Haryana: ग्लोबल सिटी प्रोजेक्ट से गुरुग्राम को मिलेगा बड़ा लाभ: सीएम नायब सिंह सैनी।

Haryana: ग्लोबल सिटी प्रोजेक्ट से गुरुग्राम को मिलेगा बड़ा लाभ: सीएम नायब सिंह सैनी।

गुरुग्राम ग्लोबल सिटी परियोजना: हरियाणा में 1 लाख करोड़ रुपये के निवेश से विकसित होगा आधुनिक स्मार्ट शहर, 5 लाख रोजगार सृजित करने का लक्ष्य

हरियाणा सरकार राज्य को निवेश, उद्योग, रोजगार और आधुनिक शहरी विकास का प्रमुख केंद्र बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। इसी क्रम में गुरुग्राम में विकसित की जा रही महत्वाकांक्षी ग्लोबल सिटी परियोजना को प्रदेश की सबसे बड़ी विकास योजनाओं में शामिल किया जा रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने इस परियोजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि इसके पूरा होने के बाद प्रदेश में लगभग 5 लाख नए रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे।

मुख्यमंत्री ने निवेशकों और संबंधित अधिकारियों के साथ आयोजित समीक्षा बैठक में परियोजना के विभिन्न चरणों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि लगभग 1 लाख करोड़ रुपये के अनुमानित निवेश से तैयार होने वाली यह परियोजना न केवल गुरुग्राम बल्कि पूरे हरियाणा की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। सरकार का अनुमान है कि इस मेगा प्रोजेक्ट से लगभग 16 लाख लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से लाभ मिलेगा।

ग्लोबल सिटी परियोजना को एक ऐसे आधुनिक शहरी विकास मॉडल के रूप में तैयार किया जा रहा है, जहां विश्वस्तरीय बुनियादी सुविधाएं, आधुनिक परिवहन व्यवस्था, व्यावसायिक गतिविधियां, आवासीय क्षेत्र, शैक्षणिक संस्थान और हरित वातावरण एक साथ विकसित किए जाएंगे। सरकार का उद्देश्य गुरुग्राम को अंतरराष्ट्रीय निवेशकों के लिए और अधिक आकर्षक बनाना है।

निवेशकों के साथ हुई परियोजना की समीक्षा

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शुक्रवार को निवेशकों और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर परियोजना की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की। इस दौरान निर्माण कार्य, निवेश की प्रगति, आधारभूत संरचना और भविष्य की योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।

सरकार ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि परियोजना के विभिन्न चरण निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरे किए जाएं ताकि निवेशकों का विश्वास बना रहे और विकास कार्यों में किसी प्रकार की अनावश्यक देरी न हो।

हरियाणा की अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई गति

राज्य सरकार का मानना है कि यह परियोजना केवल एक रियल एस्टेट विकास योजना नहीं है, बल्कि यह हरियाणा की अर्थव्यवस्था को नई दिशा देने वाली व्यापक औद्योगिक और व्यावसायिक पहल है।

ग्लोबल सिटी के विकसित होने से देश-विदेश की कंपनियों को आधुनिक व्यावसायिक वातावरण मिलेगा, जिससे निवेश बढ़ेगा और रोजगार के नए अवसर भी तेजी से पैदा होंगे।

1000 एकड़ में विकसित होगी ग्लोबल सिटी, आधुनिक सुविधाओं के साथ तैयार होगा विश्वस्तरीय शहरी केंद्र

गुरुग्राम में प्रस्तावित ग्लोबल सिटी परियोजना को लगभग 1000 एकड़ क्षेत्र में विकसित किया जा रहा है। यह मिश्रित उपयोग (मिक्स्ड यूज) आधारित विकास परियोजना होगी, जिसमें आवासीय, व्यावसायिक, संस्थागत और आतिथ्य क्षेत्र को संतुलित रूप से विकसित किया जाएगा।

परियोजना का उद्देश्य केवल भवन निर्माण तक सीमित नहीं है, बल्कि ऐसा आधुनिक शहरी वातावरण तैयार करना है जहां रोजगार, आवास, शिक्षा, व्यापार और जीवन की आवश्यक सुविधाएं एक ही क्षेत्र में उपलब्ध हों।

मिश्रित उपयोग वाली आधुनिक टाउनशिप

ग्लोबल सिटी परियोजना को आधुनिक शहरी नियोजन के सिद्धांतों के अनुसार विकसित किया जा रहा है। इसमें विभिन्न प्रकार के भूमि उपयोग को संतुलित रूप से शामिल किया गया है ताकि लोगों को काम, आवास और अन्य आवश्यक सेवाओं के लिए अलग-अलग क्षेत्रों में लंबी दूरी तय न करनी पड़े।

सरकार का मानना है कि इस मॉडल से ट्रैफिक दबाव कम होगा और नागरिकों को बेहतर जीवनशैली उपलब्ध होगी।

आवासीय और व्यावसायिक क्षेत्र होंगे विकसित

परियोजना के अंतर्गत आधुनिक आवासीय परिसर, कॉर्पोरेट कार्यालय, व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स, होटल, सम्मेलन केंद्र तथा विभिन्न प्रकार की सार्वजनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी।

