ड्रीम एंड ब्यूटी चैरिटेबल ट्रस्ट के 30 साल पूरे, नायब सैनी ने बुजुर्गों और बच्चों की सेवा को बताया मानवता का सर्वोच्च धर्म

ड्रीम एंड ब्यूटी चैरिटेबल ट्रस्ट के 30 साल पूरे, नायब सैनी ने बुजुर्गों और बच्चों की सेवा को बताया मानवता का सर्वोच्च धर्म

दोराहा के हैवनली पैलेस में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने की तीन दशकों की समाजसेवा की सराहना, अनिल के. मोंगा और रजनी मोंगा के प्रयासों को बताया प्रेरणादायक

दोराहा। बुजुर्गों को सम्मानजनक जीवन, बच्चों को सुरक्षित भविष्य और जरूरतमंदों को सहारा देने के उद्देश्य से कार्यरत ड्रीम एंड ब्यूटी चैरिटेबल ट्रस्ट ने अपनी स्थापना के 30 वर्ष पूरे कर लिए हैं। इस अवसर पर दोराहा स्थित हैवनली पैलेस रिटायरमेंट होम फॉर सीनियर सिटीजन्स के वाइब्रेशन्स हॉल में विशेष समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम में हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की, जबकि विश्व शांति केंद्र के संस्थापक जैन आचार्य लोकेश मुनि विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

ट्रस्ट के चेयरमैन और प्रमुख प्रवासी भारतीय अनिल के. मोंगा तथा रजनी मोंगा के नेतृत्व में आयोजित इस समारोह में बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज, सलाहकारों, वरिष्ठ नागरिकों, ‘हैवनली एंजल्स’ के बच्चों, स्टाफ सदस्यों और क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने भाग लिया। देश-विदेश से पहुंचीं प्रमुख हस्तियों की मौजूदगी में ट्रस्ट की तीन दशक की सेवा यात्रा को याद किया गया। इस दौरान बुजुर्गों की देखभाल, बच्चों के पालन-पोषण एवं शिक्षा और जरूरतमंदों को भोजन उपलब्ध कराने जैसे कार्यों के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के प्रयासों को रेखांकित किया गया।

शारदीय नवरात्र के पहले दिन मां दुर्गा के प्रथम स्वरूप मां शैलपुत्री की पूजा के पावन अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में सेवा, करुणा, श्रद्धा और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और जैन आचार्य लोकेश मुनि ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर समारोह का शुभारंभ किया। इस अवसर पर पूजा ग्रोवर भी विशेष रूप से उपस्थित रहीं।

ट्रस्ट के चेयरमैन अनिल के. मोंगा, रजनी मोंगा और प्रबंधन की ओर से मुख्यमंत्री तथा जैन आचार्य लोकेश मुनि का फूलों के गुलदस्ते और लोई भेंट कर स्वागत एवं सम्मान किया गया।

बुजुर्गों की सेवा और बच्चों के सपनों को पूरा करना बड़ा पुण्य : सैनी

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने ड्रीम एंड ब्यूटी चैरिटेबल ट्रस्ट की ओर से पिछले 30 वर्षों से किए जा रहे समाजसेवा के कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा कि तेज रफ्तार जिंदगी में बुजुर्गों को सहारा देना, उनकी भावनाओं को समझना और बच्चों को प्यार, सुरक्षा तथा बेहतर भविष्य उपलब्ध कराना बेहद महत्वपूर्ण है।

उन्होंने कहा कि किसी जरूरतमंद का सहारा बनना, उसके साथ समय बिताना और उसे यह एहसास कराना कि वह समाज का महत्वपूर्ण हिस्सा है, मानवता की सर्वोत्तम सेवा में शामिल है। समाज की वास्तविक प्रगति केवल आर्थिक विकास से नहीं, बल्कि इस बात से भी मापी जाती है कि वह अपने बुजुर्गों, बच्चों और जरूरतमंद लोगों के प्रति कितना संवेदनशील है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बुजुर्गों को जीवन के इस पड़ाव पर देखभाल के साथ-साथ भावनात्मक सहयोग, सम्मान और अपनापन भी चाहिए। इसी तरह बच्चों को ऐसा वातावरण मिलना चाहिए, जहां वे सुरक्षित महसूस करें, अपनी प्रतिभा को पहचान सकें और भविष्य के लिए अपने सपनों को साकार करने की दिशा में आगे बढ़ सकें।

उन्होंने ट्रस्ट की ओर से इन दोनों वर्गों के लिए किए जा रहे प्रयासों को प्रेरणादायक बताते हुए कहा कि ऐसी संस्थाएं समाज में सहयोग, संवेदनशीलता और सेवा भावना को मजबूत करती हैं।

हैवनली पैलेस में बुजुर्गों को सम्मान और सुरक्षा देने का प्रयास

मुख्यमंत्री ने कहा कि हैवनली पैलेस जैसी संस्थाएं बुजुर्गों को केवल रहने के लिए स्थान उपलब्ध नहीं करातीं, बल्कि उन्हें प्यार, सम्मान, सुरक्षा और गरिमा के साथ जीवन बिताने का अवसर भी देती हैं। यहां वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल के लिए किए जा रहे प्रयास समाज के सामने सेवा का उदाहरण प्रस्तुत करते हैं।

उन्होंने बताया कि लगभग 19 एकड़ में फैले प्राकृतिक वातावरण वाले इस परिसर में 500 से अधिक बुजुर्गों की देखभाल के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। वरिष्ठ नागरिकों को बेहतर वातावरण और सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराने की दिशा में ऐसे प्रयासों की महत्वपूर्ण भूमिका है।

