लुधियाना से नायब सैनी का पंजाब सरकार पर तीखा प्रहार, बोले- सत्ता परिवर्तन के साथ नशे के नेटवर्क पर लगेगी लगाम

लुधियाना से नायब सैनी का पंजाब सरकार पर तीखा प्रहार, बोले- सत्ता परिवर्तन के साथ नशे के नेटवर्क पर लगेगी लगाम

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंजाब दौरे के दौरान राज्य की कानून-व्यवस्था, बढ़ती नशाखोरी और युवाओं के भविष्य को लेकर आम आदमी पार्टी सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पंजाब इस समय जिस सबसे गंभीर चुनौती का सामना कर रहा है, वह नशे का फैलता जाल है। उनका दावा था कि यदि प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनती है तो नशा तस्करों के खिलाफ पहले दिन से व्यापक अभियान चलाया जाएगा और अपराधियों के लिए पंजाब में टिकना मुश्किल हो जाएगा।

रविवार को लुधियाना में धानक समाज की ओर से संत कबीर के 628वें प्रकटोत्सव के अवसर पर आयोजित राज्य स्तरीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने सामाजिक समरसता, शिक्षा, समानता और सुशासन जैसे मुद्दों पर विस्तार से अपनी बात रखी। उन्होंने इस दौरान संत कबीर भवन के निर्माण के लिए 11 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की भी घोषणा की।

पंजाब की सबसे बड़ी चुनौती बताया नशे का संकट

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब लंबे समय से नशे की समस्या से जूझ रहा है और इसका सबसे अधिक दुष्प्रभाव राज्य के युवाओं पर पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि हजारों परिवार इस समस्या से प्रभावित हैं और समाज का एक बड़ा वर्ग इससे चिंतित है।

उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार इस चुनौती से प्रभावी तरीके से निपटने में सफल नहीं रही। उनके अनुसार राज्य में कानून व्यवस्था को मजबूत करने और नशा तस्करी पर निर्णायक कार्रवाई करने की आवश्यकता है। उन्होंने विश्वास जताया कि भाजपा को सत्ता मिलने पर संगठित अपराध और नशे के कारोबार के खिलाफ कठोर अभियान चलाया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता केवल छोटे अपराधियों तक सीमित नहीं होगी, बल्कि पूरे नेटवर्क को खत्म करने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी ताकि युवाओं को नशे की गिरफ्त से बाहर निकाला जा सके।

आम आदमी पार्टी सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप

मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव के दौरान जनता से किए गए कई बड़े वादे आज भी अधूरे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों ने बदलाव की उम्मीद में सरकार को समर्थन दिया था, लेकिन उन्हें अपेक्षित परिणाम नहीं मिले।

उन्होंने कहा कि राज्य में बेरोजगारी, कानून-व्यवस्था और नशे जैसे मुद्दे अब भी गंभीर बने हुए हैं। मुख्यमंत्री के अनुसार जनता अब इन विषयों पर जवाब मांग रही है और आने वाले समय में राजनीतिक परिस्थितियां बदल सकती हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी सरकार की सफलता उसके घोषणापत्र से नहीं बल्कि जमीन पर दिखाई देने वाले कार्यों से तय होती है। इसलिए विकास, सुरक्षा और रोजगार को सर्वोच्च प्राथमिकता मिलनी चाहिए।

युवाओं को रोजगार से जोड़ने की बात

नायब सिंह सैनी ने कहा कि किसी भी राज्य का भविष्य उसके युवा तय करते हैं। यदि युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, रोजगार और सकारात्मक अवसर उपलब्ध कराए जाएं तो वे समाज और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।

उन्होंने कहा कि भाजपा की सोच युवाओं को रोजगार, कौशल विकास और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की है। उनके अनुसार रोजगार बढ़ने से सामाजिक समस्याओं में भी कमी आती है और युवाओं का भविष्य अधिक सुरक्षित बनता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि युवाओं को सही दिशा मिलेगी तो वे न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे प्रदेश के विकास में भागीदार बनेंगे।

संत कबीर के विचारों को बताया आज भी प्रासंगिक

कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य संत कबीर के विचारों का प्रसार था। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि संत कबीर ने समाज को जाति, भेदभाव और ऊंच-नीच से ऊपर उठकर मानवता का संदेश दिया। उनके विचार आज भी सामाजिक सौहार्द और समानता की प्रेरणा देते हैं।

