हिसार में रविवार को आयोजित जननायक जनता पार्टी के नवसंकल्प महासम्मेलन में पार्टी ने संगठन विस्तार और आगामी राजनीतिक रणनीति को लेकर शक्ति प्रदर्शन किया। सम्मेलन के दौरान भाजपा नेता और कुलदीप बिश्नोई के करीबी माने जाने वाले अजय प्रताप सिंह ‘बबलू’ खटाना ने अपने समर्थकों के साथ भाजपा छोड़कर जननायक जनता पार्टी का दामन थाम लिया। पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने बबलू खटाना और उनके समर्थकों का पार्टी में स्वागत किया और उन्हें संगठन में उचित मान-सम्मान देने का भरोसा दिलाया।
बबलू खटाना के जेजेपी में शामिल होने को हिसार की राजनीति में महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तौर पर देखा जा रहा है। उनके साथ बड़ी संख्या में समर्थकों के पार्टी में आने से जेजेपी ने क्षेत्र में अपने संगठन को मजबूत करने का संदेश देने की कोशिश की। सम्मेलन में कांग्रेस और इंडियन नेशनल लोकदल से जुड़े कई कार्यकर्ताओं के भी जेजेपी में शामिल होने की जानकारी दी गई।
कार्यकर्ताओं के सम्मान का मुद्दा उठाकर भाजपा छोड़ी
जेजेपी में शामिल होने के बाद बबलू खटाना ने कहा कि किसी भी राजनीतिक संगठन की असली ताकत उसके कार्यकर्ता होते हैं और कार्यकर्ताओं के मान-सम्मान के साथ समझौता नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि लंबे समय से पार्टी के लिए काम करने वाले कार्यकर्ताओं की उपेक्षा होने से उनमें निराशा पैदा होती है।
बबलू खटाना ने कहा कि कार्यकर्ताओं की अनदेखी से आहत होकर उन्होंने भाजपा छोड़ने का फैसला किया है। उनके मुताबिक, राजनीति में पद और व्यक्तिगत महत्वाकांक्षा से ज्यादा जरूरी कार्यकर्ताओं का सम्मान और उनकी आवाज को महत्व दिया जाना है। उन्होंने कहा कि अब वह जेजेपी को मजबूत करने के लिए पूरी सक्रियता के साथ काम करेंगे।
उन्होंने अपने समर्थकों का भी आभार जताया और कहा कि उनके साथियों ने जिस तरह उनके फैसले का समर्थन किया है, उससे उनकी जिम्मेदारी और बढ़ गई है। उन्होंने जेजेपी की नीतियों और संगठन को मजबूत करने के लिए क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने की बात कही।
दुष्यंत चौटाला ने किया स्वागत
पूर्व उपमुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने बबलू खटाना का पार्टी में स्वागत करते हुए कहा कि वह लंबे समय से उनकी कार्यशैली और राजनीतिक गतिविधियों को देखते आए हैं। उन्होंने कहा कि बबलू खटाना और उनके साथियों के जेजेपी में शामिल होने से पार्टी के संगठन को मजबूती मिलेगी।
दुष्यंत चौटाला ने कहा कि जेजेपी में शामिल होने वाले प्रत्येक कार्यकर्ता को उचित सम्मान दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि पार्टी की राजनीति में कार्यकर्ताओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण है और संगठन को आगे बढ़ाने में नए साथियों के अनुभव का इस्तेमाल किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि बबलू खटाना का अपने समर्थकों के साथ जेजेपी में आना इस बात का संकेत है कि पार्टी का संगठन लगातार विस्तार कर रहा है। दुष्यंत ने नए कार्यकर्ताओं से आगामी समय में गांव और बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने में जुटने का आह्वान किया।
