हिमाचल में औद्योगिक विकास को मिलेगी नई रफ्तार, केंद्र की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सरकार ने बनाई पांच सदस्यीय समिति

हिमाचल प्रदेश सरकार ने राज्य में औद्योगिक विकास को गति देने और केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी औद्योगिक योजनाओं का अधिकतम लाभ सुनिश्चित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। उद्योग विभाग ने भारत औद्योगिक विकास योजना (भाव्या) सहित आगामी औद्योगिक परियोजनाओं को समयबद्ध और प्रभावी तरीके से लागू करने के लिए पांच सदस्यीय विभागीय समिति का गठन किया है। सरकार का मानना है कि यह समिति औद्योगिक परियोजनाओं की योजना बनाने, उपयुक्त भूमि की पहचान करने, तकनीकी प्रक्रियाओं को गति देने और केंद्र सरकार के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने में अहम भूमिका निभाएगी। इससे राज्य में निवेश बढ़ाने…

बोह वैली आपदा के बाद सरकार का बड़ा राहत पैकेज, सीएम सुक्खू ने प्रभावितों को दिया स्थायी पुनर्वास और बढ़े मुआवजे का भरोसा

शिमला/कांगड़ा। कांगड़ा जिले के शाहपुर विधानसभा क्षेत्र की बोह वैली में बादल फटने से हुई भारी तबाही के बाद मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने रविवार को स्वयं प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर राहत एवं पुनर्वास कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने राहत शिविर में रह रहे परिवारों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार इस कठिन समय में हर प्रभावित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल तत्काल राहत पहुंचाना नहीं, बल्कि प्रभावित लोगों का सम्मानजनक और स्थायी पुनर्वास सुनिश्चित करना भी है। मुख्यमंत्री सबसे पहले राजकीय…

राजस्व घाटा अनुदान बंद होने के बाद केंद्र का बड़ा सहारा, ‘प्राइड ऑफ हिल्स’ पैकेज से हिमाचल को ₹2,395 करोड़ की राहत

शिमला। लंबे समय से वित्तीय चुनौतियों का सामना कर रहे हिमाचल प्रदेश को केंद्र सरकार से बड़ी राहत मिली है। राजस्व घाटा अनुदान (Revenue Deficit Grant-RDG) बंद होने के बाद राज्य की आर्थिक स्थिति पर बढ़े दबाव के बीच केंद्र सरकार की ‘प्राइड ऑफ हिल्स’ विशेष वित्तीय सहायता योजना के तहत पहली किश्त के रूप में ₹2,395 करोड़ की अनटाइड ग्रांट जारी कर दी गई है। यह राशि राज्य सरकार के लिए ऐसे समय में आई है, जब विकास परियोजनाओं, कर्मचारियों के वेतन, सामाजिक कल्याण योजनाओं और बुनियादी ढांचे पर बढ़ते खर्च के कारण वित्तीय प्रबंधन एक बड़ी चुनौती बना…

हिमाचल में भांग उद्योग के लिए नया नियामक ढांचा तैयार: ₹100 करोड़ निवेश अनिवार्य, खेती से निर्माण तक लाइसेंस व्यवस्था लागू

हिमाचल प्रदेश सरकार ने औद्योगिक भांग (कैनबिस) से जुड़े कारोबार को नियंत्रित और व्यवस्थित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए हिमाचल प्रदेश स्वापक औषधि एवं मनःप्रभावी पदार्थ आदेश, 2026 के तहत विस्तृत नियमावली लागू कर दी है। नई व्यवस्था के तहत भांग की खेती, भंडारण, प्रसंस्करण, विनिर्माण, अनुसंधान, परिवहन और संबंधित व्यावसायिक गतिविधियों के लिए अलग-अलग लाइसेंस और परमिट की व्यवस्था की गई है। सरकार का उद्देश्य इस क्षेत्र में निवेश आकर्षित करने के साथ-साथ कानूनी निगरानी और पारदर्शिता सुनिश्चित करना है। नई अधिसूचना के अनुसार अब राज्य में कोई भी व्यक्ति, संस्था, किसान उत्पादक संगठन (एफपीओ), स्वयं…