उन्होंने कहा कि संत कबीर ने अपने दोहों और वाणी के माध्यम से समाज को सत्य, सरलता और भाईचारे का मार्ग दिखाया। वर्तमान समय में भी उनके संदेश सामाजिक एकता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार संत कबीर के संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए विभिन्न जिलों में संत प्रकाश पर्व का आयोजन कर रही है ताकि नई पीढ़ी भी उनके जीवन दर्शन से परिचित हो सके।

संत कबीर भवन निर्माण के लिए आर्थिक सहयोग

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने धानक समाज की मांग पर संत कबीर भवन के निर्माण के लिए 11 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि ऐसे भवन केवल सामाजिक गतिविधियों के केंद्र नहीं होते बल्कि समाज को एकजुट करने और सांस्कृतिक मूल्यों को आगे बढ़ाने का माध्यम भी बनते हैं।

उन्होंने आशा व्यक्त की कि भवन बनने के बाद यहां सामाजिक, शैक्षणिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिससे समाज के युवाओं और विद्यार्थियों को भी लाभ मिलेगा।

बाबा साहेब आंबेडकर के संदेश को किया याद

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में भारतीय संविधान के शिल्पकार डॉ. भीमराव आंबेडकर के योगदान का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब ने समाज के वंचित वर्गों को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा, संगठन और संघर्ष का जो मार्ग बताया, वह आज भी उतना ही प्रासंगिक है।

उन्होंने कहा कि शिक्षा किसी भी समाज को मजबूत बनाने का सबसे प्रभावी साधन है। यदि प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचेगी तो सामाजिक और आर्थिक बदलाव स्वतः दिखाई देगा।

उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि वे अपने बच्चों की शिक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें और समाज को आगे बढ़ाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।

सामाजिक समरसता को बताया विकास की नींव

मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी राज्य का विकास तभी संभव है जब समाज के सभी वर्ग साथ मिलकर आगे बढ़ें। उन्होंने सामाजिक सौहार्द, भाईचारे और समान अवसरों की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि विभाजनकारी सोच से विकास की गति प्रभावित होती है।

उन्होंने कहा कि संत कबीर और बाबा साहेब आंबेडकर दोनों ने समाज में समानता और न्याय का संदेश दिया था। आज आवश्यकता इस बात की है कि उनके विचारों को व्यवहार में उतारा जाए और समाज के कमजोर वर्गों को आगे बढ़ने के अवसर दिए जाएं।

राजनीतिक संदेश भी दिया

अपने संबोधन के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट संकेत दिए कि भाजपा आने वाले समय में पंजाब में अपनी राजनीतिक गतिविधियों को और तेज करेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी राज्य में विकास, कानून-व्यवस्था, रोजगार और सामाजिक समरसता को प्रमुख मुद्दा बनाकर जनता के बीच जाएगी।

उन्होंने दावा किया कि यदि प्रदेश में भाजपा को जनसमर्थन मिलता है तो प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाया जाएगा, अपराध पर सख्ती से नियंत्रण किया जाएगा और युवाओं को नए अवसर उपलब्ध कराने के लिए विशेष योजनाएं लागू की जाएंगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब की जनता बदलाव चाहती है और भाजपा उस विश्वास पर खरा उतरने के लिए पूरी तैयारी के साथ काम करेगी।

समाज से एकजुट होकर आगे बढ़ने का आह्वान

अपने संबोधन के अंत में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने लोगों से सामाजिक एकता बनाए रखने और संत कबीर के बताए मार्ग पर चलने की अपील की। उन्होंने कहा कि समाज तभी मजबूत बन सकता है जब सभी वर्ग आपसी भाईचारे और सहयोग की भावना से आगे बढ़ें।

उन्होंने कहा कि शिक्षा, सामाजिक समरसता, रोजगार और कानून का राज किसी भी विकसित समाज की पहचान हैं। इन्हीं मूल्यों को आधार बनाकर पंजाब को नई दिशा देने का प्रयास किया जाएगा। साथ ही उन्होंने धानक समाज और कार्यक्रम आयोजकों को संत कबीर के विचारों के प्रचार-प्रसार के लिए बधाई देते हुए समाजहित में ऐसे आयोजनों को निरंतर जारी रखने का आह्वान किया।