इसके अतिरिक्त शिक्षा और अनुसंधान से जुड़े संस्थानों के लिए भी विशेष स्थान निर्धारित किया जाएगा ताकि भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप समग्र विकास सुनिश्चित किया जा सके।

पहला चरण 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य

सरकार के अनुसार परियोजना का पहला चरण लगभग 587 एकड़ क्षेत्र में विकसित किया जा रहा है। इस चरण पर लगभग 940 करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है।

सरकार ने लक्ष्य रखा है कि पहला चरण वर्ष 2026 के अंत तक पूरा कर लिया जाए ताकि आगे के विकास कार्य निर्धारित समय के अनुसार आगे बढ़ सकें।

5 लाख रोजगार के अवसर बनने की संभावना

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि इस परियोजना से विभिन्न क्षेत्रों में लगभग 5 लाख नए रोजगार सृजित होने की संभावना है।

इन रोजगारों का लाभ सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी), विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग), आतिथ्य उद्योग, शिक्षा, निर्माण, लॉजिस्टिक्स, रिटेल, वित्तीय सेवाओं तथा अन्य संबंधित क्षेत्रों में देखने को मिल सकता है।

युवाओं के लिए नए अवसर

हरियाणा और आसपास के राज्यों के युवाओं के लिए यह परियोजना रोजगार की दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बड़ी संख्या में कंपनियों के आने से तकनीकी और गैर-तकनीकी दोनों प्रकार की नौकरियों के अवसर उपलब्ध हो सकते हैं।

सरकार का उद्देश्य स्थानीय युवाओं को भी कौशल विकास कार्यक्रमों के माध्यम से इन रोजगार अवसरों से जोड़ना है।

18 एकड़ में बनेगा विशाल जलाशय

गुरुग्राम में भविष्य की जल आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए परियोजना के अंतर्गत लगभग 18 एकड़ क्षेत्र में एक विशाल जलाशय विकसित किया जाएगा।

इस जलाशय की भंडारण क्षमता लगभग 35 करोड़ लीटर होगी, जिससे शहर में जल प्रबंधन को बेहतर बनाने में सहायता मिलेगी।

जल संरक्षण और सौंदर्यीकरण पर विशेष ध्यान

सरकार के अनुसार यह जलाशय केवल पेयजल और जल संरक्षण के उद्देश्य से ही नहीं बनाया जाएगा, बल्कि इसे शहर के सौंदर्यीकरण और पर्यावरण संरक्षण के दृष्टिकोण से भी विकसित किया जाएगा।

हरित क्षेत्र और जल संरचनाओं के माध्यम से परियोजना को पर्यावरण-अनुकूल बनाने का प्रयास किया जा रहा है।

वैश्विक मानकों के अनुरूप होगा विकास

ग्लोबल सिटी परियोजना को आधुनिक अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार विकसित करने की योजना है। इसमें चौड़ी सड़कें, स्मार्ट ट्रैफिक प्रबंधन, आधुनिक सीवरेज व्यवस्था, डिजिटल आधारभूत संरचना और सार्वजनिक सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

सरकार का लक्ष्य ऐसा शहरी केंद्र विकसित करना है जो भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए लंबे समय तक टिकाऊ विकास का उदाहरण बन सके।

निवेश आकर्षित करने में मिलेगी मदद

विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचे के कारण देश और विदेश की कंपनियों के लिए गुरुग्राम और अधिक आकर्षक निवेश गंतव्य बन सकता है। बेहतर कनेक्टिविटी, आधुनिक व्यावसायिक सुविधाएं और योजनाबद्ध विकास निवेशकों का विश्वास बढ़ाने में सहायक होंगे।

इससे औद्योगिक गतिविधियों में विस्तार होने और नए उद्यम स्थापित होने की संभावनाएं भी बढ़ेंगी।

स्थानीय व्यापार और सेवा क्षेत्र को मिलेगा लाभ

इतने बड़े स्तर पर विकसित होने वाली परियोजना का प्रभाव केवल बड़े उद्योगों तक सीमित नहीं रहेगा। होटल, रेस्टोरेंट, परिवहन, स्वास्थ्य सेवाएं, खुदरा व्यापार, शिक्षा और अन्य सेवा क्षेत्रों को भी इसका लाभ मिलने की संभावना है।

छोटे और मध्यम स्तर के उद्यमों के लिए भी नए व्यापारिक अवसर विकसित हो सकते हैं।

चरणबद्ध तरीके से पूरा होगा पूरा प्रोजेक्ट

सरकार के अनुसार ग्लोबल सिटी परियोजना का निर्माण विभिन्न चरणों में किया जाएगा। पहले चरण के पूरा होने के बाद शेष क्षेत्रों का विकास भी निर्धारित योजना के अनुसार आगे बढ़ाया जाएगा।

परियोजना पूरी होने के बाद गुरुग्राम को आधुनिक शहरी विकास, निवेश, रोजगार और विश्वस्तरीय आधारभूत सुविधाओं के नए केंद्र के रूप में विकसित करने का लक्ष्य रखा गया है।

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