तीर्थ यात्रा योजना पर सियासी घमासान तेज, AAP का कांग्रेस पर हमला; बलतेज पन्नू बोले- लोकप्रियता से घबराकर किया गया हमला

तीर्थ यात्रा योजना पर सियासी घमासान तेज, AAP का कांग्रेस पर हमला; बलतेज पन्नू बोले- लोकप्रियता से घबराकर किया गया हमला

चंडीगढ़: पंजाब में मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को लेकर सियासत गरमा गई है। आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब ने इस योजना के तहत चल रही एक बस पर हुए कथित हमले को लेकर कांग्रेस पर निशाना साधा है। आप ने आरोप लगाया है कि धार्मिक यात्रा योजना को मिल रहे व्यापक जनसमर्थन से विपक्षी दल परेशान हैं और इसी कारण इस तरह की घटनाओं को अंजाम दिया जा रहा है। हालांकि कांग्रेस की ओर से इन आरोपों पर प्रतिक्रिया आना बाकी है।

आप पंजाब के मीडिया प्रभारी बलतेज पन्नू ने मंगलवार को पार्टी नेता शमिंदर सिंह खिंडा के साथ आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस मामले को उठाया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान सरकार की तीर्थ यात्रा योजना प्रदेश के लोगों के बीच तेजी से लोकप्रिय हुई है और लाखों श्रद्धालुओं को इसका लाभ मिला है। उनके अनुसार विपक्ष इस जनकल्याणकारी पहल की सफलता को स्वीकार नहीं कर पा रहा है।

बलतेज पन्नू ने कहा कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना का उद्देश्य उन लोगों को धार्मिक स्थलों के दर्शन करवाना है, जो आर्थिक परिस्थितियों के कारण अपनी इच्छा पूरी नहीं कर पाते थे। उन्होंने दावा किया कि इस योजना के माध्यम से प्रदेश के हजारों परिवारों को देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों की यात्रा करने का अवसर मिला है।

उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल आम आदमी पार्टी सरकार की जनहित योजनाओं से परेशान हैं। पन्नू ने कहा कि जब आप सरकार सत्ता में आई थी तो विपक्ष ने दावा किया था कि सरकार कुछ महीनों में ही गिर जाएगी, लेकिन सरकार ने अपना कार्यकाल सफलतापूर्वक पूरा किया और लगातार जनकल्याणकारी योजनाएं लागू कर रही है।

आप नेता ने कहा कि सरकार की योजनाओं को जनता से मिल रहे समर्थन के कारण विपक्ष में बेचैनी बढ़ रही है। उन्होंने दावा किया कि तीर्थ यात्रा योजना से लौटने वाले श्रद्धालु सरकार के प्रयासों की सराहना करते हैं, जो विपक्ष को पसंद नहीं आ रहा।

तीर्थ यात्रा बस पर हुए हमले का जिक्र करते हुए बलतेज पन्नू ने दावा किया कि इस घटना के पीछे कांग्रेस से जुड़े लोगों का हाथ है। उन्होंने कहा कि अमृतसर ग्रामीण पुलिस ने इस मामले में गुरपिंदर सिंह उर्फ लाली और बलजीत सिंह शीशा नामक दो लोगों को गिरफ्तार किया है और दोनों के कांग्रेस से संबंध होने की बात सामने आई है।

उन्होंने आरोप लगाया कि बस पर हमला बिना किसी कारण और उकसावे के किया गया। पन्नू के अनुसार, इस घटना का उद्देश्य तीर्थ यात्रा योजना को बदनाम करना और लोगों में भ्रम पैदा करना था। उन्होंने कहा कि धार्मिक यात्रा से लौटने वाले श्रद्धालु जब सरकार की तारीफ करते हैं तो विपक्ष इसे सहन नहीं कर पा रहा है।

आप नेता ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस से जुड़े कुछ लोगों ने पुलिस कार्रवाई को प्रभावित करने की कोशिश की। उन्होंने दावा किया कि सनी और हरप्रीत सिंह नामक लोगों ने कथित तौर पर आरोपियों को राहत दिलाने और कानूनी कार्रवाई रोकने के लिए दबाव बनाने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि हमले के पीछे किसी बड़ी साजिश या अन्य लोगों की भूमिका तो नहीं है।