हिमाचल में जल उपकर की राह में कानूनी अड़चन, करोड़ों की कमाई का सपना अटका; राज्य जल आयोग के भविष्य पर सरकार जल्द लेगी फैसला

शिमला: हिमाचल प्रदेश सरकार की जल संसाधनों से अतिरिक्त राजस्व जुटाने की महत्वाकांक्षी योजना फिलहाल कानूनी उलझनों में फंसी हुई है। इसी के साथ राज्य जल आयोग (स्टेट वाटर कमीशन) के भविष्य को लेकर भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। आयोग के अध्यक्ष और दोनों सदस्यों का कार्यकाल आगामी 11 अगस्त को समाप्त होने जा रहा है, ऐसे में सरकार के सामने सबसे बड़ा सवाल यह है कि आयोग का पुनर्गठन किया जाए या फिर न्यायालय में लंबित मामले के निपटारे तक नई नियुक्तियों को टाल दिया जाए। इस संबंध में जलशक्ति विभाग ने पूरी फाइल मुख्यमंत्री कार्यालय को…

हिमाचल कैबिनेट की आज अहम बैठक, रोजगार, बागवानों की राहत और मानसून सत्र समेत कई बड़े फैसलों पर रहेगी नजर

शिमला। हिमाचल प्रदेश सरकार की सोमवार को होने वाली मंत्रिमंडल बैठक कई महत्वपूर्ण फैसलों के कारण सुर्खियों में है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में 50 से अधिक एजेंडा आइटम पर चर्चा होगी। सरकार प्रशासनिक कामकाज, रोजगार, बागवानी, शिक्षा और प्रदेश की आर्थिक स्थिति से जुड़े कई अहम प्रस्तावों पर अंतिम फैसला ले सकती है। खास बात यह है कि बैठक से बेरोजगार युवाओं, सेब उत्पादक बागवानों और सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू चंडीगढ़ से शिमला लौट…

HRTC को घाटे से निकालने की नई रणनीति, निजी ऑपरेटरों के साथ चलेगी बसें; दिल्ली-चंडीगढ़ समेत अंतरराज्यीय रूट होंगे शामिल

शिमला: करीब 2,200 करोड़ रुपये के वित्तीय घाटे का सामना कर रहे हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) ने अपनी आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए नई रणनीति पर काम शुरू कर दिया है। निगम अब लंबे समय से घाटे में चल रहे अंतरराज्यीय बस रूटों पर वेट लीज (Wet Lease) मॉडल लागू करने की तैयारी कर रहा है। यदि इस योजना को अंतिम मंजूरी मिलती है तो दिल्ली, चंडीगढ़, अंबाला, पंजाब और अन्य राज्यों के लिए संचालित कई बस सेवाएं नए मॉडल के तहत संचालित की जाएंगी। इस प्रस्ताव पर हाल ही में उपमुख्यमंत्री एवं परिवहन मंत्री मुकेश अग्निहोत्री की…

सेब बागवानों को सुक्खू सरकार का बड़ा तोहफा, ₹45 करोड़ जारी; डिजिटल सिस्टम से होगी खरीद और सीधे खाते में पहुंचेगा भुगतान

शिमला: हिमाचल प्रदेश में सेब सीजन शुरू होने से पहले राज्य सरकार ने बागवानों के लिए कई महत्वपूर्ण फैसलों की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने शुक्रवार को शिमला में बागवानी विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की, जिसमें सेब खरीद व्यवस्था, मंडी मध्यस्थता योजना (MIS) के तहत लंबित भुगतान, आगामी खरीद सीजन की तैयारियों, डिजिटल प्लेटफॉर्म के विस्तार और बागवानों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने सेब उत्पादकों के लंबित भुगतान के लिए 45 करोड़ रुपये जारी करने की घोषणा…