कांग्रेस और इनेलो के कार्यकर्ता भी जेजेपी में आए
नवसंकल्प महासम्मेलन में केवल भाजपा से जुड़े कार्यकर्ताओं ने ही जेजेपी की सदस्यता नहीं ली, बल्कि कांग्रेस और इनेलो से जुड़े कई कार्यकर्ताओं के भी पार्टी में शामिल होने की बात सामने आई। दुष्यंत चौटाला ने नए सदस्यों का स्वागत करते हुए कहा कि पार्टी का उद्देश्य जमीनी स्तर पर संगठन को मजबूत करना है।
जेजेपी की ओर से कहा गया कि विभिन्न राजनीतिक दलों से कार्यकर्ताओं के पार्टी में आने से संगठन का विस्तार होगा। पार्टी नेताओं ने कार्यकर्ताओं को आगामी राजनीतिक गतिविधियों के लिए तैयार रहने और स्थानीय स्तर पर लोगों से संपर्क बढ़ाने पर जोर दिया।
महासम्मेलन के जरिए पार्टी ने अपने कार्यकर्ताओं को एकजुट करने और आने वाले राजनीतिक दौर के लिए संगठनात्मक तैयारियां तेज करने का संदेश भी दिया। हिसार में हुए इस आयोजन में क्षेत्रीय राजनीति से जुड़े कई मुद्दों पर चर्चा हुई और सरकार की नीतियों को लेकर पार्टी की रणनीति भी सामने रखी गई।
रोजगार के मुद्दे पर सरकार को घेरा
दुष्यंत चौटाला ने प्रदेश सरकार पर रोजगार के मुद्दे को लेकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि हरियाणा के युवा रोजगार के अवसरों का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने सरकार से युवाओं के लिए पर्याप्त रोजगार अवसर उपलब्ध कराने और भर्ती प्रक्रिया को तेज करने की मांग की।
दुष्यंत ने कहा कि प्रदेश के युवाओं में सरकारी नौकरियों को लेकर काफी उम्मीदें रहती हैं। ऐसे में भर्ती प्रक्रिया में देरी या रोजगार के सीमित अवसरों से युवाओं में असंतोष पैदा होता है। उन्होंने सरकार से रोजगार से जुड़े वादों को जमीन पर लागू करने की दिशा में कदम उठाने की मांग की।
उन्होंने विश्वविद्यालयों और उच्च शिक्षण संस्थानों में भर्तियों का मुद्दा भी उठाया। दुष्यंत चौटाला ने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालयों में विभिन्न पदों पर नियुक्तियों से जुड़े मामलों को लेकर सरकार की ओर से अपेक्षित गति नहीं दिखाई जा रही है। उन्होंने कहा कि शिक्षा और रोजगार दोनों ही प्रदेश के युवाओं के भविष्य से सीधे जुड़े मुद्दे हैं।
कानून-व्यवस्था पर भी सवाल
दुष्यंत चौटाला ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि आम लोगों में सुरक्षा की भावना बनाए रखना सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में सरकार को प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करनी चाहिए। उनका कहना था कि प्रदेश के विकास के लिए जरूरी है कि नागरिकों को सुरक्षित वातावरण मिले और अपराध पर प्रभावी तरीके से नियंत्रण किया जाए।
जेजेपी नेता ने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि युवाओं, किसानों और आम लोगों से जुड़े मुद्दों को राजनीतिक प्राथमिकताओं के केंद्र में रखा जाना चाहिए।
मतदाता सूची और फॉर्म-6 का मुद्दा भी उठाया
महासम्मेलन के दौरान दुष्यंत चौटाला ने मतदाता सूची और फॉर्म-6 से संबंधित बदलावों को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची से जुड़े मामलों में पारदर्शिता और स्पष्टता जरूरी है।