बलतेज पन्नू ने कहा कि सरकार किसी भी कीमत पर मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को प्रभावित नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि यह योजना लोगों की धार्मिक भावनाओं से जुड़ी है और लाखों पंजाबियों को इसका लाभ मिल रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति या संगठन को इस योजना में बाधा डालने की अनुमति नहीं दी जाएगी।

उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस लगातार सरकार की योजनाओं को लेकर नकारात्मक राजनीति कर रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री भगवंत मान के स्वास्थ्य को लेकर विपक्ष द्वारा लगाए जाने वाले आरोपों का भी जिक्र किया। पन्नू ने कहा कि जब भी मुख्यमंत्री नियमित स्वास्थ्य जांच के लिए जाते हैं, विपक्ष बिना किसी आधार के अफवाहें फैलाने की कोशिश करता है।

उन्होंने कहा कि विपक्ष का यह रवैया जनता को भ्रमित करने वाला है और आम आदमी पार्टी सरकार लगातार पारदर्शिता के साथ काम कर रही है। उन्होंने दावा किया कि सरकार की नीतियों और योजनाओं को जनता का समर्थन मिल रहा है, जिससे विपक्ष परेशान है।

वहीं, आप नेता शमिंदर सिंह खिंडा ने मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के आंकड़े साझा करते हुए कहा कि अब तक साढ़े तीन लाख से अधिक श्रद्धालु इस योजना का लाभ उठा चुके हैं। उन्होंने बताया कि बड़ी संख्या में लोग श्री आनंदपुर साहिब, माता नैना देवी जी और श्री दरबार साहिब जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों की यात्रा कर चुके हैं।

खिंडा ने कहा कि योजना के तहत सरकार श्रद्धालुओं की यात्रा से जुड़ी पूरी व्यवस्था की जिम्मेदारी उठाती है। इसमें परिवहन सुविधा, ठहरने की व्यवस्था, भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए विशेष प्रबंध किए जाते हैं।

उन्होंने कहा कि पंजाब में ऐसे कई परिवार हैं जो आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वर्षों से धार्मिक स्थलों की यात्रा करने की इच्छा पूरी नहीं कर पाए थे। मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना ऐसे ही लोगों को ध्यान में रखकर शुरू की गई थी। सरकार का उद्देश्य है कि हर वर्ग के लोगों को धार्मिक स्थलों के दर्शन का अवसर मिल सके।

शमिंदर सिंह खिंडा ने दावा किया कि योजना शुरू होने के बाद से यह लगातार जारी है और इसमें किसी प्रकार की बड़ी बाधा सामने नहीं आई है। उन्होंने कहा कि लाखों लोगों के लाभ लेने के बावजूद यात्रा व्यवस्था को लेकर कोई बड़ी शिकायत सामने नहीं आई है।

उन्होंने यह भी जानकारी दी कि आने वाले समय में सरकार इस योजना का विस्तार करने की तैयारी कर रही है। इसके तहत हरिद्वार, ऋषिकेश, मथुरा, वृंदावन, खाटू श्याम और सालासर धाम जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों के लिए भी यात्रा सुविधा शुरू करने की योजना है।

आप नेताओं ने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल धार्मिक यात्रा करवाना नहीं है, बल्कि समाज के हर वर्ग को समान अवसर उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए यह योजना विशेष रूप से लाभकारी साबित हो रही है।

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि पंजाब में विधानसभा चुनावों से पहले सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं और विपक्ष के आरोप-प्रत्यारोप दोनों ही राजनीतिक विमर्श का हिस्सा बनते जा रहे हैं। आम आदमी पार्टी जहां अपनी योजनाओं को उपलब्धि के रूप में पेश कर रही है, वहीं विपक्ष इन योजनाओं और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहा है।

तीर्थ यात्रा योजना को लेकर शुरू हुआ यह विवाद भी इसी राजनीतिक खींचतान का हिस्सा माना जा रहा है। आप ने जहां इसे जनता से जुड़ी सफल योजना बताते हुए कांग्रेस पर हमला बोला है, वहीं इस मामले में आगे की जांच और पुलिस कार्रवाई के आधार पर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।

फिलहाल मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को लेकर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। आम आदमी पार्टी इसे जनता से जुड़ी बड़ी उपलब्धि बता रही है, जबकि विपक्ष पर लगाए गए आरोपों के बाद राजनीतिक माहौल और गर्म होने के संकेत मिल रहे हैं।