स्टील की बोतल योजना ने खोली शिक्षा विभाग की तैयारी की पोल, सरकारी स्कूलों में छात्रों की संख्या पर तीन अलग-अलग रिपोर्टें

शिमला: हिमाचल प्रदेश सरकार की सरकारी स्कूलों के विद्यार्थियों को नि:शुल्क स्टील की पानी की बोतलें उपलब्ध कराने की योजना के दौरान शिक्षा विभाग के रिकॉर्ड में बड़ा अंतर सामने आया है। विद्यार्थियों की वास्तविक संख्या को लेकर अलग-अलग स्तरों से तीन अलग-अलग आंकड़े सामने आने के बाद विभाग को पूरे प्रदेश में छात्र नामांकन का दोबारा सत्यापन कराना पड़ा। कई दौर की जांच और जिलों से संशोधित रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद करीब 7.37 लाख विद्यार्थियों की अंतिम संख्या तय की गई, जिसके आधार पर अब स्टील की बोतलों की खरीद और वितरण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। यह…

हिमाचल के बीपीएल परिवारों के लिए जरूरी सूचना: 300 यूनिट मुफ्त बिजली का लाभ लेने से पहले पूरा करें यह आवश्यक सत्यापन, जानें कौन-कौन से दस्तावेज होंगे जरूरी

शिमला: हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा बीपीएल (गरीबी रेखा से नीचे) परिवारों को हर महीने 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली उपलब्ध कराने की घोषणा के बाद राज्य विद्युत बोर्ड ने पात्र उपभोक्ताओं के लिए महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि इस योजना का लाभ केवल उन्हीं उपभोक्ताओं को मिलेगा जो निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार अपने दस्तावेज संबंधित बिजली कार्यालय में जमा कराकर पात्रता का सत्यापन पूरा करेंगे। विद्युत बोर्ड के अनुसार, बड़ी संख्या में ऐसे उपभोक्ता हैं जो योजना के लिए पात्र होने के बावजूद अब तक आवश्यक दस्तावेज जमा नहीं करा पाए हैं। ऐसे परिवारों…

किशाऊ के बाद BBMB और शानन पर हिमाचल का दावा तेज, CM सुक्खू बोले- प्रदेश के अधिकारों से अब नहीं होगा कोई समझौता

हिमाचल प्रदेश सरकार ने किशाऊ बहुउद्देशीय बांध परियोजना में अपने हितों को सुरक्षित करने के बाद अब भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (BBMB) से जुड़े वित्तीय अधिकारों और शानन जलविद्युत परियोजना के मुद्दे पर भी आक्रामक रणनीति अपनाने के संकेत दिए हैं। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि प्रदेश सरकार अब अपने वैधानिक अधिकारों को हर हाल में हासिल करेगी और वर्षों से लंबित मामलों को निर्णायक मोड़ तक पहुंचाने के लिए कानूनी, प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर हर संभव प्रयास किए जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि किशाऊ बांध परियोजना से जुड़े हालिया घटनाक्रम ने यह साबित…

महंगाई के बीच बुजुर्गों को राहत दिलाने की पहल, हिमाचल ने केंद्र से बढ़ी पेंशन राशि की मांग; 1.16 लाख लाभार्थियों पर रहेगा असर

हिमाचल प्रदेश सरकार ने आर्थिक रूप से कमजोर वरिष्ठ नागरिकों को मिलने वाली वृद्धावस्था पेंशन को लेकर केंद्र सरकार के समक्ष महत्वपूर्ण प्रस्ताव रखा है। राज्य सरकार ने राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (National Social Assistance Programme – NSAP) के तहत केंद्र सरकार द्वारा दी जाने वाली पेंशन सहायता राशि में वृद्धि की मांग की है। सरकार का कहना है कि वर्तमान केंद्रीय सहायता पिछले कई वर्षों से अपरिवर्तित है, जबकि इस दौरान महंगाई, स्वास्थ्य सेवाओं की लागत और दैनिक जीवन-यापन का खर्च लगातार बढ़ा है। ऐसे में मौजूदा सहायता राशि आज की आर्थिक परिस्थितियों के अनुरूप पर्याप्त नहीं रह गई…