दुष्यंत ने दावा किया कि मतदाता सूची और फॉर्म-6 से जुड़े बदलावों को लेकर चुनाव आयोग के भीतर भी आपत्तियां सामने आई हैं। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची चुनावी प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है, इसलिए इसमें किसी भी तरह के बदलाव की प्रक्रिया स्पष्ट और पारदर्शी होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में शामिल होना और गलत या अपात्र प्रविष्टियों की पहचान करना चुनाव प्रक्रिया की विश्वसनीयता के लिए जरूरी है। इस मुद्दे पर राजनीतिक दलों और चुनावी संस्थाओं के बीच स्पष्ट संवाद की आवश्यकता है।
परिसीमन को लेकर दुष्यंत का दावा
दुष्यंत चौटाला ने परिसीमन को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि फिलहाल न तो कोई परिसीमन चल रहा है और न ही मौजूदा स्थिति में ऐसा कोई परिसीमन होने वाला है। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2029 का विधानसभा चुनाव मौजूदा परिसीमन के आधार पर ही होगा।
उन्होंने कहा कि चुनाव से जुड़े विषयों को लेकर राजनीतिक दलों और जनता के बीच भ्रम की स्थिति नहीं रहनी चाहिए। परिसीमन जैसे महत्वपूर्ण विषय पर स्पष्ट जानकारी सामने आनी चाहिए, ताकि राजनीतिक दल और मतदाता अपनी तैयारियां उसी के अनुसार कर सकें।
संगठन विस्तार पर जेजेपी का जोर
हिसार के नवसंकल्प महासम्मेलन में नए नेताओं और कार्यकर्ताओं के पार्टी में शामिल होने के बाद जेजेपी ने संगठन विस्तार पर अपना फोकस स्पष्ट किया। पार्टी नेतृत्व का जोर बूथ स्तर तक संगठन को सक्रिय करने और कार्यकर्ताओं के बीच संपर्क बढ़ाने पर रहा।
बबलू खटाना के भाजपा छोड़कर जेजेपी में शामिल होने से पार्टी को हिसार क्षेत्र में एक नया राजनीतिक चेहरा भी मिला है। उनके साथ समर्थकों के आने से स्थानीय स्तर पर संगठन को अतिरिक्त सक्रियता मिलने की उम्मीद पार्टी नेताओं ने जताई।
दुष्यंत चौटाला ने कहा कि पार्टी में आने वाले नए साथियों को जिम्मेदारियां दी जाएंगी और उनके अनुभव का इस्तेमाल संगठन को मजबूत बनाने में किया जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से आगामी राजनीतिक चुनौतियों के लिए तैयार रहने को कहा।
सरकार के खिलाफ मुद्दों को धार देने की तैयारी
महासम्मेलन में दुष्यंत चौटाला के भाषण का मुख्य फोकस रोजगार, कानून-व्यवस्था, विश्वविद्यालयों में भर्ती और मतदाता सूची जैसे मुद्दों पर रहा। इससे संकेत मिला कि पार्टी आने वाले समय में इन्हीं मुद्दों को लेकर सरकार को घेरने की रणनीति पर आगे बढ़ सकती है।
जेजेपी नेतृत्व ने कार्यकर्ताओं से जनता के बीच जाकर स्थानीय समस्याओं को उठाने और संगठन के साथ नए लोगों को जोड़ने का आह्वान किया। पार्टी के लिए हिसार में आयोजित यह महासम्मेलन संगठन को दोबारा सक्रिय करने और विभिन्न दलों से नेताओं व कार्यकर्ताओं को अपने साथ जोड़ने के प्रयास के रूप में सामने आया।
बबलू खटाना का भाजपा छोड़कर जेजेपी में शामिल होना इस आयोजन का प्रमुख राजनीतिक घटनाक्रम रहा। वहीं कांग्रेस और इनेलो से जुड़े कार्यकर्ताओं के पार्टी में आने का दावा करते हुए जेजेपी ने प्रदेश में अपने संगठनात्मक विस्तार का संदेश दिया। आने वाले समय में नए सदस्यों को संगठन में क्या जिम्मेदारी दी जाती है और हिसार समेत प्रदेश के अन्य हिस्सों में पार्टी किस तरह अपनी गतिविधियां बढ़ाती है, यह राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण रहेगा।




