पंजाब सरकार आज विशेष सत्र में ‘जगत ज्योति श्री गुरु ग्रंथ साहिब सत्कार एक्ट 2026’ पेश करेगी। इस बिल में बेअदबी के मामलों में 10 साल से उम्रकैद तक की सजा और 5 से 25 लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान रखा गया है, जिससे धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाले मामलों पर सख्ती से रोक लगाई जा सके।
विधानसभा में इसके पारित होने की पूरी संभावना है, लेकिन राज्यपाल और आगे राष्ट्रपति की मंजूरी एक अहम चुनौती बनी रह सकती है, क्योंकि बिल के कुछ प्रावधान केंद्रीय कानून से टकराते माने जा रहे हैं।
इस मुद्दे पर विपक्ष के नेता अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने सरकार को घेरते हुए कहा कि अब तक पुराने मामलों में ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है और इस तरह के कानून से पहले व्यापक चर्चा जरूरी थी।
गौरतलब है कि इससे पहले भी ऐसे विधेयक लाए जा चुके हैं, लेकिन उन्हें अंतिम मंजूरी नहीं मिल सकी। ऐसे में इस नए बिल को लेकर कानूनी और राजनीतिक दोनों स्तर पर नजरें टिकी रहेंगी।