हिमाचल में उद्योगों को मिलेगी नई रफ्तार, निवेश आकर्षित करने के लिए सरकार लाएगी व्यापक औद्योगिक नीति

हिमाचल प्रदेश सरकार राज्य को औद्योगिक निवेश का नया केंद्र बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है। उद्योगों के विस्तार, निवेशकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने के उद्देश्य से सरकार जल्द ही नई औद्योगिक नीति लागू करने की तैयारी में है। इस नीति के माध्यम से प्रदेश में उद्योग स्थापित करने की प्रक्रिया को अधिक सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनाया जाएगा, ताकि घरेलू और बाहरी निवेशकों का विश्वास मजबूत हो सके। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने उद्योग विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा…

हिमाचल की कानून-व्यवस्था से लेकर विकास कार्यों तक, कंगना रनौत ने सुक्खू सरकार को कई मोर्चों पर घेरा; बोलीं- ‘अफसर भी नहीं सुन रहे’

हिमाचल प्रदेश में बढ़ती आपराधिक घटनाओं, कानून-व्यवस्था की स्थिति और विकास कार्यों की रफ्तार को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सांसद कंगना रनौत ने राज्य की कांग्रेस सरकार पर तीखा हमला बोला। कुल्लू जिले के चंसारी में आयोजित एक जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश में जिस तरह की घटनाएं सामने आ रही हैं, उन्होंने हिमाचल की वर्षों पुरानी शांत और सुरक्षित छवि पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने और प्रशासनिक व्यवस्था को प्रभावी बनाने में असफल साबित हो रही है। कंगना रनौत ने अपने संबोधन…

हिमाचल में शिक्षा व्यवस्था को मिलेगा हाईटेक स्वरूप, AI यूनिवर्सिटी की तैयारी; स्कूलों की ऑनलाइन मॉनिटरिंग और 3,468 शिक्षकों की भर्ती पर जोर

शिमला: हिमाचल प्रदेश सरकार शिक्षा क्षेत्र में बड़े बदलावों की दिशा में तेजी से कदम बढ़ा रही है। राज्य में आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षा व्यवस्था विकसित करने के उद्देश्य से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) यूनिवर्सिटी स्थापित करने की संभावनाओं पर काम शुरू कर दिया गया है। इसके साथ ही सरकारी स्कूलों की निगरानी को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए जम्मू-कश्मीर में लागू डिजिटल निरीक्षण प्रणाली को अपनाने की तैयारी भी की जा रही है। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने बुधवार को राज्य सचिवालय में आयोजित शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में विभागीय अधिकारियों को इस दिशा में आवश्यक…

गरीब परिवारों के लिए सुक्खू सरकार की नई पहल, 15 अगस्त से शुरू होगी ‘अपना सुखी परिवार योजना’

शिमला: हिमाचल प्रदेश सरकार स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राज्य के आर्थिक रूप से सबसे कमजोर परिवारों के लिए एक नई कल्याणकारी पहल शुरू करने की तैयारी में जुटी है। सरकार की प्रस्तावित मुख्यमंत्री अपना सुखी परिवार योजना को 15 अगस्त से लागू करने की योजना बनाई जा रही है। इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत प्रदेश के लगभग 1.32 लाख जरूरतमंद परिवारों को सामाजिक सुरक्षा, आर्थिक सहायता और बुनियादी सुविधाओं का लाभ एक ही मंच पर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा गया है। सरकारी सूत्रों के अनुसार, योजना का औपचारिक शुभारंभ कराने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव…