सैनी ने कहा कि बुजुर्गों ने अपने जीवन का बड़ा हिस्सा परिवार और समाज के निर्माण में लगाया होता है। इसलिए उनकी देखभाल करना केवल किसी संस्था या परिवार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज का दायित्व है। उनके अनुभवों का सम्मान करना और उन्हें अकेलेपन से बचाने के लिए सहयोग देना जरूरी है।

उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि बुजुर्गों के लिए ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए, जहां वे स्वयं को सुरक्षित महसूस करें और उनके जीवन की गरिमा बनी रहे। हैवनली पैलेस में किए जा रहे प्रयास इसी भावना को आगे बढ़ाते हैं।

बच्चों को शिक्षा के साथ आत्मनिर्भर बनाना जरूरी

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बच्चों के कल्याण और उनके भविष्य से जुड़े विषयों पर भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि बच्चों को सुरक्षित वातावरण, उचित देखभाल और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराना समाज और सरकार दोनों की साझा जिम्मेदारी है।

उन्होंने कहा कि केवल शिक्षा उपलब्ध कराना पर्याप्त नहीं है, बल्कि बच्चों को हुनरमंद बनाना और उन्हें आत्मनिर्भर जीवन की ओर ले जाना भी आवश्यक है। बच्चों को अपनी क्षमताओं को पहचानने और जीवन में आगे बढ़ने के अवसर मिलने चाहिए, ताकि वे भविष्य में अपने पैरों पर खड़े हो सकें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार बच्चों के कल्याण, शिक्षा और रोजगार के अवसरों को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न योजनाओं और परियोजनाओं के माध्यम से काम कर रही है। उन्होंने समाजसेवी संस्थाओं की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताया, क्योंकि वे जरूरतमंद बच्चों तक सहयोग पहुंचाने और उनके बेहतर भविष्य के निर्माण में योगदान देती हैं।

ट्रस्ट की ओर से बच्चों के पालन-पोषण, शिक्षा और सुरक्षित वातावरण के लिए किए जा रहे कार्यों को इसी व्यापक सामाजिक जिम्मेदारी का हिस्सा माना गया। कार्यक्रम में बच्चों के सपनों को साकार करने और उन्हें जीवन में आगे बढ़ने के अवसर देने की भावना पर जोर रहा।

नवरात्र का संदेश : नारी शक्ति का सम्मान और सकारात्मकता

मुख्यमंत्री ने शारदीय नवरात्र की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मां दुर्गा की उपासना हमें नारी शक्ति के सम्मान, बुराई पर अच्छाई की जीत और समाज में सकारात्मकता फैलाने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि सेवा और करुणा जैसे मूल्य समाज को जोड़ने का काम करते हैं।

नवरात्र के पहले दिन आयोजित समारोह में धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक सेवा के महत्व को भी रेखांकित किया गया। बुजुर्गों को सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराने और बच्चों को सुरक्षित भविष्य देने के प्रयासों को समाज में सद्भावना तथा सहयोग की भावना मजबूत करने वाला बताया गया।

मुख्यमंत्री के अनुसार, समाज में जरूरतमंद लोगों की सहायता के लिए व्यक्तिगत और सामूहिक स्तर पर किए गए प्रयास बड़ा बदलाव ला सकते हैं। ऐसी पहल लोगों को दूसरों की जरूरतों के प्रति संवेदनशील बनाती हैं और सामाजिक जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रेरित करती हैं।

तीन दशकों की सेवा यात्रा को किया याद

ड्रीम एंड ब्यूटी चैरिटेबल ट्रस्ट की स्थापना के 30 वर्ष पूरे होने पर आयोजित इस समारोह में संस्था की सेवा यात्रा और उसके उद्देश्यों को प्रमुखता से सामने रखा गया। ट्रस्ट की गतिविधियों में बुजुर्गों की देखभाल, बच्चों के पालन-पोषण एवं शिक्षा और जरूरतमंद लोगों को भोजन उपलब्ध कराने जैसे कार्य शामिल रहे हैं।

अनिल के. मोंगा और रजनी मोंगा के नेतृत्व में बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज तथा सलाहकारों के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम में इन प्रयासों को समाज के प्रति जिम्मेदारी निभाने की मिसाल के रूप में प्रस्तुत किया गया। समारोह में वरिष्ठ नागरिकों और बच्चों की मौजूदगी ने संस्था के कामकाज के दोनों प्रमुख पक्षों को एक मंच पर ला दिया।

कार्यक्रम का व्यापक संदेश यही रहा कि सेवा का वास्तविक अर्थ जरूरतमंदों को सहायता देने के साथ-साथ उन्हें सम्मान, सुरक्षा और अपनापन उपलब्ध कराना है। बुजुर्गों के अनुभवों का सम्मान करना और बच्चों को बेहतर भविष्य के लिए तैयार करना समाज को अधिक संवेदनशील और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।

ड्रीम एंड ब्यूटी चैरिटेबल ट्रस्ट के 30 वर्ष पूरे होने का यह समारोह समाजसेवा के प्रति निरंतर समर्पण को रेखांकित करने वाला अवसर बना। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने संस्था के प्रयासों की सराहना करते हुए बुजुर्गों और बच्चों की देखभाल को मानवता की महत्वपूर्ण सेवा बताया।