूरी

बच्चों और बुजुर्गों के शरीर में पानी की कमी जल्दी हो सकती है। इसलिए गर्मियों में उनकी विशेष देखभाल करनी चाहिए।

बच्चों को नियमित रूप से पानी और तरल पदार्थ देते रहें। बुजुर्गों को भी समय-समय पर पानी पीने के लिए याद दिलाना जरूरी हो सकता है, क्योंकि कई बार उम्र बढ़ने के साथ प्यास महसूस होने की क्षमता कम हो जाती है।

धूप में निकलने से पहले अपनाएं ये आदतें

अगर किसी कारण से बाहर जाना जरूरी हो तो कुछ छोटी सावधानियां काफी मदद कर सकती हैं:

  • घर से निकलने से पहले पर्याप्त पानी पी लें।
  • छाता, टोपी या स्कार्फ का इस्तेमाल करें।
  • हल्के और आरामदायक कपड़े पहनें।
  • साथ में पानी और जरूरी तरल पदार्थ रखें।
  • लंबे समय तक धूप में खड़े रहने से बचें।

गर्मी के मौसम में शरीर की जरूरतों को समझना और समय पर ध्यान देना बेहद जरूरी है। पर्याप्त पानी, संतुलित आहार और सही सावधानियों के जरिए लू, डिहाइड्रेशन और गर्मी से जुड़ी कई परेशानियों से बचाव किया जा सकता है।