शिमला बनेगा राष्ट्रीय विमर्श का केंद्र: सरदार पटेल की विरासत पर तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन, उपराष्ट्रपति करेंगे शुभारंभ

शिमला: हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला एक बार फिर राष्ट्रीय बौद्धिक विमर्श का केंद्र बनने जा रही है। भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान (इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड स्टडी) में 10 से 12 जुलाई तक ‘सरदार पटेल की दृष्टि: एकीकरण, एकात्मता और संघवाद’ विषय पर तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी आयोजित की जाएगी। इस प्रतिष्ठित आयोजन का उद्घाटन भारत के उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन करेंगे। कार्यक्रम में देश-विदेश के विश्वविद्यालयों, शोध संस्थानों और नीति विशेषज्ञों की भागीदारी रहेगी, जहां आधुनिक भारत के निर्माण में सरदार वल्लभभाई पटेल के योगदान पर विस्तृत चर्चा होगी। संगोष्ठी का उद्देश्य केवल इतिहास को दोहराना नहीं, बल्कि सरदार पटेल…

हिमाचल कैबिनेट की 20 जुलाई को अहम बैठक, सीबीएसई स्कूलों में शिक्षक भर्ती, डिजिटल मीडिया नीति और रिक्त पदों पर हो सकते हैं बड़े फैसले

हिमाचल प्रदेश सरकार ने 20 जुलाई को राज्य मंत्रिमंडल की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित करने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक को राज्य की शिक्षा व्यवस्था, रोजगार, प्रशासनिक सुधार और डिजिटल मीडिया से जुड़े कई अहम मुद्दों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। विभिन्न विभागों से जुड़े प्रस्तावों पर विचार किए जाने की संभावना है, जिनमें सरकारी स्कूलों के लिए नई शिक्षक भर्ती व्यवस्था, रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया, डिजिटल मीडिया के नियमन से संबंधित नीति और बजट घोषणाओं के क्रियान्वयन जैसे विषय प्रमुख हो सकते हैं। हालांकि बैठक का…

दिल्ली में भाजपा की रणनीतिक बैठकों का दौर, जयराम ठाकुर ने शीर्ष नेतृत्व से की हिमाचल और संगठन पर विस्तृत चर्चा

नई दिल्ली/शिमला: हिमाचल प्रदेश की राजनीति के बीच नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का नई दिल्ली दौरा राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बना हुआ है। इस दौरान उन्होंने भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ केंद्रीय नेताओं से अलग-अलग मुलाकात कर प्रदेश से जुड़े विकासात्मक, संगठनात्मक और राजनीतिक मुद्दों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया। भाजपा के शीर्ष नेतृत्व के साथ हुई इन बैठकों को आगामी राजनीतिक गतिविधियों और संगठन की रणनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सूत्रों के अनुसार, जयराम ठाकुर ने केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह से…

हिमाचल में अनुकंपा नियुक्ति को लेकर नई पहल, पुराने अस्वीकृत मामलों की फिर होगी समीक्षा; 31 दिसंबर तक आवेदन का अवसर

हिमाचल प्रदेश सरकार ने सरकारी सेवा के दौरान दिवंगत कर्मचारियों के आश्रितों को राहत देते हुए अनुकंपा नियुक्ति से जुड़े वर्षों पुराने मामलों की दोबारा समीक्षा करने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। सरकार ने एक विशेष एकमुश्त व्यवस्था के तहत उन आवेदनों को पुनः विचार के लिए स्वीकार करने का फैसला किया है, जिन्हें पहले केवल परिवार की आर्थिक स्थिति (इंडिजेंसी) पर्याप्त रूप से कमजोर नहीं माने जाने के आधार पर अस्वीकार कर दिया गया था। राज्य सरकार के इस फैसले से ऐसे अनेक परिवारों को नई उम्मीद मिली है, जो लंबे समय से अनुकंपा नियुक्ति के लिए पुनर्विचार की…